मुझे आश्चर्य है कि श्रेयस और ईशान.., क्रिकेटर्स का सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट खत्म होने पर गांगुली ने दिया बड़ा बयान
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड ने बुधवार को 2023-24 सीजन के लिए टीम इंडिया के लिए एनुअल प्लेयर कॉन्ट्रैक्ट की घोषणा की। लिस्ट से भारतीय क्रिकेट टीम की स्टार जोड़ी श्रेयस अय्यर और ईशान किशन के गायब होने पर सिर्फ फैंस ही नहीं बल्कि टीम इंडिया के पूर्व दिग्गज भी हैरान हैं।
भारत के पूर्व कप्तान सौरव गांगुली ने कहा कि भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) ने ईशान किशन और श्रेयस अय्यर के सेंट्रल कॉन्ट्रैक्ट को समाप्त करके सही निर्णय लिया है। दोनों खिलाड़ियों को 2024 के लिए बीसीसीआई की लेटेस्ट कॉन्ट्रैक्ट रिटेंशन लिस्ट में शामिल नहीं किया गया था।

एक बड़े फैसले में बीसीसीआई ने अय्यर और किशन को एनुअल रिटेंशन कॉन्ट्रैक्ट लिस्ट से बाहर कर दिया, जबकि ये दोनों पिछले साल भारत के एकदिवसीय विश्व कप अभियान में शामिल थे। किशन ने आखिरी बार नवंबर 2023 में भारत के लिए खेला था जबकि अय्यर विजाग में इंग्लैंड के खिलाफ अपने दूसरे टेस्ट में राष्ट्रीय टीम के लिए उतरे थे।
रेवस्पोर्ट्स से बात करते हुए गांगुली ने कहा कि किशन और अय्यर पर बीसीसीआई का फैसला सही था, उन्होंने जोर देकर कहा कि अनुबंधित खिलाड़ियों के खेलने की उम्मीद है। अय्यर ग्रेड बी अनुबंध का हिस्सा थे जबकि किशन पिछले सीजन में ग्रेड सी सूची में थे।
गांगुली ने कहा कि, 'बीसीसीआई चाहता है कि वे प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेलें। मुझे आश्चर्य है कि श्रेयस और ईशान ने प्रमुख टूर्नामेंट रणजी ट्रॉफी नहीं खेला है। यह बीसीसीआई का फैसला है और वे सही थे। लेकिन, खिलाड़ियों को प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेलना चाहिए।'
गांगुली ने कहा, 'यह गलत है। आपसे प्रथम श्रेणी क्रिकेट खेलना अपेक्षित है। एक बार जब आप अनुबंधित खिलाड़ी बन जाते हैं, तो आपसे खेलने की उम्मीद की जाती है। श्रेयस अय्यर कुछ दिनों में सेमीफाइनल में बॉम्बे के लिए खेलने के लिए तैयार हैं, उन्होंने आगे कहा कि किशन ने उन्हें आश्चर्यचकित कर दिया है और उन्हें घरेलू प्रतियोगिताओं में अवश्य खेलना चाहिए। किशन ने दक्षिण अफ्रीका दौरे के बीच में ही भारतीय टीम छोड़ दी और इंग्लैंड के खिलाफ श्रृंखला में भी नहीं खेले।'
उन्होंने कहा कि, 'वे युवा हैं। ईशान किशन ने मुझे चौंका दिया है। वे सभी फॉर्मेट में भारतीय टीम का हिस्सा हैं और आईपीएल में भी उनके पास इतना बड़ा कॉन्ट्रैक्ट है। इसलिए मुझे नहीं पता कि उसने ऐसा क्यों किया।'
उन्होंने कहा कि, 'आपको खेलना चाहिए, खासकर जब आप ईशान किशन जैसे प्रतिभाशाली हों। जब आप सभी प्रारूपों में भारत के लिए खेल रहे हैं, तो आपको खेलना ही चाहिए। हां, बीसीसीआई ने कड़ा रुख अपनाया है और यह सही भी है। जब आप अनुबंधित होते हैं, तो आपको नियमों का पालन करना होता है।'
गांगुली ने कहा कि जब वह खेलते थे तो रणजी ट्रॉफी मुख्य टूर्नामेंट हुआ करता था। गांगुली ने 113 टेस्ट मैचों और 311 एकदिवसीय मैचों में भारत का प्रतिनिधित्व किया, लेकिन 254 प्रथम श्रेणी मैच भी खेले, जिसमें 15,687 रन बनाए।
उन्होंने कहा कि, 'यह मुख्य टूर्नामेंट था। रणजी ट्रॉफी के आधार पर ही राष्ट्रीय टीम का चयन हुआ। जाहिर है, आईपीएल नहीं था। आईपीएल मेरे करियर के बाद के चरण में आया, हममें से कई लोगों के करियर में। मुझे लगता है कि रणजी सबसे महत्वपूर्ण टूर्नामेंट था।' हालांकि, किशन के रणजी ट्रॉफी में खेलने के बारे में कोई अपडेट नहीं है, लेकिन अय्यर को तमिलनाडु के खिलाफ सेमीफाइनल के लिए मुंबई की टीम में शामिल किया गया है।












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