हरियाणा में भाजपा ने लगाई जीत की हैट्रिक, क्या इसके बाद झारखंड चुनाव में खिलेगा "कमल"?
Jharkhand Election 2024: भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) लगातार तीसरी बार जीत हासिल कर हरियाणा में सरकार बनाने जा रही है। हरियाणा की 90 विधानसभा सीटों में से भाजपा ने 49 सीटों पर जीत दर्ज की है। यह जीत न केवल हरियाणा में उनकी स्थिति को मजबूत किया है बल्कि झारखंड और महाराष्ट्र में होने वाले आगामी चुनावों में भाजपा की जीत का रास्ता मजबूत कर दिया है।
हरियाणा चुनाव के दौरान जहां भाजपा के खिलाफ माहौल था और कांग्रेस की जीत पक्की मानी जा रही थी लेकिन वोटरों ने भाजपा के वादों पर विश्वास करते हुए लगातार तीसरी बार अपने राज्य की कमान भाजपा को सौंप दी। हरियाणा में भाजपा की जीत ने झारखंड में भाजपा के कार्यकर्ताओं में नया जोश भर दिया है, जिससे भविष्य के चुनावी मुकाबलों में भी इसी तरह के नतीजों की उम्मीदें बढ़ गई हैं।

बता दें लोकसभा चुनावों के बाद बदले समीकरण के बाद माना जा रहा था कि इंडिया गठबंधन भाजपा के खिलाफ़ आगे बढ़ रहा है, खासकर हिंदी भाषी बहुमत वाले राज्यों में। यह भाजपा के लिए एक झटका था, जिसने कांग्रेस समर्थकों के बीच आशावाद को जगाया लेकिन हरियाणा में कांग्रेस को मिली पराजय के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं और नेताओं का डगमगाया आत्मविश्वास फिर से जाग उठा है और झारखंड ही नहीं महाराष्ट्र में भी भाजपा पूरे जोश में भर चुकी है।
बता दें कांग्रेस नेताओं ने लोकसभा चुनाव में मिली जीत का श्रेय राहुल गांधी की भारत जोड़ो यात्रा को दिया, जिसके बारे में उनका मानना था कि इसने भाजपा के बहुमत की ओर बढ़ने की गति को रोक दिया। हरियाणा में कांग्रेस के लिए उम्मीदें बहुत ज़्यादा थीं, जो भाजपा के शासन के एक दशक बाद सत्ता परिवर्तन की अटकलों लगाई जा रही थी हालाँकि, नतीजों ने एक अलग तस्वीर पेश की है, जिसमें भाजपा ने न केवल हरियाणा को बरकरार रखा है, बल्कि झारखंड पर भी अपनी नज़रें गड़ा दी हैं।
भाजपा का रणनीतिक बदलाव फोकस में
हरियाणा में भाजपा का लगातार दबदबा झारखंड विधानसभा चुनाव में उसके रणनीतिक दृष्टिकोण का अग्रदूत बन चुका है। भाजपा का लक्ष्य झारखंड चुनाव में हेमंत सोरेन की वर्तमान सरकार के कार्यकाल के दौरान हिंदुओं पर हमले, लव जिहाद के मामलों में वृद्धि और आदिवासी गांवों में बांग्लादेशी प्रवासियों की घुसपैठ जैसे स्थानीय मुद्दों का लाभ उठाना है। ये मु्द्दें झारखंड मुक्ति मोर्चा सरकार के लिए मुसीबत बन सकती है।
झारखंड में सोरेन सरकार के प्रति जनता के असंतोष का लाभ भाजपा उठाने के लिए तैयार है। वहीं हरियाणा में भाजपा को मिली जीत से भाजपा को झारखंड में उनके अभियान प्रयासों को बल मिला है।
हरियाणा के नतीजों का असर
बता दें हरियाणा चुनाव में भाजपा की सफलता इस बात का भी संकेत है कि राष्ट्रीय राजनीति राज्य स्तर पर मतदाताओं की भावनाओं को कैसे प्रभावित कर सकती है।












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