कौन है पाकिस्तानी वैज्ञानिक आफिया सिद्दीकी, जिसकी रिहाई की मांग को लेकर टेक्सास में बनाए गये हैं 4 बंधक
कौन है लेडी अलकायदा के नाम से मशहूर पाकिस्तानी वैज्ञानिक आफिया सिद्दीकी, जिसकी रिहाई की मांग को लेकर टेक्सास में बनाए गये हैं 4 लोग बंधक।
टेक्सास, जनवरी 16: आफिया सिद्दीकी, ये नाम एक दिन पहले तक लोगों के लिए अजनबी हो सकता था, लेकिन पिछले 24 घंटे में शायद हर एक अमेरिकी आफिया सिद्दीकी के नाम से वाकिफ हो चुका होगा। आफिया सिद्दीकी के नाम पर अमेरिका के टेक्सास राज्य में कोहराम मचा हुआ है और उसकी रिहाई की मांग को लेकर चार लोगों को बंधक बनाया गया है। अपहरणकर्ताओं की मांग है, कि आफिया सिद्दीकी को फौरन जेल से रिहा किया जाए, जिसे अमेरिकी अदालत ने 80 से ज्यादा सालों की सजा सुना रखी है। आइये जानते हैं, आफिया सिद्दीकी कौन है, उसका पाकिस्तान से क्या ताल्लुक है और उसे लेडी अलकायदा क्यों कहा जाता है।
Recommended Video

टेक्सास में मचा है कोहराम
अमेरिकी राज्य टेक्सास में पिछले 24 घंटे से ज्यादा वक्त से कोहराम मचा हुआ है और कोलीविल आराधनालय में चार लोगों को बंधक बनाकर रखा गया है। अपहरणकर्ताओं का दावा है, कि वो आफिया सिद्दीकी के भाई हैं और उनकी एक ही मांग है, आफिया सिद्दीकी की रिहाई। बंधकों को छुड़ाने के लिए लगातार अपहरणकर्ताओं से बात की जा रही है और बातचीत के बाद एक बंधक को रिहा करवा लिया गया है, वहीं एफबीआई और अमेरिकी स्वात फोर्स भी मौके पर है। इन सबके बीच अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन को घटना की पूरी जानकारी दी गई है और खुद बाइडेन पूरे मामले पर नजर बनाए हुए हैं।

लेडी अलकायदा के नाम से मशहूर
आफिया सिद्दीकी सबसे पहले बार उस वक्त चर्चा में आई थी, जब अमेरिका में 9/11 का हमला हुआ था और ओसामा बिन लादेन के आतंकी संगठन अलकायदा ने अमेरिका पर सबसे बड़ा हमला किया था। अमेरिका पर हुए हमले के बाद आफिया सिद्दीकी का नाम पहली बार आया था और वो महिला आतंकवादी का सबसे बड़ा चेहरा बन गई। हालांकि, बाद में साल 2008 में आफिया को अफगानिस्तान में अमेरिकी सैनिकों और कर्मचारियों पर हमला करने, उनकी हत्या की कोशिश करने के आरोप में गिरफ्तार कर लिया गया था और फिर दोषी ठहराया गया था। वहीं, एबीसी न्यूज ने एक अमेरिकी अधिकारी के हवाले से कहा है कि, बंधक बनाने वाला Colleyville ने सिद्दीकी का भाई होने का दावा किया है।

पाकिस्तान सरकार ने की थी रिहाई की मांग
पाकिस्तानी अखबार एक्सप्रेस ट्रिब्यून की रिपोर्ट के मुताबिक, पाकिस्तान सरकार के एक मंत्री ने सबसे पहले आफिया सिद्दीकी की अमेरिकी जेल से रिहा करने और उसे वापस पाकिस्तान भेजने की मांग की थी। वहीं, आफिया सिद्दीकी को साल 2008 में मेडिकल वजहों से फोर्ट वर्थ में फेडरल मेडिकल सेंटर-कार्सवेल जेल में ट्रांसफर कर दिया गया था। कार्सवेल यू.एस. में महिलाओं के लिए एकमात्र केन्द्रीय मेडिकल सुविधा है, और देश भर में कैद की गई महिलाएं, जिन्हें चिकित्सा की जरूरत है, उन्हें अक्सर इसी जेल में ट्रांसफर किया जाता है। वहीं, आफिया की रिहाई करने वाले संगठन सीएआईआर के कार्यकारी निदेशक फैजान सैयद ने कहा कि, आफिया सिद्दीकी की रिहाई की मांग कई सालों से की जा रही है और उसे रिहा कर पाकिस्तान भेजने की मांग अकसर की जाती है, लिहाजा सुरक्षा कारणों से उसे एकांत जेल में रखा जाता है।

कौन है आफिया सिद्दीकी?
आफिया सिद्दीकी 90 के दशक में बोस्टन में रहती थी, लेकिन अमेरिका पर हुए हमले के बाद वो साल 2002 में पाकिस्तान चली गई थी और उसने मैसाचुसेट्स इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी से न्यूरोसाइंस की पढ़ाई की है। आफिया सिद्दीकी एक न्यूरोसाइंटिस्ट है, लेकिन बाद में वो आतंकवादियों के संपर्क में आ गई। पाकिस्तान में आफिया सिद्दीकी को एक हीरो और एक 'शहीद' के तौर पर सम्मान दिया जाता है और उसके समर्थकों का कहना है कि, 9/11 के बाद "आतंक के खिलाफ युद्ध" में तीन बच्चों की मां आफिया सिद्दीकी पर झूठा आरोप लगाया गया था और उन्हें बलि का बकरा बनाया गया था। साल 2018 में पाकिस्तान की सीनेट ने सर्वसम्मति से सिद्दीकी की स्वतंत्रता के मामले को अमेरिका के साथ उठाने के लिए एक प्रस्ताव पारित किया, जिसमें उन्हें "राष्ट्र की बेटी" के रूप में संदर्भित किया गया था।

अमेरिका मानता है खतरनाक आतंकवादी
आफिया सिद्दीकी को पाकिस्तान अपना 'बेटी' मानता है, तो अमेरिका में उसे एक खतरनाक आतंकवादी ओसामा बिन लादेन का सहयोगी और 'लेडी लादेन' कहा जाता है। एक वक्त आफिया सिद्दीकी को दुनिया का मोस्ट वांटेड महिला करार दिया गया था। आफिया सिद्दीकी की रिहाई के लिए इससे पहले आईएसआईएस ने एक अमेरिकी जर्नलिस्ट जेम्ल फोले को बंधक बना लिया था और आफिया की रिहाई की मांग की थी, लेकिन अमेरिकी सरकार ने आफिया को रिहा नहीं किया था, बाद में जेम्स फोले का आईएसआईएस ने तलवार से गर्दन काट दिया था और उसका वीडियो जारी किया गया था, जिसने पूरी दुनिया में सनसनी फैला दी थी। बावजूद इसके अमेरिकी सरकार ने आफिया को लेकर कोई नरमी नहीं बरती थी।

आफिया सिद्दीकी के वकीलों का दावा
एक तरफ अमेरिकी सरकार किसी भी तरह से आफिया के नाम पर समझौता करने को तैयार नहीं है, तो दूसरी तरफ आफिया के वकील और परिवारवाले उसे बेगुनाह मानते हैं और उसे इस्लामोफोबिया का शिकार मानते हैं। आफिया के बारे में बात करते हुए उसके वकील सैयद ने 'स्टार-टेलीग्राम' से कहा था कि, इस बात का एक उदाहरण है कि 11 सितंबर के आतंकवादी हमलों के बाद इस्लामोफोबिया कैसे नाटकीय रूप से बढ़ गया। उन्होंने कहा कि इस्लामोफोबिया एक "राजनीतिक हथियार" बन गया है जिसका इस्तेमाल सिद्दीकी जैसे मामलों में किया गया था। एक साक्षात्कार में, सैयद ने कहा कि सिद्दीकी के मामले पर सीएआईआर के काम के आधार पर उनका मानना है कि वह निर्दोष है।

आफिया सिद्दीकी के वकीलों के आरोप
आफिया सिद्दीकी के वकील द्वारा 2014 में दायर एक अपील के अनुसार, आफिया सिद्दीकी का 2003 में पाकिस्तानी पुलिस ने अपहरण कर लिया था और उसे पांच साल तक पाकिस्तानी और/या अमेरिकी सुरक्षा बलों की हिरासत में रखा गया था और अफगानिस्तान के बगराम डिटेंशन सेंटर में शारीरिक और मानसिक यातना दी गई। जबकि, अमेरिकी डिफेंस डिपार्टमेंट के अनुसार, सिद्दीकी लगातार पांच सालों तक सुरक्षा एजेंसियों से भाग रही थी और उसे 2008 में अफगानिस्तान में हिरासत में लिया गया था। उसकी तलाशी लेने वाले अधिकारियों को विस्फोटकों के निर्माण, अमेरिकी स्थलों के विवरण और बम बनाने के लिए कैमिकल्स के बोतल मिले थे।












Click it and Unblock the Notifications