भारत का अब तक का सबसे बड़ा राजनीतिक पोल. क्या आपने भाग लिया?
  • search

खसरा बना गांव का अभिशाप, 40 बच्चे बीमार लेकिन लापरवाह स्वास्थ्य विभाग

By Gaurav Dwivedi
Subscribe to Oneindia Hindi
For Quick Alerts
ALLOW NOTIFICATIONS
For Daily Alerts

    बहराइच। बहराइच के अचैलिया और नौव्वनपुरवा गांव में खसरा फैला हुआ है। यहां करीब-करीब 40 बच्चे बीमार हैं। ग्रामीणों के मुताबिक बच्चों को बुखार के साथ उनके शरीर पर छोटे-छोटे लाल दाने निकल आए हैं। एएनएम व आशा कार्यकर्ताओं को ग्रामीणों ने सूचित किया था लेकिन स्वास्थ्य विभाग मामले से अभी भी अंजान बना हुआ है, जिससे ग्रामीणों में गुस्सा है। मौसम परिवर्तन के कारण तराई में खसरे का प्रकोप फैलने लगा है। फखरपुर ब्लॉक के ग्राम पंचायत अचैलिया के मजरा बसहिया में कैलाश केवट के बेटे संतोष (8) को चार दिन पहले बुखार की शिकायत हुई। स्थानीय डॉक्टर से इलाज कराया गया, लेकिन सेहत में सुधार नहीं आया है। गुरुवार को उसके शरीर पर छोटे-छोटे लाल दाने निकल आए हैं। इसी तरह गोल्डी (2), हरि ओम (5), आरती (5), मानशी (2), अरविंद (7) और कई बच्चे खसरे से बीमार हैं।

    Measles become curse of a village in Bahraich, 40 children ill

    ग्रामीणों के मुताबिक अधिकतर घरों में खसरा फैला हुआ है। इसी ग्राम पंचायत के नौव्वनपुरवा गांव में 18 से ज्यादा बच्चे खसरे की चपेट में हैं। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में फैले खसरे के कारण करीब 40 बच्चे बीमार है। इसकी जानकारी स्वास्थ्य विभाग को दी गई है लेकिन अभी तक स्वास्थ्य महकमे ने कोई जांच टीम गांव नहीं भेजी है।

    मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. एके पांडेय ने बताया कि खसरा फैलने की जानकारी नहीं है। फिलहाल टीम भेजकर जांच कराई जाएगी। दवा का वितरण होगा। इस बाबत फखरपुर पीएचसी अधीक्षक डॉ. प्रत्यूष सिंह से रिपोर्ट मांगी जाएगी।

    Read more: शराब पीकर दुल्हन लेने पहुंचा दूल्हा, मंडप में गिरा तो लौटना पड़ा खाली हाथ

    जीवनसंगी की तलाश है? भारत मैट्रिमोनी पर रजिस्टर करें - निःशुल्क रजिस्ट्रेशन!

    देश-दुनिया की ताज़ा ख़बरों से अपडेट रहने के लिए Oneindia Hindi के फेसबुक पेज को लाइक करें
    English summary
    Measles become curse of a village in Bahraich, 40 children ill

    Oneindia की ब्रेकिंग न्यूज़ पाने के लिए
    पाएं न्यूज़ अपडेट्स पूरे दिन.

    X
    We use cookies to ensure that we give you the best experience on our website. This includes cookies from third party social media websites and ad networks. Such third party cookies may track your use on Oneindia sites for better rendering. Our partners use cookies to ensure we show you advertising that is relevant to you. If you continue without changing your settings, we'll assume that you are happy to receive all cookies on Oneindia website. However, you can change your cookie settings at any time. Learn more