मुरादाबाद: दोहरे हत्याकांड का चश्मदीद बोला, पुजारी ने जलती चिता से निकाला था शव और...
मुरादाबाद। दीपावली की रात श्मशान में हुई दो लोगों की हत्या में चौंकाने वाली कहानी सामने आई है। पुलिस की मानें तो दोहरे हत्याकांड में नामजद युवक ने पुलिस को पूछताछ में बताया कि श्मशान में पुजारी और एक अन्य युवक की हत्या कस्बे के ही एक मजदूर ने फावड़े से सिर कुचलकर की थी। युवक का दावा है कि पुजारी ने छह माह पहले मजदूर की बहन के शव को चिता से निकालकर उसका मांस खाया था। इसी से खफा होकर मजदूर ने वारदात को अंजाम दिया।

मामला ठाकुरद्वारा थाना क्षेत्र इलाके के कांशीराम नगर का है। यहां शमशान के बाहर बने मकान में रहने वाले गिरी बाबा और एक अज्ञात व्यक्ति की बदमाशों ने गैस के सिलेंडर से कुचल कर निर्मम हत्या कर दी। दो लोगों की हत्या ने पूरे इलाके मे हड़कम्प मचा गया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने दोनों शव को कब्जे में लेकर पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया था। मंगलवार दोपहर बाद आई पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से पता चला कि पुजारी राजेंद्र गिरी व नितेश कुमार ने एल्कोहल का सेवन भी किया था। पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट की मानें तो हत्यारोपी ने दोनों के सिर और चेहरे पर तब तक वार किया था, जब तक उनकी हड्डियां चकनाचूर न हो गई थीं। सूत्रों के अनुसार गिरी बाबा वहां रह कर तंत्र-मंत्र से इलाज करने का काम करते थे।
वहीं, पुजारी के भाई नंदू ने शक के आधार पर कस्बे के ही मोहल्ला जमनावाला निवासी बंटी उर्फ योगेंद्र को नामजद किया था। मंगलवार को पुलिस ने बंटी से पूछताछ की तो उसने दावा किया कि दोहरे हत्याकांड को ठाकुरद्वारा के ही एक मजदूर ने अंजाम दिया है। एसएसपी की मानें तो बंटी ने जो कहानी सुनाई है उसके मुताबिक मजदूर की बहन की छह माह पहले बीमारी से मौत हो गई थी। उसका अंतिम संस्कार होलिका स्थित श्मशान में किया गया था। तब पुजारी ने जलती चिता से शव निकालकर उसका मांस खाया था। इसी बात से आरोपी आहत था।
उन्होंने कहा कि जब तक उसकी बातों की तस्दीक नहीं हो जाती तब तक हम यह नहीं कह सकते कि पुजारी द्वारा जलती चिता से शव निकालकर खाने की वजह से हत्याकांड को अंजाम दिया गया है। अहम सुराग हाथ लगे हैं लेकिन मुख्य आरोपी अभी तक पुलिस की पकड़ से दूर है। उसकी गिरफ्तारी के बाद ही घटना का खुलासा होगा।












Click it and Unblock the Notifications