राजस्थान उपचुनाव 2021 नतीजे कल आएंगे, कोरोना संकट के बीच की गई हैं ये खास तैयारियां
जयपुर, 1 मई। कोरोना संकट के बीच राजस्थान उपचुनाव 2021 के मतों की गणना दो मई को की जाएगी। राजस्थान विधानसभा की सहाड़ा, सुजानगढ़ और राजसमंद सीट के उपचुनाव में 17 अप्रैल को वोटिंग हुई थी। कोरोना की दूसरी लहर के चलते राजस्थान उपचुनाव 2021 की मतगणना के दौरान कोविड-19 की पालना के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं।

मतगणना स्थलों को करवाया सेनिटाइज
बता दें कि मतगणना शुरू होने से एक दिन पहले यानी एक मई को मतगणना स्थलों को सेनिटाइज करवाया गया है। मतगणना वाले दिन से शाम साढ़े पांच बजे सेनिटाइज का कार्य चलेगा। मतगणना समाप्त होने के बाद किसी भी प्रकार के विजय जुलूस की इजाजत नहीं होगी।
मतगणना दलों की सुरक्षा का विशेष ख्याल
राजस्थान उपचुनाव 2021 की मतगणना के दौरान प्रत्येक 5 राउंड के बाद कार्मिक हाथों को सेनिटाइज करेंगे, जो दल ईवीएम को स्ट्रांग रूम से मतगणना हॉल में लाने ले जाने वाले सभी कार्मिकों को मास्क लगाना अनिवार्य होगा। इसके अलावा सभी कार्मिक फेस शील्ड एवं ग्लवज पहनेंगे।
60 फीसदी लोगों ने डाले थे वोट
बता दें कि 17 अप्रैल को राजसमंद, सहाड़ा व सुजानगढ़ में पिछली बार के चुनाव की तुलना में 13 फीसदी कम वोटिंग हुई है। राजस्थान उपचुनाव 2021 में कुल 60.71 फीसदी लोगों ने अपने मताधिकार का इस्तेमाल किया। जबकि 2018 में 73 फीसदी वोटिंग हुई थी।
कहां-कितने प्रतिशत मतदान हुआ
राजस्थान उपचुनाव में सर्वाधिक 67.18 फीसदी मतदान राजसमंद, सुजानगढ़ में 59.20 फीसदी और हॉट सीट बनी सहाड़ा विधानसभा सीट पर सबसे कम 56.56 फीसदी वोट पड़े। 2018 के विधानसभा चुनाव से तुलना करें तों राजसमंद में 9.41 प्रतिशत, 13.29 प्रतिशत और सहाड़ा में 17 फीसदी वोटिंग कम हुई है। इन तीनों सीटों पर कुल 27 उम्मीदवार मैदान में हैं।
भाजपा-कांग्रेस की प्रतिष्ठा दांव पर
राजस्थान उपचुनाव 2021 में भाजपा-कांग्रेस दोनों ही अपनी अपनी जीत के दावे कर रहे हैं। दोनों की पार्टियों की प्रतिष्ठा दांव पर लगी हुई है। 2018 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस का सहाड़ा और सुजानगढ़ पर कब्जा था, वहीं राजसमंद सीट पर भाजपा ने जीत दर्ज की थी।
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बता दें कि सहाड़ा सीट पर भाजपा से रतनलाल जाट और कांग्रेस से गायत्री देवी, सुजानगढ़ सीट पर भाजपा से खेमाराम मेघवाल और कांग्रेस से मनोज मेघवाल, राजसमंद सीट पर भाजपा दीप्ति माहेश्वरी और कांग्रेस से तनसुख बोहरा चुनाव मैदान में हैं।
दोनों पार्टियों को सहानुभूति की उम्मीद
तीनों सीटों विधायकों की मौत की वजह से खाली हुई थी। राजसमंद सीट पर दिवंगत विधायक किरन माहेश्वरी की पुत्री दीप्ति माहेश्वरी, कांग्रेस ने दिवंगत विधायक कैलाश त्रिवेदी की पत्नी गायत्री देवी को सहाड़ा और दिवंगत कैबिनेट मंत्री भंवर लाल मेघवाल के पुत्र मनोज मेघवाल को सुजानगढ़ से मैदान में उतारा गया है।












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