Pink Moon:आसमान में दुर्लभ नजारा, प्राकृतिक संयोग में और कितना समय है बाकी? जानिए
नई

रविवार रात में देखा जा सकता है पिंक मून
खगोल विज्ञान ने चाहे जितनी भी तरक्की कर ली हो, मानव का सामना अभी भी ऐसी दुर्लभ प्राकृतिक घटनाओं से होता है, जो चौंका देता है। इन दिनों धरती के लोग एक ऐसे ही अद्भुत और दुर्लभ प्राकृतिक घटना से दो-चार हो रहे हैं। यह है- सुपर पिंक मून या गुलाबी चांद। इस बार हिंदी मास के हिसाब से चैत्र मास की पूर्णिमा के दिन यह अद्भुत संयोग हुआ है। इस प्राकृतिक घटना को दुर्लभ संयोग इसलिए माना जा रहा है, क्योंकि सनातन धर्म के तहत इसी दिन संकटमोचन हनुमान जी की जन्मोत्सव भी मनाया गया है। गुलाबी चांद का दौर नीले आसमान में अभी जारी है और आपके पास इस दुर्लभ नजारे को अपनी यादों और कैमरों में हमेशा-हमेशा के लिए कैद करने का मौका बचा हुआ है।
Recommended Video

18 अप्रैल तड़के तक हो सकता है दीदार
पिंक मून को ज्ञान की भाषा में कुछ और नामों से भी जाना जाता है, ये हैं- स्प्राउटिंग ग्रास मून, एग मून, फिश मून, पेसाच मून और पासओवर मून। इस बार इस सुपर पिंक मून को वीकेंड पर दुनिया के कई हिस्सों से देखा जा रहा है। अमेरिकी अंतरिक्ष एजेंसी नासा के मुताबिक यह गुलाबी चांद शुक्रवार सुबह से ही दिखना शुरू है और सोमवार सुबह तक इसका दीदार हो सकता है। यह रविवार के तड़के कुछ समय के लिए अपने पूरे शबाब पर पहुंचा। यह सुपरमून 18 अप्रैल यानी सोमवार सुबह तक कैमरे में कैद किया जा सकता है और रविवार रात यानी 17 अप्रैल को 12.15 बजे यह अपने चरम खिला हुआ नजर आया।

पौधे से जुड़ा है नाम- पिंक मून
यह जानना जरूरी है कि गुलाबी चांद का नाम पिंक मून सिर्फ इसलिए नहीं पड़ा है कि यह देखने में ऐसा है। बल्कि, इसका नाम एक गुलाबी पौधे (क्रीपिंग फ्लॉक्स, मॉस फ्लॉक्स) के नाम पर पड़ा है, जो अमेरिका के पूर्वी इलाके में पाया जाता है और वहां बसंत के मौसम में खिलता है। जिसका कि अप्रैल के पूर्णिमा के साथ भी संयोग मिल जाता है। जो कि अमेरिका के पूर्वी इलाके में बसंत के मौसम में खिलने वाले फूलों में से एक है और लोग इसे देखने के लिए पहले से छुट्टियां प्लान करके रखते हैं।

प्राकृतिक संयोग को देखने का है मौका
लोग इस पिंक मून के दीदार के बाद इसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर जमकर साझा कर रहे हैं। इंटरनेट पर जो तस्वीरें उपलब्ध हैं, उसमें यह काफी जगह पर गुलाबी महसूस हो रहा है। वहीं कुछ इलाकों में यह नारंगी रंग में भी नहलाया हुआ नजर आ रहा है। वैसे तो इस पिंक मून की तस्वीरें अब सोशल मीडिया पर खूब उपलब्ध हैं। लेकिन, यदि आप खुद भी दीदार करना चाहते हैं तो दुनिया के कई हिस्सों में रविवार की रात और सोमवार तड़के यह फिर दिखाई देने वाला है। रविवार रात जब चांद निकलेगा तो आप खुद इसके गवाह बन सकते हैं। सोमवार तड़के तक पिंक मून को देखा जा सकता है।
कैमरे में ऐसे कैद करें पिंक मून
यदि आप अपने स्मार्ट फोन से पिंक मून को हमेशा के लिए कैमरे में कैद करना चाहते हैं तो उस स्थान को पहले से तलाश लीजिए, जहां से आप आसानी से चांद देख सकते हैं। फ्लैश का इस्तेमाल नहीं कीजिए। स्मार्टफोन में एचडीआर मोड का इस्तेमाल कीजिए। ऑप्टिकल जूम का उपयोग कीजिए। स्मार्टफोन में फुल रिजॉल्यूशन का इस्तेमाल करें। चांद पर ही फोकस रखिए। टाइमलैप्स वीडियो सबसे बेहतरीन विकल्प है।(ऊपर की तस्वीरें- प्रतीकात्मक)












Click it and Unblock the Notifications