Agra News: आगरा में स्थापित होगा अंतराष्ट्रीय आलू केंद्र, होंगे ये बड़े फायदे, यहां है सर्वाधिक पैदावार
CIP In Agra Latest News Hindi Uttar Pradesh: उत्तर प्रदेश के किसानों के लिए अच्छी खबर है। खासकर उन किसानों के लिए जो आलू की खेती करते हैं। जल्द ही आगरा में अंतराष्ट्रीय आलू केंद्र की स्थापना की जाएगी। इसका लाभ पूरे दक्षिण एशिया के देशों को मिलेगा। यह केंद्र आगरा के सिंगना ने स्थापित होगा। योगी सरकार पहले ही इसके लिए 10 एकड़ जमीन दे चुकी है। 25 जून 2025 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अगुआई में हुई केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में इसके लिए 111.50 करोड़ रुपए की मंजूरी दी गई। पेरू की राजधानी स्थित CIP के लिए आगरा का यह केंद्र दक्षिण एशिया के क्षेत्रीय केंद्र के रूप में काम करेगा।
इस केंद्र में अधिक उपज देने वाली अलग अलग कृषि जलवायु क्षेत्र (एग्रो क्लाइमेट जोन) के लिए आलू की विविध प्रजातियों का विकास किया जाएगा। ये प्रजातियां रोगों एवं कीटों के प्रति प्रतिरोधी होंगी। फोर्टीफाइड कर पोषण के लिहाज से भी इनको और संपन्न बनाया जाएगा। वैश्विक स्तर के इस केंद्र में होने वाले शोध और इन्नोवेशन का लाभ सिर्फ आलू को ही नहीं अन्य कंद वर्गीय सब्जियों को भी मिलेगा।

आलू के उत्पादन के मामले में उत्तर प्रदेश देश में नंबर वन है। देश की कुल उपज का एक तिहाई से अधिक करीब (35 फीसद) यूपी में पैदा होता है। उपज भी देश की प्रति हेक्टेयर औसत से अधिक करीब 23 से 25 टन है। उपज और बढ़ने की पूरी संभावना है। इसमें दिक्कत बस आलू के क्षेत्र में प्रदेश के कृषि जलवायु क्षेत्र के अनुसार शोध और नवाचार की कमी और जो शोध हो रहे हैं। उनको किसानों तक पहुंचाने की रही है।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश के करीब आधा दर्जन मंडलों में शामिल जिलों में प्रदेश के 75 फीसद आलू का उत्पादन होता है। ये मंडल हैं। मेरठ, अलीगढ़, आगरा, कानपुर, मुरादाबाद और, बरेली। मंडल मुख्यालयों को शामिल कर इनमें फिरोजाबाद, हाथरस, कन्नौज, फर्रुखाबाद, इटावा, मथुरा, मैनपुरी और बदायूं जैसे जिले आलू उत्पादन में खासी भागीदारी रखते हैं। आगरा उत्पादक जिलों के केंद्र में पड़ता है। ऐसे में यहां अंतरराष्ट्रीय आलू अनुसंधान केंद्र खुलने से उत्पादक किसानों को बहुत लाभ होगा।












Click it and Unblock the Notifications