Petrol Price Hike: राजस्थान में पेट्रोल-डीजल के दामों में बड़ा उछाल, जयपुर में कितनी है फ्यूल की ताजा रेट
Rajasthan Petrol Price Hike: राजस्थान में पेट्रोल और डीजल की कीमतों में एक बार फिर बड़ी बढ़ोतरी दर्ज की गई है। ईंधन के दामों में करीब ₹3 प्रति लीटर की वृद्धि के बाद आम लोगों की जेब पर सीधा असर पड़ने लगा है। राजधानी जयपुर में पेट्रोल अब ₹107.99 प्रति लीटर और डीजल ₹93.26 प्रति लीटर बिक रहा है।
नई कीमतें लागू होने के बाद पेट्रोल पंपों पर लोगों के बीच चिंता का माहौल देखने को मिला। तेल कंपनियों द्वारा जारी नई दरों के मुताबिक, जयपुर में पेट्रोल की कीमत में करीब ₹3 प्रति लीटर की बढ़ोतरी हुई है।

वहीं डीजल के दाम भी बढ़ाए गए हैं। बढ़ती कीमतों का असर सिर्फ निजी वाहन चालकों पर ही नहीं, बल्कि परिवहन, माल ढुलाई और रोजमर्रा की जरूरतों पर भी पड़ने की आशंका जताई जा रही है।
Jaipur Petrol Diesel Price Hike: जयपुर में नया रेट कार्ड: पेट्रोल-डीजल की ताजा कीमतें
आज सुबह जयपुर के विभिन्न पेट्रोल पंपों से आए दृश्यों में कीमतों में भारी बदलाव साफ देखा जा सकता है।
पेट्रोल का दाम: जयपुर में पेट्रोल अब ₹107.99 प्रति लीटर के भाव पर बिक रहा है।
डीजल का दाम: खेती और माल ढुलाई के लिए सबसे महत्वपूर्ण ईंधन डीजल की कीमत बढ़कर ₹93.26 प्रति लीटर हो गई है।
पेट्रोल पंपों पर लगे डिजिटल बोर्ड अब नई और ऊंची कीमतें दिखा रहे हैं, जिसे देखकर वाहन चालकों के चेहरे पर चिंता की लकीरें साफ देखी जा सकती हैं।
पेट्रोल पंपों पर दिखी हलचल
जयपुर के कई पेट्रोल पंपों पर सुबह से ही लोगों की आवाजाही बढ़ी रही। वाहन चालकों का कहना है कि लगातार बढ़ती ईंधन कीमतों ने घरेलू बजट बिगाड़ दिया है। खासकर रोजाना लंबी दूरी तय करने वाले लोगों और छोटे व्यापारियों पर इसका सबसे ज्यादा असर पड़ रहा है।
कुछ वाहन चालकों ने कहा कि पेट्रोल पहले ही 100 रुपये के पार था और अब ₹108 के करीब पहुंचने से निजी वाहन चलाना और महंगा हो गया है। वहीं डीजल की कीमत बढ़ने से ट्रांसपोर्ट सेक्टर की लागत भी बढ़ेगी।
VAT on petrol Rajasthan: क्यों बढ़ रहे हैं पेट्रोल-डीजल के दाम?
विशेषज्ञों के मुताबिक अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतों में उतार-चढ़ाव, वैश्विक तनाव और राज्यों के टैक्स ढांचे की वजह से पेट्रोल-डीजल की कीमतों पर असर पड़ता है। भारत अपनी जरूरत का बड़ा हिस्सा आयात करता है, इसलिए वैश्विक बाजार में किसी भी बदलाव का सीधा असर घरेलू ईंधन कीमतों पर दिखाई देता है।
इसके अलावा राज्यों द्वारा लगाए जाने वाले VAT और केंद्र सरकार की एक्साइज ड्यूटी भी अंतिम कीमत तय करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। राजस्थान में पहले से ही ईंधन की कीमतें कई राज्यों की तुलना में ज्यादा रही हैं।
महंगाई बढ़ने की आशंका
ईंधन कीमतों में बढ़ोतरी का असर अब रोजमर्रा की वस्तुओं पर भी पड़ सकता है। ट्रांसपोर्ट महंगा होने से फल-सब्जियों, खाद्य सामग्री और अन्य जरूरी सामानों की कीमतें बढ़ने की संभावना है। ऐसे में आम जनता को आने वाले दिनों में महंगाई का और ज्यादा दबाव झेलना पड़ सकता है।
आर्थिक जानकारों का मानना है कि अगर अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमतें नियंत्रित नहीं हुईं या टैक्स में राहत नहीं दी गई, तो पेट्रोल-डीजल के दाम आगे भी बढ़ सकते हैं।
समाधान की तलाश
पेट्रोल और डीजल की कीमतों में यह उछाल पूरे राजस्थान की अर्थव्यवस्था की रफ्तार को प्रभावित कर सकता है। विशेषज्ञों का मानना है कि जब तक केंद्र और राज्य सरकारें मिलकर टैक्स के ढांचे (GST) पर कोई बड़ा फैसला नहीं लेतीं, तब तक आम जनता को इसी तरह की महंगाई झेलनी पड़ेगी।














Click it and Unblock the Notifications