भारत की मदद से श्रीलंका को मिल गया IMF से बेलऑउट पैकेज, हाथ मलता रह गया पाकिस्तान, जानिए कैसे?
IMF ने पाकिस्तान से कहा है, कि वो सऊदी अरब, चीन और संयुक्त अरब अमीरात से आगामी लोन पु लिखित आश्वासन दे, तभी उसे बेलऑउट पैकेज मिलेगा।

IMF Bailout Program For Sri Lanka: अंतर्राष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) ने सोमवार श्रीलंका के लिए बेलऑउट पैकेज की घोषणा कर दी है और आने वाले चार सालों में आईएमएफ की तरफ से श्रीलंका को करीब 3 अरब डॉलर का लोन मिलेगा, जिसके जरिए श्रीलंका अपनी अर्थव्यवस्था को फिर से पटरी पर वापस ला सकता है। श्रीलंका ने पिछले साल खुद को डिफॉल्ट घोषित कर दिया था और उसके बाद से देश के नये राष्ट्रपति रानिल विक्रमसिंघे लगातार बेलऑउट प्रोग्राम के लिए आईएमएफ से बात कर रहे थे और सबसे खास बात ये थी, कि श्रीलंका को आईएमएफ से ये लोन, भारत की बदौलत मिला है, लेकिन चीन जैसा 'दोस्त' होने के बाद भी पाकिस्तान आईएमएफ लोन के लिए अभी भी हाथ मल रहा है।
श्रीलंका को आईएमएफ से बेलऑउट पैकेज
आईएमएफ ने बयान जारी करते हुए कहा है, कि करीब 333 मिलियन डॉलर श्रीलंका को फौरन दिए जाएंगे और दुनिया के दूसरे वित्तीय संस्थानों से भी अब श्रीलंका के लिए मदद का रास्ता खुल गया है। आईएमएफ की मैनेजिंग डायरेक्टर क्रिस्टालिना जॉर्जीवा के हवाले से बयान में कहा गया है, कि "श्रीलका में काफी ज्यादा महंगाई है और श्रीलंका का विदेशी मुद्रा भंडार भी काफी कम है, अस्थिर सार्वजनिक ऋण और वित्तीय क्षेत्र में कमजोरियों की वजह से से देश भीषण आर्थिक और सामाजिक संकट का सामना कर रहा है"। उन्होंने आगे कहा, कि "संस्थानों और शासन के ढांचों में गहरे सुधारों की आवश्यकता है। श्रीलंका के लिए संकट से उबरने के लिए और तेज आर्थिक सुधारों के लिए आईएमएफ के समर्थन और उसके कार्यान्वयन की महत्वपूर्ण जरूरत है"। वहीं, आईएमएफ प्रोग्राम फाइनल होने के बाद श्रीलंका के राष्ट्रपति विक्रमसिंघे ने कहा, कि "आईएमएफ प्रोग्राम फाइनल होने के बाद अब देश अलग अलग वित्तीय संस्थानों से 7 अरब डॉलर तक का लोन फाइनल कर सकता है।"

भारत ने IMF लोन लेने में की है मदद
आपको बता दें, कि आईएमएफ से लोन हासिल करने के लिए श्रीलंका की सबसे ज्यादा मदद भारत ने की है, क्योंकि आईएमएफ ने श्रीलंका के सामने शर्त रखी थी, कि जब तक भारत और चीन की तरफ से श्रीलंका को लोन रीस्ट्रक्चर और आगामी लोन लेने का आश्वासन नहीं मिल जाता है, तब तक उसे लोन नहीं मिलेगा। जिसके बाद भारत ने फौरन श्रीलंका को लोन रीस्ट्रक्चर के लिए हामी भर दी, जबकि चीन ने कई महीनों तक श्रीलंका को बहलाया। हालांकि, इस महीने जैसे ही चीन ने ऋण पुनर्गठन आश्वासन दिया, ठीक वैसे ही आईएमएफ की तरफ से श्रीलंका को लोन मिलने का रास्ता साफ हो गया। राष्ट्रपति विक्रमसिंघे के कार्यालय ने कहा, कि "शुरू से ही, हम वित्तीय संस्थानों और अपने लेनदारों के साथ अपनी सभी चर्चाओं में पूरी पारदर्शिता के लिए प्रतिबद्ध हैं।" उन्होंने कहा, कि "मैं आईएमएफ और हमारे अंतरराष्ट्रीय भागीदारों को उनके समर्थन के लिए आभार व्यक्त करता हूं, क्योंकि हम विवेकपूर्ण राजकोषीय प्रबंधन और हमारे महत्वाकांक्षी सुधार एजेंडे के माध्यम से अर्थव्यवस्था को पटरी पर लाने के लिए काम कर रहे हैं।"

लोन के लिए हाथ मल रहा है पाकिस्तान
आपको बता दें, कि पाकिस्तान भी लंबे समय से आईएमएफ लोन के लिए हाथ-पैर मार रहा है, लेकिन अभी तक उसे कामयाबी नहीं मिली है। पाकिस्तान को लोन देने के लिए आईएमएफ इतनी शर्तें रख रहा है, कि पाकिस्तान की सरकार उल्टे पैर नाच रही है। आईएमएफ ने पिछले हफ्ते पाकिस्तान से कहा था, कि अगर उसे लोन चाहिए, तो फिर पाकिस्तान को सऊदी अरब, चीन, कतर और संयुक्त अरब अमीरात से लिखित में देना होगा, कि आईएमएफ से लोन मिलने के बाद ये देश भी पाकिस्तान को वित्तीय मदद देंगे। पाकिस्तान अभी तक मौखिक तौर पर कहता आया है, कि ये देश उसे वित्तीय मदद देंगे, लेकिन आईएमएफ की नई शर्तों को देखकर यही लगता है, कि आईएमएफ को पाकिस्तान पर एक पैसे का यकीन नहीं रहा।
Recommended Video

डिफॉल्ट होने के कगार पर पाकिस्तान
पाकिस्तानी एक्सपर्ट्स का कहना है, कि पाकिस्तान को बाहरी भुगतान दायित्वों में चूक करने से बचने के लिए आईएमएफ से लोन की किश्त मिलना अत्यंत जरूरी है। आईएमएफ अगर पाकिस्तान को लोन की किश्त जारी करता है, तो उसे कई और देनदारों से लोन मिल जाएगा और पाकिस्तान अपने बकाये का भुगतान कर सकता है, लेकिन आईएमएफ के साथ डील फेल हो जाता है, तो पाकिस्तान के लिए अपने बकाए का भुगतान करना काफी ज्यादा मुश्किल हो जाएगा। लेकिन, आईएमएफ की नई शर्तें देखकर ऐसा लगता है, कि आईएमएफ का विश्वास पाकिस्तान से उठ चुका है। आपको बता दें, कि पाकिस्तान और आईएमएफ के बीच लोन को लेकर 2019 में समझौता हुआ था, जिसके तहत आईएमएफ से पाकिस्तान को 6.5 अरब डॉलर का लोन कई किश्तों में मिलने वाला था, लेकिन बाद में इमरान खान ने आईएमएफ की शर्तों को तोड़ दिया और फिर आईएमएफ ने पाकिस्तान के लोन को रोक दिया। उसी बेलऑउट प्रोग्राम के तहत इस बार पाकिस्तान, आईएमएफ से 1.1 अरब डॉलर का नया लोन हासिल करने के लिए संघर्ष कर रहा है।
-
प्यार में ये कैसा पागलपन? महेश भट्ट के लिए सड़क पर बिना कपड़ों के दौड़ीं ये फेमस एक्ट्रेस, फिर हुआ दर्दनाक अंत -
Sone ka Bhav: जंग के बीच सोने में बड़ी गिरावट! 7000 रुपये सस्ता, क्यों गिर रहा है भाव? आज का लेटेस्ट Gold Rate -
Weather Delhi NCR: दिल्ली में कब साफ होगा मौसम? दो दिन बाद फिर लौटेगी बारिश, IMD के अलर्ट ने बढ़ाई टेंशन -
Hyderabad Gold Silver Rate Today: ईद के मौके पर सोना-चांदी ने किया हैरान, जानें कहां पहुंचा भाव? -
Gold Rate Today: सोना सस्ता या अभी और गिरेगा? Tanishq से लेकर Kalyan, Malabar तक क्या है गहनों का भाव? -
Iran Espionage Israel: दूसरों की जासूसी करने वाले इजरायल के लीक हुए सीक्रेट, Iron Dome का सैनिक निकला जासूस -
Petrol Price Hike: ईरान जंग का पहला झटका! पावर पेट्रोल हुआ महंगा, इतना बढ़ा दाम, चेक करें लेटेस्ट रेट -
Weather UP: लखनऊ में 60KM की स्पीड से चलेंगी हवाएं! इन 26 जिलों में बारिश के साथ ओले गिरने का अलर्ट -
धामी मंत्रिमंडल में शामिल हुए ये 5 विधायक, दिल्ली से नाम हुए फाइनल, कुछ नामों ने चौंकाया, जानिए पूरी लिस्ट -
Surya Midha Net Worth: कौन हैं 22 साल के सूर्या मिधा? जकरबर्ग को पछाड़ बने सबसे युवा अरबपति? अथाह है संपत्ति -
Petrol Price: पेट्रोल के बाद Industrial Diesel भी महंगा, आपके शहर में कहां पहुंचा रेट? -
VIDEO: राष्ट्रपति ने प्रेमानंद महाराज को देखते ही किया प्रणाम! सादगी ने जीता दिल, क्या हुई आध्यात्मिक चर्चा?












Click it and Unblock the Notifications