'ये वोट जिहाद नहीं तो क्या है', मदरसा शिक्षकों की बढ़ी सैलरी तो भाजपा पर संजय राउत का तंज
उद्धव गुट की शिवसेना के नेता संजय राउत ने शुक्रवार को महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे पर तीखा हमला बोलते हुए उनपर वोट जिहाद का आरोप लगाया। उन्होंने सवाल किया कि क्या मदरसा शिक्षकों के मानदेय और वेतन में बढ़ोतरी का फैसला वोट जिहाद नहीं है। उन्होंने कहा कि चुनाव को देखते हुए इस तरह के फैसले लिए जा रहे हैं।
क्या लाड़ली बहन जैसी योजनाएं और मदरसा शिक्षकों के वेतन में बढ़ोत्तरी वोट जिहाद नहीं है। संजय राउत ने कहा कि बच्चों को पढ़ाने वालों का वेतन बढ़ना चाहिए, लेकिन हमने अगर यह किया होता तो भाजपा उसे तुरंत वोट जिहाद का नाम दे देती।

कांग्रेस नेता नसीम खान ने भी भाजपा की आलोचना की। उन्होंने कहा कि मदरसा शिक्षकों के वेतन में वृद्धि वास्तव में मुसलमानों के उत्थान के उद्देश्य से नहीं थी, बल्कि भाजपा के चुनावी प्रदर्शन को बेहतर बनाने के लिए एक रणनीतिक कदम था।
भाजपा के मंसूबों पर सवाल खड़ा करते हुए नसीम खान ने कहा कि भाजपा आगामी चुनाव को देखते हुए इस तरह के कदम उठा रही है। हालांकि उन्होंने इस फैसले का स्वागत किया है लेकिन भाजपा के मंसूबों पर सवाल खड़ा किया है।
महाराष्ट्र भाजपा इकाई के वरिष्ठ नेता किरीट सोमैया ने कहा कि सरकार धर्म की परवाह किए बिना स्वास्थ्य और शिक्षा के प्रति बिना भेदभाव काम करती है। उन्होंने मजाकिया अंदाज में कहा कि वेतन वृद्धि उद्धव ठाकरे या संजय राउत पर लागू नहीं होती है, जिससे यह संकेत मिलता है कि उनकी आलोचना निराधार है।
बता दें कि महाराष्ट्र मंत्रिमंडल ने हाल ही में मदरसा शिक्षकों के मानदेय में उल्लेखनीय वृद्धि को मंजूरी दी है, जिसमें डी.एड डिग्री धारकों के मानदेय में 6,000 रुपये से 16,000 रुपये की वृद्धि की गई है, तथा बीए, बी.एड, बी.एससी डिग्री धारकों के मानदेय में 8,000 रुपये से 18,000 रुपये की वृद्धि की गई है।
यह निर्णय ऐसे समय में लिया गया है जब महाराष्ट्र अगले महीने विधानसभा चुनावों की तैयारी कर रहा है। मौजूदा विधानसभा का कार्यकाल 26 नवंबर को समाप्त हो रहा है।












Click it and Unblock the Notifications