कानपुर में तेज बारिश के चलते ढहा चार मंजिला मकान, मां-बेटी की हुई दबने से मौत
कानपुर। उत्तर प्रदेश के कानपुर जिले में दर्दनाक हादसा हुआ है। यहां बीते 24 घंटे से रुक-रुक कर हो रही बारिश से गुरुवार देर रात हटिया बाजार में चार मंजिला जर्जर मकान ढह गया। इस हादसे में एक महिला और उसकी बेटी की मौत हो गई। मकान ढहने की सूचना मिलते ही आला अधिकारी घटनास्थल पहुंचे और राहत व बचाव कार्य शुरू कर दिया था। बता दें कि करीब चार घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद देर रात करीब 2.30 बजे पर दोनों के शव निकाले जा सके।

हादसा कानपुर जिले के हटिया बाजार का है। यहां करीब 100 साल पुराने एक चार मंजिला मकान स्व. रामशंकर गुप्ता का परिवार रहता है। बता दें कि चार मंजिला मकान के तीसरे माले पर रामशंकर की पत्नी मीना (50), बेटी प्रीति (20), बेटे रिंकू और राहुल रहते हैं। मकान के बाकी हिस्से में स्व. रामशंकर गुप्ता के भाई उमाशंकर, प्रेमशंकर और गणेश अपने परिवार के साथ रहते हैं। गुरुवार सुबह से ही तेज बारिश से मकान की ईंटें रह रहकर गिर रही थीं।
यह देख बाकी भाइयों ने अपना कहीं और रहने का इंतजाम कर लिया और रात आठ बजे मकान खाली कर परिवार के साथ निकल गए। लेकिन मीना व उसकी बेटी दोनों मलबे के नीचे दब गईं। सूचना पाकर डीआईजी समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। बता दें कि संकरी गली में मकान होने के कारण रेस्क्यू ऑपरेशन में अफसरों को काफी दिक्कत हुई। जेसीबी को भी गली में घुसाकर घटनास्थल तक लाने में एक घंटे से ज्यादा का समय लग गया। बहरहाल चार घंटे चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद मलबे से मां-बेटी शव निकाले गए।
हर तरफ मची चीख पुकार, नहीं कर सका कोई मदद
मकान ढहने की आवाज इलाके में गूंजी। हर तरफ गलियों से सैकड़ों लोग मौके पर पहुंच गए। लोग चीख पुकार रहे थे। मीना के बेटे और अन्य परिजन भी चीख-चीख कर रो रहे थे लेकिन मलबा इतना था कि कोई कुछ नहीं कर पा रहा था। लोग और पुलिस प्रशासन चाह कर भी तुरंत कुछ मदद नहीं कर पा रहे थे।
बाल-बाल बचा राहुल
मीना और उनके तीनों बच्चे घर पर ही थे। मकान गिरने से ठीक कुछ देर पहले राहुल घर से दूध लेने निकला था। जब मकान दरकने लगा तो रिंकू और अन्य परिजन भी भाग कर बाहर निकल गए। मगर मीना और प्रीति सही समय पर बाहर नहीं निकल सके। इसलिए वो फंस गए।












Click it and Unblock the Notifications