सोती पुलिस को जगाने के लिए सड़कों पर उतरेंगे लखनऊवासी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में जिस तरह से गोमती नगर इलाके में शाम 8 बजे नमन नाम के व्यक्ति की बेखौफ हत्यारों ने हत्या कर दी उसने लखनऊ में सुरक्षा व्यवस्था पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। फेसबुक पोस्ट से खुला हत्या में लखनऊ पुलिस का झूठ

नमन की हत्या 18 नवंबर को हुई थी, एक हफ्ते बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ अभी तक हत्या की वजह और हत्यारों का कोई भी सबूत हाथ नहीं लगा है। यहां तक कि पुलिस अभी तक नमन की बाइक तक बरामद नहीं कर सकी है।
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Posted by Justice for Naman Verma on Monday, November 23, 2015
नमन की हत्या के मामले में जिस तरह से लखनऊ पुलिस पूरी तरह से विफल नजर आयी है उसके खिलाफ नमन के परिवार वालों और लखनऊ के निवासियों में जबरदस्त गुस्सा है।
नमन को इंसाफ दिलाने के लिए नमन के दोस्तों ने जस्टिस फॉर नमन का फेसबुक पर एक पेज तक बना डाला है। इस पेज को महज 4 दिन में 4000 से अधिक फॉलोवर मिल चुके है।
सोशल मीडिया पर नमन को इंसाफ दिलाने के लिए जबरदस्त संख्या में लोग इकट्ठा हो रहे हैं। यही नहीं सोशल मीडिया की ताकत का इस्तेमाल करते हुए नमन के दोस्तों ने आज लखनऊ के परिवर्तन चौक से जीपीओ तक कैंडल मार्च निकालने का भी फैसला लिया है।
नमन के दोस्तों का कहना है कि जो नमन के साथ हुआ है वह किसी के साथ भी हो सकता है। ऐसे में पुलिस की जवाबदेयी तय होनी चाहिए कि लखनऊ में लोगों को कैसे सुरक्षा मुहैया करायी जा रही है।
सवाल यह भी उठता है कि लखनऊ के पॉर्श इलाकों में शुमार गोमती नगर में कई सीसीटीवी कैमरे लगे हैं लेकिन कुछ कैमरे या तो बंद पड़े हैं या तो उनकी गुणवत्ता इतनी खराब है कि इनमें किसी भी तरह के फुटेज साफ रिकॉर्ड नहीं हो पाती है।
लखनऊ में पिछले एक हफ्ते में दो बड़ी घटनाओं को अपराधियों ने अंजाम दिया है। नमन की हत्या के अलावा दिन दहाड़े अपराधियों ने चिनहट स्थित स्टेट बैंक को भी लूट लिया और यहां के गॉर्ड को मौत के घाट उतार दिया। लेकिन दोनों ही मामलों में पुलिस के हाथ कुछ भी नहीं लगा है। अपराधी बेखौफ घूम रहे हैं और पुलिस जांच का आश्वासन दे रही है।












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