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पैसे की कमी से लश्‍कर-ए-तैयबा के दो हिस्‍से , हाफिज सईद से अलग होकर उसके करीबी ने बनाया नया संगठन

By Richa Bajpai
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      Hafiz Saeed's Lashkar-e-Taiba has split into two part due to financial crunch | वनइंडिया हिंदी

      लाहौर। मोस्‍ट वॉन्‍टेड आतंकी हाफिज सईद के लश्‍कर-त-तैयबा में फूट पड़ने की खबरें हैं। बताया जा रहा है कि जब से पाकिस्‍तान की सरकार ने हाफिज के संगठन जमात-उद-दावा पर वित्‍तीय प्रतिबंध लगाए हैं तब से ही संगठन को आर्थिक तंगी का सामना करना पड़ रहा है। लश्‍कर का को-फाउंडर आमिर हमजा अब संगठन से अलग हो गया है और उसने नया संगठन जैश-ए-मनकाफा बनाया है। हमजा हाफिज सईद का करीबी था लेकिन अब उसके संगठन से अलग होने के बाद लश्‍कर में नेतृत्‍व को लेकर सब ठीक नहीं है, इस बात की तरफ भी इशारा मिल रहा है।

      hafiz-saeed

      जम्‍मू कश्‍मीर में आतंकी गतिविधियां चलाएगा हमजा
      हमजा को अभी तक जमात-उद-दावा (जेयूडी) और फलाह-ए-इंसानियत फांउडेशन (एफआईएफ) पाकिस्‍तान से फंड मिल रहा था। लेकिन पाकिस्‍तान ने हाल ही में हाफिज सईद के दोनों संगठनों पर बैन लगा दिया है। इसकी वजह से संगठन में पैसे की कमी की वजह से अब संगठन में फूट पड़ रही है। संगठन के कई लोग हाफिज सईद से खासे नाराज हैं। नया संगठन बनाकर अब हमजा जम्‍मू कश्‍मीर में अपनी आतंकी गतिविधियों को संचालित करने की योजना बना रहा है। पाकिस्‍तान की सरकार ने हाल ही में हाफिज सईद की चैरिटी संस्‍थाओं जेयूडी और एफआईएफ को बैन किया है तब से ही एंटी-टेररिज्‍म एक्‍ट-1997 के तहत उसकी संपत्तियों को बैन करना शुरू कर दिया है। पाकिस्‍तान के कानून मंत्रालय की ओर से जानकारी दी गई थी कि यूनाइटेड नेशंस की ओर से बैन की गई संस्‍थाओं पर इस कानून के तहत कार्रवाई की जा रही है जिसमें राष्‍ट्रपति ममनून हुसैन ने संशोधन किया है।

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      English summary
      Most wanted terrorist Hafiz Saeed Lashkar -e-Taiba splits into two group because of lack of money.

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