आम आदमी पार्टी के मंच से शत्रुघ्न सिन्हा का ऐलान, 'हां मैं बागी हूं'
वाराणसी। बीजेपी के बागी नेता शत्रुघ्रन सिन्हा ने खुलेआम कह दिया कि हां मैं बागी हूं। इसके लिए उन्होंने आम आदमी पार्टी के मंच का इस्तेमाल किया और जगह पीएम मोदी का संसदीय क्षेत्र। वाराणसी में हुए इस कार्यक्रम में उन्होंने मोदी को खासतौर पर निशाने पर लिया। बीजेपी के बागी सांसद शत्रुघ्न सिन्हा ने आपातकाल की बरसी पर केंद्र सरकार को जमकर कोसा। मोदी सरकार पर व्यंग कसते हुए शत्रुघ्न ने कहा कि बीजेपी में हूँ तब तक वफादारी निभा रहा हूँ।

उन्होंने कहा कि मैं किसी व्यक्ति विशेष पर नहीं सिस्टम को टारगेट करता हूँ। विपक्षी हमारे दुश्मन नहीं , हमारे समाज का हिस्सा है। आज की तारीख 44 साल पहले कामयत की तारीख थी। उस एमरजेंसी को हमने एक जुट होकर लड़ा और चुनाव में सत्ता परिवर्तन हो गया। लेकिन व्यवस्था परिवर्तन नहीं हुआ।
फिर जनता पार्टी का फिर सत्ता परिवर्तन हो गया। लेकिन व्यवस्था परिवर्तन में आज तक भटक रहे हैं। ऐसी व्यवस्था होनी चाहिए जो अच्छे काम की कोशिश करे। हमारी सरकार होने के बावजूद किसान और दलित खुश नहीं है। आत्महत्या कर रहे हैं। रोजगार के नाम पर हमनें ट्रोल करने वालों को काम दिया है। मेरा सच कहना बगावत है तो समझो मैं भी बागी हूँ।
अरविंद केजरीवाल देश के सबसे अच्छे नेता
बीजेपी में रहते हुए भी बीजेपी सांसद ने आप के नेता और दिल्ली के मुख्यमंत्री के बारे में खुले मंच से कहा कि देश का सबसे अच्छा नेता कोई है तो अरविंद केजरीवाल है। इसमे कोई शक नही है। मजदूर, दलित, किसान के हालात पर शत्रुघ्न सिन्हा खफा दिखे। यही नही मोदी को निशाने पर लेटे हुए बोले कि ये लोकशाही नही तानाशाही है। नोटबन्दी के खिलाफ बोलते हुए कहा कि 150 लोग से ज्यादा लोग नोटबन्दी से मारे गए। मीडिया में धन शक्ति का प्रभाव दिखता है। करोड़ो नोट सहकारी बैंक में बदले गए अभी खबर आ रहा है।
मैंने बगावत देश के लिए किया
आम आदमी पार्टी की तारीफ करते हुए बीजेपी के शत्रु ने कहा नीम का करेला नहीं सोने पर सुहागा है। आज चुनाव की घड़ी में, एकता का परिणाम उपचुनाव में देखा है। बड़े नेता प्रलोभन देंगे। नदी न होते भी पुल बनाने का वादा करेंगे। साथ ही साथ पीएम पर तंज कसते हुए बोले कि गंगा कहां से कहां तक चली गई है।
गंगा छूट गई है और रूठ गई है, भले ही किसी पार्टी का हूँ लेकिन सबसे पहले भारत की जनता का हूँ यही नहीं मैं बगावत नही देश हित मे बात करता हूँ। मुझे किसी से कुछ दुश्मनी नही और किसी का खामखा स्तुति गान नही करता । मंत्री बनना हमारी महत्वाकांक्षा नही हम सन्तरी बन जाए यही इच्छा है।
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