निर्दलीय उम्मीदवार बनी पुष्पम प्रिया चौधरी, चुनाव आयोग ने नहीं माना उन्हें 'प्लूरल्स' पार्टी का उम्मीदवार
पटना। 'द प्लुरल्स पार्टी' की अध्यक्ष और खुद को सीएम कैंडिडेट बताने वाली पुष्पम प्रिया चौधरी को उनकी पार्टी का कैंडिडेट मानने से चुनाव आयोग ने इनकार कर दिया है। इतना ही नहीं, पटना जिला निर्वाचन कार्यालय ने उम्मीदवारों की जो सूची जारी की है, उसमें पुष्पम प्रिया को निर्दलीय उम्मीदवार घोषित कर दिया है। दरअसल, बांकीपुर सीट से चुनाव लड़ने वाली पुष्पम प्रिया की पार्टी का रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन उपलब्ध नहीं होने के आधार पर ये निर्णय लिया गया है।
Recommended Video

राजधानी पटना की बांकीपुर सीट से पुष्पम प्रिया चौधरी ने खुद को द प्लूरल्स पार्टी का उम्मीदवार बताते हुए नामांकन दाखिल किया था। बता दे कि पुष्पम प्रिया चौधरी इस पार्टी की अध्यक्ष भी हैं। लेकिन पटना के चुनाव अधिकारियों ने जब उनकी पार्टी का रजिस्ट्रेशन का ब्योरा ढ़ूढ़ा तो वह उन्हें नहीं मिला। पुष्पम प्रिया की पार्टी का रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन नहीं उपलब्ध होने के आधार पर जिला निर्वाचन कार्यालय ने उन्हें निर्दलीय घोषित कर दिया।
वैसे पुष्पम प्रिया ने अपने एफिडेविट में अपनी पार्टी का नाम 'द प्लूरल्स पार्टी' भरा है। उनकी पार्टी रजिस्टर्ड तो है लेकिन उसे चुनाव आयोग की मान्यता प्राप्त नहीं हुई है। लिहाजा उनका चुनाव चिह्न भी तय नहीं है। बांकीपुर से किए गए नामांकन में पुष्पम ने अपने लिए शतरंज बोर्ड, लूडो या कैरम बोर्ड में से कोई एक चुनाव चिन्ह मांगा है। पटना के जिला निर्वाचन पदाधिकारी कुमार रवि का कहना है कि नामांकन के समय पार्टी का रजिस्ट्रेशन ऑनलाइन नहीं दिख रहा है। मामला तकनीकी है, नामांकन पत्रों की जांच के दौरान इसकी जांच की जायेगी।
पुष्पम प्रिया के पास हैं सिर्फ 8 हजार रुपए
बिहार के दो विधानसभा क्षेत्रों से चुनाव लड़ रही पुष्पम प्रिया चौधरी खुद को मुख्यमंत्री पद का दावेदार घोषित कर चुकी है। हालांकि, उन्होंने चुनाव आयोग के समक्ष जो शपथ पत्र दिया है उसमें उन्होंने कहा है कि उनके पास सिर्फ 8 हजार रूपए कैश हैं।
बांकीपुर सीट इतनी हॉट कैसे हो गयी
बांकीपुर विधानसभा सीट इसलिए काफी हॉट होगी, क्योंकि अपने आपको मुख्यमंत्री का भावी उम्मीदवार बताने वाली पुष्पम प्रिया चौधरी इस सीट से ताल ठोकेंगी। कांग्रेस ने इस सीट से शॉटगन शत्रुघ्न सिन्हा के बड़े बेटे लव सिन्हा को अपना उम्मीदवार बनाया है। इसी सीट से भाजपा नेत्री और राष्ट्रीय महिला आयोग की सदस्य रह चुकी सुषमा साहू भी चुनाव लड़ने का मन बना चुकी थीं। इन सभी की टक्कर भाजपा के तीन बार के विधायक रहे नितिन नवीन से है।












Click it and Unblock the Notifications