दलित महिला से 1 साल तक गैंगरेप, आरोपियों में भाजपा नेता भी
बांदा। उत्तर प्रदेश प्रदेश के बुंदेलखंड इलाके के चित्रकूट जिले की एक महिला के साथ हरियाणा में साल भर तक सामूहिक बलात्कार होता है। किसी तरह जान बचाकर भागी महिला जब पुलिस के पास जाती है, तो पुलिस उसे ज़लील करती है। दर-दर की ठोकरें खाती हुई महिला जब बांदा के डीआईजी से मिलती है, तब जाकर मामला दर्ज होता है। इतनी देरी.... इतनी देरी इसलिये क्योंकि आरोपियों में एक भाजपा नेता और सत्ताधारी सपा के विधायक का रिश्तेदार शामिल हैं।
पढ़ें- भगवान नाम के हैवान ने 8 साल की बच्ची से किया दुष्कर्म

जी हां हम बात कर रहे हैं चित्रकूट की उस दलित महिला की जो सोमवार को बांदा पहुंची और डीआईजी से मिलकर उसने अपनी आप बीती सुनायी। पीड़िता ने बताया कि आरोपियों ने उसे हरियाणा के एक ईंट-भट्ठे में ले जाकर बंद कर दिया और वहां एक साल तक बंधक बनाकर बलात्कार किया। कर्वी पुलिस के कार्रवाई करने पर पीड़िता सोमवार को बांदा के डीआईजी से भेंट अपनी दास्तान सुनाया है।
मामला चित्रकूट जिला कर्वी मुख्यालय से सटे कछारपुरवा से जुड़ा है। एक दलित महिला के पति को पहले गांव के पूर्व प्रधान ने बलात्कार के झूठे मुकदमें में जेल भिजवाया, इतने में भी संतोष न हुआ तो पीड़िता के दूर के रिश्तेदार, जो कर्वी भाजपा का नेता है, से मिलाया और जेल में बंद पति से मुलाकात कराने के बहाने अपहरण करवा लिया। साल भर पहले हुए इस अपहरण के बाद हरियाणा के एक ईंट भट्ठे में महिला को बंधक बनाकर सामूहिक दुष्कर्म किया गया। ।
रोंगटे खड़ा कर देने वाली दास्तां
महिला ने लिखा कि कोल गदहिया गांव के पूर्व प्रधान बुदूल पटेल ग्राम समाज की जमीन बेंच रहा था, उसके पति ने जिलाधिकारी से शिकायत की तो पति को एक अनजानी लड़की से बलात्कार करने के जुर्ममें जेल भिजवा दिया। पति रिहाई के लिए दूर के रिश्तेदार महेश अनुरागी (भाजपा नेता) का सहारा लिया, उसने छुटवाने के नाम पर बयासी हजार रुपये ऐंठ कर पूर्व प्रधान से मिल गया।
वह बताती है कि 28 नवम्बर 2014 को रात करीब दस बजे उसे महेश और नरेश कोरी जेल में बंद पति से मुलाकात करने के बहाने घर से बोलेरो जीप में बैठा लाए और फिर रास्ते में बुदूल, राजेश कोरी, सिकंदर को उसी जीप में बैठ लिया। बांदा आते समय पांचों लोगों अतर्रा के आगे जीप रोक कर उससे जबरन दुष्कर्म किया गया।
बात यहीं खत्म नहीं होती, पीड़िता को उसी जीप से हरियाण एक ईंट भट्ठा ले गए और महेश, बुदूल व सिकंदर तो वापस लौट आए, लेकिन नरेश और राजेश उसे बंधक बनाकर साल भर दुष्कर्म किया।
एसपी ने किया जलील
प्रार्थना में पीड़िता का कहना है कि जब वह हरियाण से किसी तरह छूट कर साल भर बाद अपने घर लौट पाई तो पुलिस अधीक्षक चित्रकूट के समक्ष पेश होकर 27 फरवरी 2016 को अपनी बीती सुनाई, लेकिन एसपी के आदेश पर वहां के कोतवाल ने जिस तरह जांच के बहाने जलील किया, उससे सारे नियम कानून तार-तार हो गए।
पढ़ें- 4 साल तक रेप करने वाले पिता का बेटी ने बनाया वीडियो
वह बताती है कि कोतवाल रणवीर सिंह ने कोतवाली में बुदूल को बुला लिया और डेढ़ लाख रुपये लेकर समझौता करने का दबाव बनाया, जब वह राजी नहीं हुई तो भयभीत करने के लिए कुछ देर के लिए लाॅकप में भी बंद किया गया। कोतवाली में भी बुदूल उसे खामियाजा भुगतने की धमकी देता रहा।
पीड़िता के पति ने फोन पर इस संवाददाता को बताया कि सोमवार की दोपहर वह अपनी पत्नी को लेकर बांदा मुख्यालय में डीआईजी से भेंट किया है, उन्होंने मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई का भरोसा दिया है। अब देखना यह होगा कि पुलिस के इस आला अधिकारी के आदेश की कर्वी पुलिस कितनी कद्र करती है। क्या डीआईजी साहब मुकदमा न दर्ज करने वाले कोतवाल को भी सबक सिखाएंगे या फिर दर्ज में पुलिस को यह दर्ज करने का मौका देंगे कि 'तहरीर के आधार पर तुरंत मुकदमा दर्ज किया गया, जो भी देरी है, वादिनी की ओर से है।'












Click it and Unblock the Notifications