अस्पताल ने जिस मरीज को मृत बताया वो दाह संस्कार के लिए ले जाते समय एम्बुलेंस में अचानक हुआ जिंदा
Hanumangarh News, हनुमानगढ़। ये लापरवाही व हैरान कर देना वाला मामला राजस्थान के हनुमानगढ़ का है। यहां एक जिंदा मरीज को मृत घोषित कर दिया गया, मगर थोड़ी देर बाद ही परिजनों को उसके जिंदा होने क पता चला तो उन्होंने बवाल मचा दिया।

परिजनों के अनुसार हनुमानगढ़ जिले के धोली पाल गांव के 55 वर्षीय हंसराज गोदारा कई दिन से बीमार चल रहा था। रात को महावीर अस्पताल में जांच करवाने आए तब उसे मृत घोषित कर दिया। जैसे ही यह खबर परिजनों को लगी तो उसके घर में कोहराम मच गया।
परिजनों ने मृतक को घर ले जाने की तैयारी कर दी व अल सुबह एम्बुलेंस बुलवा ली गई। जैसे ही परिजन बॉडी को एम्बुलेंस में रखने लगे तो एक सदस्य का हाथ उसकी नब्ज पर चला गया। उसे एहसास हुआ कि नब्ज चल रही है। इतना देखते ही वहां हड़कम्प मच गया व परिजनों ने कम्पाउडर को बुलाकर चैक करवाया।
परिजनों का आरोप है कि कम्पाउडर डॉक्टर से भी दो कदम आगे निकला और बोला कि तुमको पता है या हमें, हम बोल रहे हैं ना कि ये मर चुका है। इस पर परिजन भड़क गए। मामले की गंभीरता को देखते हुए वहीं डॉक्टर शेखावत, जिन्होंने रात को इस व्यक्ति को मृत घोषित कर दिया था मौके पर पहुंच गए।
डॉक्टर शेखावत ने दुबारा जांच की तो वह जिंदा सही सलामत था। इस पर परिजनों का गुस्सा भड़क गया व विवाद इतना बढ़ गया कि मौके पर पुलिस पहुंच गई व खबर लिखे जाने तक परिजनों को समझाइश का दौर चल रहा था, लेकिन परिजन अस्पताल वालों के खिलाफ कार्रवाई की बात पर अड़े हुए थे।












Click it and Unblock the Notifications