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कैराना में भाजपा के लिए भारी पड़ा सीएम योगी का ये बयान, RLD को मिला डबल फायदा

By Dharmender Kumar
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    नई दिल्ली। पश्चिम यूपी की बहुचर्चित सीट कैराना पर विपक्ष की एकजुटता के सामने भाजपा को हार का मुंह देखना पड़ा। कैराना में सपा-बसपा और कांग्रेस के समर्थन के साथ आरएलडी के टिकट पर चुनाव मैदान में उतरी तबस्सुम हसन ने भाजपा प्रत्याशी मृगांका सिंह को करीब 45 हजार वोटों के अंतर से मात दी है। फूलपुर और गोरखपुर जैसी बड़ी सीटें गंवाने के बाद कैराना में हार से जहां भाजपा खेमे में मायूसी का माहौल है, वहीं सियासी गलियारों में चर्चा है कि कैराना में आयोजित एक जनसभा में सीएम योगी आदित्यनाथ का एक भाषण भाजपा की हार का बड़ा कारण बना।

    क्या था सीएम योगी का वो बयान?

    क्या था सीएम योगी का वो बयान?

    फूलपुर और गोरखपुर में हार के बाद कैराना की सीट बचाने के लिए सीएम योगी आदित्यनाथ ने वहां जनसभाएं कर विपक्षी दलों पर जमकर हमला बोला। इसी दौरान शामली में आयोजित अपनी आखिरी चुनावी रैली में सीएम योगी ने विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा, 'कैराना में आज बाप-बेटे अपना अस्तित्व बचाने के लिए वोटों की भीख मांग रहे हैं।' इस बयान का इशारा आरएलडी प्रमुख चौधरी अजीत सिंह और उनके बेटे जयंत चौधरी की तरफ था। सीएम योगी आदित्यनाथ के इस बयान से जाटों में गलत मैसेज गया।

    और बदल गए कैराना के समीकरण

    और बदल गए कैराना के समीकरण

    जाटों को यह बात सही नहीं लगी कि एक गैर बिरादरी का व्यक्ति जाटों के नेता के बारे में इस तरह की भाषा का इस्तेमाल करे। दरअसल, कैराना में बड़ी संख्या में जाट वोटर हैं, जिन्होंने मुजफ्फरनगर दंगों के बाद 2014 के लोकसभा चुनाव और 2017 के यूपी विधानसभा चुनाव में भाजपा को एकतरफा समर्थन दिया था। इस बयान से जहां जाट भाजपा से नाराज हुए, वहीं अजीत सिंह और जयंत चौधरी के प्रति सहानुभूति पैदा हुई और समीकरण भाजपा के खिलाफ हो गए। सियासी जानकारों का कहना है कि कैराना उपचुनाव में सीएम योगी का यही बयान भाजपा की हार का एक बड़ा कारण बना।

    आरएलडी के लिए क्यों खास है कैराना?

    आरएलडी के लिए क्यों खास है कैराना?

    आपको बता दें कि कैराना सीट आरएलडी का पुराना गढ़ रही है। 2014 और 2009 के लोकसभा चुनाव से पहले कैराना सीट पर लगातार 10 साल तक आरएलडी का कब्जा रहा। जाटों के सर्वमान्य नेता चौधरी चरण सिंह की पत्नी गायत्री देवी भी कैराना से सांसद रह चुकी हैं। इस बार इस सीट से खुद चौधरी अजीत सिंह के बेटे जयंत चौधरी चुनाव लड़ना चाहते थे, लेकिन जब बात नहीं बनी तो उन्होंने आरएलडी प्रत्याशी को जिताने के लिए अपना पूरा दमखम लगा दिया।

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    English summary
    Kairana Bypoll Results 2018: UP CM Yogi Adityanath Speech Shamli Rally Ajit Singh Jayant Chaudhary.

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