ओवैसी ने किया देवेंद्र प्रसाद यादव के साथ गठबंधन, राजद के यादव-मुस्लिम वोट बैंक में सेंध लगाने की तैयारी
पटना। बिहार विधानसभा चुनाव के लिए असदुद्दीन ओवैसी ने इस बार राजद के एमवाई (मुस्लिम यादव) वोट बैंक में सेंध लगाने की तैयारी की है। समाजवादी जनता दल डेमोक्रेटिक के ओवैसी की पार्टी एआईएमआईएम का गठबंधन हुआ है। यूनाइटेड डेमोक्रेटिक सेक्यूलर एलायंस (यूडीएसए) गठबंधन का ऐलान करते हुए ओवैसी ने कहा कि एसजेजेडी के राष्ट्रीय अध्यक्ष देवेंद्र प्रसाद यादव के नेतृत्व में चुनाव लड़ा जाएगा। पटना में प्रेस कॉन्फ्रेंस में ओवैसी ने महागठबंधन और राजद पर हमला बोला। कहा कि महागठबंधन से नीतीश कुमार अलग हो चुके हैं तो वह महागठबंधन कहां रहा। साथ ही उन्होंने प्रदेश में भाजपा की जीत के लिए राजद को जिम्मेदार ठहराया। कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि वह अब शिवसेना की गोद में बैठी है।

'सांप्रदायिकता के खिलाफ जो हैं, उन पार्टियों का साथ लेंगे'
एसजेजेडी के साथ हुए गठबंधन के बारे में ओवैसी ने कहा कि देवेंद्र प्रसाद यादव के साथ मिलकर हमलोग तय करेंगे कि कितनी सीटों पर चुनाव लड़ना है। कहा कि संगठन काम करता रहा तभी किशनगंज विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में जीत हासिल हुई। मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस बार दलित और अन्य समाज के लोग भी उनका सहयोग करेंगे। गठबंधन का नेतृत्व करने वाले देवेंद्र प्रसाद यादव ने कहा कि कई पार्टियां हमारे संपर्क में हैं। गठबंधन में उन पार्टियों का स्वागत है जो सांप्रदायिकता के खिलाफ लड़ना चाहते हैं। ओवैसी और देवेंद्र प्रसाद यादव ने राजद पर हमला बोला।

'भाजपा को जिताने के लिए राजद जिम्मेदार'
देवेंद्र प्रसाद यादव ने कहा कि उनका गठबंधन जहनी तौर पर सेक्यूलर है जबकि राजद सियासत के लिए सेक्यूलर है। ओवैसी ने खुद को बिहार चुनाव में ट्विंकल ट्विंकल लिट्ल स्टार बताया। खुद को राजद नेताओं द्वारा वोटकटुवा कहे जाने पर हमला बोलते हुए कहा कि 2019 के लोकसभा चुनाव में भाजपा विरोधी वोटों के इन ठेकेदारों को क्या हुआ था? राजद एक भी सीट नहीं जीत पाई थी। ओवैसी ने कहा कि किशनगंज में अगर हमारी पार्टी का उम्मीदवार नहीं होता तो उपचुनाव में भाजपा जीत जाता। प्रदेश में भाजपा को जिताने के लिए राजद जिम्मेदार है। राजद ने महागठबंधन बनाकर जनता के साथ धोखा किया। उन्होंने कांग्रेस पर हमला बोलते हुए कहा कि खुद को धर्मनिरपेक्षता का ठेकेदार कहने वाली पार्टी शिवसेना की गोद में बैठी है। कांग्रेस की सामंती सोच और गलत नीतियों का खामियाजा जनता भुगत रही है।

राजद के मुस्लिम-यादव वोट बैंक में सेंधमारी
बिहार में मुस्लिम और यादव के वोटों की गोलबंदी की वजह से लालू प्रसाद यादव बरसों तक सत्ता में रहे। यह वोट बैंक लालू प्रसाद यादव के एमवाई (माई) समीकरण के नाम से मशहूर हुआ। असदुद्दीन ओवैसी ने देवेंद्र प्रसाद यादव की पार्टी के साथ गठबंधन किया है। जानकारों का कहना है कि इससे राजद के कुछ मुस्लिम-यादव वोट इस गठबंधन की तरफ जा सकते हैं। शनिवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में ओवैसी और देवेंद्र प्रसाद यादव के निशाने पर मुख्य तौर पर राजद ही रही। ओवैसी की पार्टी पिछले विधानसभा चुनाव में छह सीटों पर लड़ी थी लेकिन एक भी सीट नहीं जीत पाई थी। लेकिन मुस्लिम बहुल किशनगंज विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव में उसने जीत हासिल की थी। ओवैसी की पार्टी के उम्मीदवार कमरुल होदा ने भाजपा प्रत्याशी स्वीटी सिंह को दस हजार से अधिक वोटों से हराया था।












Click it and Unblock the Notifications