SCO समिट से पहले रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने भारत, रूस और चीन को बताया बड़ा खिलाड़ी
रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने कहा है भारत, चीन और रूस शंघाई को-ऑपरेशन ऑर्गनाइजेशन यानी एससीओ के बड़े खिलाड़ी हैं। नौ और 10 को चीन के शहर किंगदाओ में एससीओ समिट का आयोजन होना है और उससे कुछ ही समय पहले आए पुतिन के इस बयान को काफी अहम माना जा रहा है। इस वर्ष चीन में यह 18वीं एससीओ समिट है।
मॉस्को। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमिर पुतिन ने कहा है भारत, चीन और रूस शंघाई को-ऑपरेशन ऑर्गनाइजेशन यानी एससीओ के बड़े खिलाड़ी हैं। नौ और 10 को चीन के शहर किंगदाओ में एससीओ समिट का आयोजन होना है और उससे कुछ ही समय पहले आए पुतिन के इस बयान को काफी अहम माना जा रहा है। इस वर्ष चीन में यह 18वीं एससीओ समिट है। पुतिन ने यह बात चीन के राष्ट्रीय इंग्लिश चैनल पर कही है। पुतिन ने कहा आठ सदस्यों वाला यह संगठन जिसे चीन, रूस और दूसरे देशों के बीच बॉर्डर से जुड़े विवादों को सुलझाने के लिए बनाया गया था, अब इससे बहुत आगे आ गया है।

भारत का समर्थक रूस
रूसी राष्ट्रपति पुतिन ने कहा, 'एससीओ सदस्य दुनिया की जीडीपी में एक चौथाई का योगदान करते हैं, दुनिया की जनसंख्या में 43 प्रतिशत इनकी भागीदारी है और दुनिया के क्षेत्र का 23 प्रतिशत हिस्सा इनके अंतर्गत आता है।' पुतिन ने चीन के सीजीटीएन इंग्लिश चैनल और चीन के दूसरे मीडिया ग्रुप के साथ बातचीत में यह बात कही है। उन्होंने जोर देकर कहा कि चीन, भारत और रूस की प्रगति काफी तेजी से हो रही है और ये तीन देश इस संगठन के बड़े खिलाड़ी हैं। भारत के अलावा इस बार पाकिस्तान भी एससीओ में फुल मेंबरशिप के साथ हिस्सा लेगा। कई लोगों का मानना है कि भारत की सदस्यता के लिए रूस ने जोर दिया था तो पाकिस्तान को चीन का समर्थन मिला था।

साल 2001 में हुई थी एससीओ की शुरुआत
एससीओ की स्थापना साल 2001 में रूस, चीन, कीर्ग रिपब्लिक, कजाखिस्तान, तजाकिस्तान और उजबेकिस्तान के राष्ट्रपतियों ने शंघाई में की थी। पीएम मोदी यहां पर इस समिट से अलग पुतिन से मुलाकात कर सकते हैं, अगर दोनों के बीच द्विपक्षीय मुलाकात हुई तो फिर तीन हफ्तों के अंदर यह दूसरा मौका होगा जब मोदी और पुतिन की मुलाकात होगी। पीएम मोदी और राष्ट्रपति पुतिन मई माह में रूस के शहर सोची में मिले थे। उस समय पीएम मोदी ने कहा था, ' रूस, भारत का पुराना दोस्त है। दोनों देश लंबा इतिहास साझा करते हैं और राष्ट्रपति पुतिन मेरे व्यक्तिगत मित्र हैं और भारत के दोस्त हैं।'

रूस बनेगा अहम साझीदार
एससीओ में रूस, भारत का अहम साझीदार होगा क्योंकि पाकिस्तान के साथ भारत के रिश्ते हमेशा से तनावपूर्ण रहे हैं तो चीन के साथ भी कुछ मतभेद हैं। चौथी बार रूस के राष्ट्रपति बने पुतिन ने कहा उनके देश और पश्चिमी देशों के बीच रिश्ते सकारात्मक हो सकते हैं। उन्होंने रूस पर लगाए गए कुछ प्रतिबंधों पर भी हैरानी नहीं जताई। पुतिन ने कहा कि इन प्रतिबंधों के बाद भी रूस आजादी और संप्रभुता का रास्ता नहीं छोड़ेगा। पुतिन के मुताबिक जिन देशों ने अमेरिका का रास्ता अपनाया है उन्हें भी काफी नुकसान उठाना है।












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