कभी कॉन्सर्ट हॉल, कभी थिएटर तो कभी एयरपोर्ट.. आतंकियों के लिए काफी आसान टारगेट क्यों रहा है रूस?
Russia Terrorist Attack: मॉस्को रॉक कॉन्सर्ट हॉल में हुए भीषण आतंकी हमले ने पूरी दुनिया को दहला कर रख दिया है, जहां आतंकवादियों ने हॉल में घुसकर भीषण गोलीबारी और बमबारी की है, जिसमें 70 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है।
रूस ने इस हमले को आतंकवादी हमला करार दिया है, जबकि आतंकवादी संगठन ISIS-K ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। मॉस्को में हुआ ये हमला, पिछले कुछ सालों रूसी राजधानी में हुआ ये सबसे भीषण हमला है। लेकिन, रूस के सीने पर हमेशा से आतंकवाद का खंजर भोंका जाता रहा है।

आइये जानते हैं, पिछले 25 सालों रूस में कौन कौन से बड़े हमले हुए है?
1999 में अपार्टमेंट बिल्डिंग बम धमाका
रूस में 13 सितंबर 1999 को दक्षिण-पूर्व मॉस्को में एक आठ मंजिला अपार्टमेंट इमारत में हुए बम विस्फोट में 118 लोग मारे गए थे। यह आतंकवादी हमला मॉस्को और दक्षिणी रूसी शहर हउफ में सिर्फ दो हफ्तों में हुए पांच हमलों में से एक था, जिसमें कुल मिलाकर 293 लोगों की मौत हुई थी। मॉस्को, मुख्य रूप से मुस्लिम आबादी वाले उत्तरी काकेशस गणराज्य चेचन्या के अलगाववादी "आतंकवादियों" पर हमलों का आरोप लगाता है। इस हमले के बाद पुतिन ने चेचन्या के अलगाववादी विद्रोह को कुचलने की शुरूआत कर दी थी।
थिएटर बंधक संकट, 130 मरे (2002)
23 अक्टूबर 2002 को 21 पुरुष और 19 महिला चेचन विद्रोहियों के एक समूह ने मॉस्को के डबरोव्का थिएटर में एक संगीत कार्यक्रम के दौरान धावा बोल दिया और 800 से ज्यादा लोगों को बंधक बना लिया था। इस घटना के बाद बंधकों को रिहा करवाने के लिए 2 दिन और तीन रात तक सुरक्षा बलो का ऑपरेशन जारी रहा है। जिसके बाद अंत में आतंकवादियों को काबू में करने के लिए सुरक्षा बलों ने थियेटर में बेहोश करने वाली गैस छोड़ी थी और फिर थिएटर के अंदर दाखिल हुए थे। इस दौरान आतंकवादियों ने 130 लोगो की हत्या कर दी थी।
रॉक कॉन्सर्ट पर हमला, 15 मरे (2003)
5 जुलाई 2003 को चेचन्या अलगाववादी आत्मघाती 2 महिलाओं ने मॉस्को के पास तुशिनो हवाई क्षेत्र में एक रॉक कॉन्सर्ट के दौरान खुद को उड़ा लिया था, जिसमें 15 लोगों की मौत हो गई थी और करीब 50 अन्य लोग घायल हो गए थे।
मेट्रो बम विस्फोट, 41 मरे (2004)
6 फरवरी 2004 को चेचन्या के एक अलगाववादी ने सुबह के व्यस्त समय के दौरान खचाखच भरे मॉस्को मेट्रो में बम विस्फोट कर दिया था, जिसमें 41 लोग मारे गए थे।
मेट्रो आत्मघाती हमला, 40 मरे (2010)
29 मार्च 2010 को दो अन्य महिला आत्मघाती हमलावरों ने मॉस्को मेट्रो में खुद को उड़ा लिया था। इन हमलों में चालीस लोग मारे गए थे, जिनमें से एक हमले में एफएसबी खुफिया सेवाओं के मुख्यालय के बगल में लुब्यंका स्टेशन को निशाना बनाया गयाष दोनों हमलावर दागेस्तान के अस्थिर उत्तरी काकेशस क्षेत्र से थे। चेचन विद्रोही नेता डोकू उमारोव का काकेशस अमीरात समूह जिम्मेदारी का दावा करता है।
हवाई अड्डे पर हमला, 37 मरे (2011)
24 जनवरी 2011 को मॉस्को डोमोडेडोवो अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे के आगमन हॉल में एक आत्मघाती हमलावर ने खुद को उड़ा लिया था, जिसमें 37 लोग मारे गए। काकेशस अमीरात समूह ने हमले की जिम्मेदारी ली थी।












Click it and Unblock the Notifications