बाल मजदूरी रोकने गए एसडीएम से व्यापारियों ने की बदसलूकी
शामली। नाबालिग बच्चों पर दुकानों व फैक्ट्रियों में कार्य करने की शिकायतों के बाद जिलाधिकारी के आदेश पर गठित टीम के अधिकारियों द्वारा एक फैक्ट्री से नाबालिग बच्चे को हिरासत में लिये जाने से व्यापारियों ने हंगामा खड़ा कर दिया। व्यापारियों द्वारा एसडीएम के साथ अभद्र व्यावहार करने की सूचना पर पहुंची कोतवाली पुलिस ने फैक्ट्री मालिक को हिरासत में लिया, लेकिन बाद में व्यापारियों द्वारा मांफी मांगे जाने पर व्यापारी को छोड़ दिया गया। एसडीएम सदर ने मामले में जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिये हैं।

बाल अधिकार संरक्षण के लिए राष्ट्रीय आयोग (एनसीपीसीआर) सार्वभौमिकता और बाल अधिकारों की पवित्रता के सिद्धांत पर राष्ट्रीय बाल अधिकार संरक्षण जोर देता है और बच्चों से बालश्रम न कराये जाने इसके लिए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश के प्रत्येक जनपद में एक समिति गठित कर बालश्रम कराने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिये हैं जिसका उद्देश्य 0 से 18 वर्ष आयु समूह के सभी बच्चों की सुरक्षा को समान महत्व देना है।
दरअसल मामला जनपद शामली के सदर कोतवाल क्षेत्र के फव्वारा चौक स्तिथ एक फैक्ट्री का है। शामली में लगातार बाल मजदूरी की शिकायत मिलने पर एस डी एम. सदर शामली नें श्रम विभाग की टीम को साथ लेकर शहर की एक फैक्ट्री में छापेमारी की। छापे मारी के दौरान फैक्ट्री में एक नाबालिग काम करता पाया गया गया। छापेमारी की सूचना पर सभी व्यापारी और व्यापारी नेता मौके पर इकठ्ठा हो गए और छापेमारी के विरोध करते हुए, एस.डी.एम के साथ गाली गलौच करते हुए बदसलूकी कर डाली। इतना ही नहीं जब एस डी एम ने वहां से निकलना चाहा तो व्यापारियों ने घेराव कर एस.डी.एम के साथ जमकर बदतमीजी की।
सूचना पर पहुंची पुलिस ने व्यापारियों को समझने का प्रयास किया। जिसमें व्यापारी बदतमीजी पर उतारू हो गये। और पुलिस के साथ भी बदतमीजी करने लगे इस पर सी ओ सिटी और कोतवाल शामली ने व्यापार मंडल के नगर अध्यक्ष को पकड़कर ले थाने ले गई। व्यापारी को हिरासत में लेने को लेकर व्यापारी इकट्ठा होकर कोतवाली पहुँचे और जमकर हंगामा प्रदर्शन कर पुलिस पर हठधर्मिता करने का आरोप लगाया।












Click it and Unblock the Notifications