Jaipur: राजस्थान का बीसलपुर बांध छलकने को तैयार, कल सुबह खोले जाएंगे गेट
Bisalpur Dam New Record: राजस्थान की राजधानी जयपुर, टोंक सहित कई जिलों की लाइफलाइन बीसलपुर बांध लम्बे इंतजार के बाद आखिरकार भर ही गया। बीसलपुर बांध अपनी भराव क्षमता 315.50 आरएल मीटर के करीब पहुंच चुका है। रात 10 बजे तक बांध 315. 34 आरएल मीटर पहुंच गया है और त्रिवेणी 4 मीटर के ऊफान पर चल रही है।
राजस्थान का सबसे बड़ा बांध और राजधानी जयपुर के साथ टोंक की लाइफलाइन बीसलपुर बांध को भरने का हर कोई इंतजार कर रहा था। गुलाबीशहर का एक-एक बाशिंदा बीसलपुर बांध के भरने की प्रार्थना ईंद्रदेव से कर रहा था।
आपकों बता दे कि बीसलपुर बांध राजस्थान का एक महत्वपूर्ण पेयजल का जरिया है। आज गुरूवार को शाम ढलते ढलते बांध छलकने के करीब पहुंच गया। बांध के गेज ने 315.34 आरएल मीटर का दर्ज हुआ, जो बांध की क्षमता के बेहद करीब है।

वर्तमान में इस बांध में 35.752 टीएमसी का जलभराव हो चुका है, जो कुल जलभराव क्षमता का 92.38 प्रतिशत है। बांध की जलभराव क्षमता का बढ़ना, क्षेत्रीय जलस्रोतों की स्थिरता और सिंचाई की संभावनाओं के लिए सकारात्मक संकेत है।
बीसलपुर बांध pic.twitter.com/SeX6gLoKXv
— PURSHOTTAM KUMAR (@pkjoshinews) September 5, 2024
पिछले कुछ दिनों से धीमी चाल में चल रही त्रिवेणी नदी भी अब उफान पर चल रही है। बिते दिन शाम के बाद त्रिवेणी नदी का गेज भी 4.10 मीटर तक पहुंच चुका था जो अभी भी 4 मीटर के उफान पर बना हुआ है।
बीसलपुर बांध के आंकड़ों के आधार पर, स्थानीय प्रशासन और जल संसाधन विभाग ने संभावित पानी के डाउन स्ट्रीम में विकट हालातों से निपटने के लिए तैयारियां शुरू कर दी हैं। विभाग की टीम ने गांव वालों से संपर्क करना शुरू कर दिया है और फिर सायरन बजाने की तैयारी भी की जाने लगी है।
बारिश ने इस बार राजस्थान में रिकॉर्ड तोड़े हैं तो बीसलपुर भी इस बार रिकॉर्ड तोड़ने की तैयारी में है। बीसलपुर बांध अपने निर्माण के बाद अब तक बांध छह बार छलक चुका है। लेकिन हर बार अगस्त महीने में ही बांध से पानी छलका है। पहली बार ऐसा होगा कि बांध सितंबर महीने में छलकने वाला है।
बांध में बेहद तेजी से पानी आ रहा है और अंदाजा लगाया जा रहा है कि शुक्रवार सुबह तक बांध के गेट खोले जाएंगे। इस ऐतिहासिक पल की तैयारी शुरू कर दी गई है। बांध से जयपुर, दौसा, टोंक और अजमेर के एक करोड़ से भी ज्यादा लोगों के लिए पानी की सप्लाई होती है।
बीसलपुर बांध का इतिहास और इसकी भराव क्षमता कितनी
बीसलपुर बांध का निर्माण 1996 में हुआ था। इसकी कुल जलभराव क्षमता 315.50 आरएल मीटर है। जिसमें 38.703 टीएमसी का जलभराव होता है। पूर्ण जलभराव में 21 हजार 300 हेक्टेयर भूमि जलमग्न होती है।
बांध में इस वर्ष मानसून सत्र के लगभग 28 टीएमसी से अधिक पानी की आवक दर्ज की जा चुकी है। इसी प्रकार बांध के पूर्ण जलभराव में कुल 68 गांव डूब में आते हैं। जिसमें 25 गांव पूर्णतया डूब जाते हैं। वहीं 43 गांव ढाणी आंशिक तौर पर डूबते हैं। बांध में कुल 18 गेट लगे हुए हैं। जो 15×14 मीटर की साइज के है।
बांध बनने से लेकर अब तक कुल 6 मर्तबा पूर्ण जलभराव होकर छलक चुका है। जिसमें 2004, 2006, 2014, 2016, 2019 व अंतिम बार 2022 में छलका था।












Click it and Unblock the Notifications