Women's Day 2025: गोरखपुर की 'डिब्बे वाली दीदी ' कैसे महिलाओं को बना रहीं आत्मनिर्भर? देखें VIDEO
International Women's Day 2025 Gorakhpur Sangita Pandey News: देश की महिलाओं ने हर क्षेत्र में अपनी क्षमता का लोहा मनवाया है। बात समंदर से सरहद की हो या फिर धरती से अंतरिक्ष के सफर की। हर जगह महिलाओं ने अपनी काबिलियत दिखाई है। वैसे तो पूरे साल महिलाओं की चर्चा होती है लेकिन 8 मार्च जो अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के रूप में मनाया जाता है, ऐसे में महिलाओं की क्षमता की एक बार और चर्चा और सराहना तो बनती है। अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के अवसर पर हम बात करेंगे मुख्यमंत्री योगी के शहर गोरखपुर की रहने वाली महिला उद्यमी संगीता पांडेय की। जिन्होंने बिना संसाधन के, बिना किसी के सपोर्ट के खुद को ऊंचाइयों तक पहुंचाया। इतना ही नहीं संगीता पांडेय खुद तो आत्मनिर्भर बनीं ही, उन्होंने हजारों महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का काम किया। वन इंडिया हिंदी रिपोर्टर पुनीत श्रीवास्तव ने महिला उद्यमी संगीता पांडेय से खास बातचीत की और उनके उद्योग के बारे में कई महत्वपूर्ण जानकारी हासिल की।
मिठाई के डिब्बे बनाने का है कारोबार
संगीता पांडेय बताती हैं कि मैने 10 वर्ष पूर्व एक छोटे से कमरे से मिठाई के डिब्बे बनाने का काम शुरू किया था। संसाधनों का अभाव था लेकिन मैने हिम्मत नहीं हारी। कड़े संघर्षों के बाद मेरा व्यवसाय बढ़ने लगा। दुकानों से डिब्बों के ऑर्डर मिलने शुरू हो गए।

सैकड़ों महिलाएं करती हैं काम
उन्होंने बताया कि वर्तमान समय में सैकड़ों महिलाएं काम करती है। हजारों महिलाएं मेरे इस उद्योग से जुड़कर आत्म निर्भर बनी है।
घर पर दिया रोजगार
सुनीता पांडेय कहती हैं कि मेरे पास ऑर्डर पर्याप्त है। गोदाम में बनने के साथ साथ मैने बहुत सी महिलाओं को अपना ऑर्डर दे दिया है। वे मुझे अपने घर से ही मिठाई के डिब्बे बनकर देती है और मैं उन्हें उनका पारिश्रमिक देती हूं।
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— punit kumar srivasta (@punitkumarsriv1) March 6, 2025

इतने डिब्बों की होती है पैकिंग
उन्होंने बताया कि यहां कई तरह के डिब्बे तैयार किए जाते है। कुछ डिब्बों में तो बहुत समय लग जाता है। अगर नॉर्मल डिब्बों की बात करे तो एक महिला एक दिन में 2 हजार डिब्बे तैयार कर देती है।
महिलाएं जागरूक हुई हैं
उन्होंने कहा कि आज योगी जी की सरकार में महिलाएं जागरूक हुई है। वो कुछ अच्छा नया करना चाहती है। वो बाहर निकलकर काम कर ले रही है। उन्हें किसी तरह का कोई डर नहीं है।

नेपाल भी जाता है डिब्बा
उन्होंने बताया कि मेरा डिब्बा उत्तर प्रदेश, बिहार के साथ साथ नेपाल भी जाता है। उत्तर प्रदेश के महराजगंज, देवरिया, कुशीनगर, बस्ती, संतकबीरनगर, सिद्धार्थनगर, गोंडा, टांडा, अयोध्या सहित अन्य कई जगहों पर जाता है। उन्होंने कहा नेपाल के कई जिलों में मेरे डिब्बों की सप्लाई होती है।
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महिलाओं से की अपील
उन्होंने कहा कि महिलाओं को आगे आकर अपनी ब्रांडिंग खुद करनी होगी। खुद पर भरोसा रखते हुए कठिन परिश्रम करना होगा। सफलता अवश्य मिलेगी।












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