राजस्थान पंचायती राज चुनावों के इस नियम की वजह से बढ़ रही भ्रूण हत्या-एमएलए हेमाराम चौधरी

बाड़मेर। राजस्थान पंचायती राज चुनाव 2020 का बिगुल बजते ही विभिन्न राजनीतिक दल अपनी-अपनी तैयारियों में जुट गए हैं। प्रत्येक पंचायत समिति सदस्यों एवं जिला परिषद सदस्यों की लॉटरी भी खुलना शुरू हो गई है, लेकिन तीसरी संतान के पैदा होने पर पंचायती राज चुनाव लड़ने के लिए अयोग्य घोषित करने वाले नियम को लेकर राजस्थान सरकार के कई विधायक आवाज उठा चुके हैं। कई बार विधानसभा एवं राजनीतिक सभाओं में यह मुद्दा छा चुका है।

Barmer MLA Hemaram Choudhary saic Child Rule of Rajasthan Panchayati Raj elections increasing feticide

अब इसको लेकर बाड़मेर जिले के गुड़ामालानी विधायक हेमाराम चौधरी ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि पंचायती राज चुनाव में इस नियम के कारण राजस्थान में भ्रूण हत्या बढ़ रही हैं। गुड़ामालानी विधायक बाड़मेर जिला मुख्यालय स्थित कलेक्ट्रेट सभागार में पंचायत समिति सदस्य एवं जिला परिषद सदस्यों की लॉटरी में भाग लेने आए थे।

इस दौरान उन्होंने मीडिया से बात करते हुए कहा कि अधिकतम दो संतान वाला नियम सांसदों एवं विधायकों के लिए ना होकर पंचायती राज चुनावों में लागू होता है तो यह संविधान के विरुद्ध है। सरकार कानून बनाने वालों में से है। अपने लिए कोई नियम नहीं बना कर पंचायती राज के नेताओं इस प्रकार के नियम थोपती है। मैं व्यक्तिगत इसके सख्त खिलाफ हूं।

निर्णय सरकार के हाथ में है। इसके खिलाफ मैं आगे भी विरोध करता रहूंगा।इसकी वजह से जनसंख्या में किसी भी प्रकार की कमी नहीं आई है। चुनाव लड़ने वाले अभी भी नियमों के विरुद्ध कोई गली निकालकर चुनाव लड़ रहे हैं। इस नियम का कोई महत्व नहीं है। इस दौरान हेमाराम चौधरी ने बयान देते हुए कहा कि समाज पुत्र चाह व चुनाव लड़ने के लिए भ्रूण लिंग जांच करवाते हैं। जिससे प्रदेश में भ्रूण हत्या बढ़ रही है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+