नहीं हुई CRPF जवान की अंत्येष्टि, पिता अफसरों से बोले-जिंदा बेटा दिया था, ये क्या कर दिया आपने'

जोधपुर, 12 जुलाई। राजस्थान के जोधपुर में केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के ट्रेनिंग सेंटर में सुसाइड करने वाले कांस्टेबल नरेश जाट के परिजनों ने विभिन्न मांगों को लेकर शव लेने से इनकार कर दिया। शव जोधपुर के सरकारी अस्पताल एमजीएच के मुर्दाघर में रखा हुआ है। परिजनों ने मंगलवार दोपहर डेढ़ तक शव नहीं उठाया था।

naresh jat crpf

मूलरूप से पाली जिले के गांव राजोला के रहने वाले नरेश जाट ने सोमवार सुबह अपनी सर्विस बंदूक से खुद को गोली मार ली थी। इससे पहले वह 18 घंटे तक पत्नी व बेटी को अपने साथ चौथी मंजिल पर स्थित क्वार्टर में बंद कर रखा था। सीआरपीएफ अफसरों, परिजनों और साथि​यों ने नरेश को समझाने की खूब कोशिश की, मगर यह नहीं माना और जान दे दी।

इधर, लेने से इनकार कर अन्य लोगों के मोर्चरी के बाहर प्रदर्शन कर रहे नरेश जाट के पिता लिखमाराम ने सीआरपीएफ के अफसरों पर गुस्सा जाहिर किया और अफसरों से उन्होंने कहा कि 'मैंने जिंदा बेटा दिया था, आप लोगों की वजह से उसका ये हाल हो गया। उसे अब ले जाकर क्या करूं? शहीद होता तो सलामी देकर उसका शव ले लेता'

पांच के खिलाफ मामला दर्ज

सीआरपीएफ कांस्टेबल के पिता लिखमाराम ने सीआरपीएफ के एएसआई सतवीर, एसआई अर्जुन सिंह, हेड कांस्टेबल बहादुर यादव, सुशील और संजय के खिलाफ मामला दर्ज करवाया है। लिखमाराम ने आरोप लगाया है कि उसके बेटे को मानसिक रूप से परेशान किया गया था। वहीं, खुद नरेश जाट ने भी आत्महत्या से पहले एक वीडियो बनाकर सीआरपीएफ के कई अधिकारियों और कर्मचारियों पर आरोप लगाए। साथ ही 7 पन्नों का सुसाइड नोट भी मिला है, जिसमें नरेश ने अधिकारियों पर प्रताड़ित करने का आरोप लगाया है।

बता दें कि नागौर सांसद हनुमान बेनीवाल भी एमजीएच अस्पताल की मोर्चरी के बाहर धरनास्थल पर पहुंचे। इनके अलावा आरएलपी विधायक पुखराज गर्ग भी आए थे। बेनीवाल ने ट्विटर कर जानकारी दी कि 'सीआरपीएफ के दिवगंत जवान नरेश जाट को न्याय दिलाने के लिए जोधपुर के एमजीएच हॉस्पिटल मोर्चरी के धरनास्थल पर दिवगंत के परिजनों के साथ मौजूद हूं!'

बता दें कि सोमवार को गोली मारने से मौत हो जाने के बाद सीआरपीएफ जवान नरेश का जोधपुर के एमजीएच अस्पताल में पोस्टमार्टम तो करवा लिया गया था, मगर फिर 7 सूत्री मांगों को लेकर शव लेने से इनकार कर दिया। परिजनों द्वारा दोषियों की गिरफ्तारी, नरेश की बेटी को बालिग होने पर सरकारी नौकरी, पत्नी उर्मिला को आजीवन पेंशन और नरेश के अंतिम संस्कार के दौरान उन्हें गार्ड ऑफ ऑनर देने की मांग रखी।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+