उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया से संपर्क के लिए बने अंतर-कोरियाई कार्यालय को बम से उड़ाया
उत्तर कोरिया ने दक्षिण कोरिया से संपर्क के लिए बने अंतर-कोरियाई कार्यालय को बम से उड़ाया
नई दिल्ली। दुनिया भर में कोरोना महामारी के बीच कई देशों के बीच विभिन्न सीमाओं को लेकर तनाव बढ़ता ही जा रहा हैं। मंगलवार को उत्तर कोरिया और दक्षिण कोरिया के बीच तनाव एक बार फिर बढ़ता दिख रहा हैं। दरअसल, उत्तर कोरिया ने दोनों देशों के बीच बढ़ते तनाव के बीच एक अंतर-कोरियाई संपर्क कार्यालय को मंगलवान को बड़े ही नाटकीय अंदाज में उड़ा दिया है।
Recommended Video

समाचार एजेंसी के अनुसार उत्तर कोरिया ने अपने सीमावर्ती शहर केसोंग में अंतर-कोरियाई संयुक्त संपर्क कार्यालय को एक जबरदस्त विस्फोट करवाके उड़ा दिया हैं। इस विस्ट से कोरियाई प्रायद्वीप पर तेजी से तनाव बढ़ाता है और परमाणु कूटनीति के बीच वाशिंगटन और सियोल पर दबाव डालता है। इतना ही नहीं किम जोंग लगातार को चलाने का आरोप पिछले कुछ समय से लगा रहे हैं। इस घटना के बाद दोनों देशों के बीच तनाव और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।

बता दें उत्तर कोरिया का तानाशाह किम जोंग-उन पहले भी ऐसा कई बार कर चुका है। ये भी खबर है कि किम ने कई विरोधियों को मिसाइल के साथ बांधकर मौत के घाट उतार दिया है। आपको बता दें उत्तर कोरिया की ओर से कुछ ही दिन पहले दोनों देशों के बीच शुरू की गई हॉटलाइन सेवा को भी बंद कर दिया था। वहीं पिछले कुछ समय से उत्तर कोरिया से सटी हुइर्द सीमा पर किम विरोधी गुट बैनर और अन्य तरीकों से सरकार विरोधी प्रदर्शन कर रहे हैं। विरोध करने वाले प्रदर्शनकारी किम के खिलाफ मानवाधिकार उल्लंघन के भी आरोप लगा रहे हैं। उत्तर कोरिया का आरोप है कि ये सब कुछ एक तय मंशा के तहत किया जा रहा है और दक्षिण कोरिया की सरकार इसको रोक नहीं रही है।
इमारत का विध्वंस, जो उत्तर कोरियाई क्षेत्र पर स्थित है और वहां कोई दक्षिण कोरियाई काम नहीं कर रहा था, काफी हद तक प्रतीकात्मक माना जा रहा है। लेकिन यह अभी भी सबसे अधिक बड़ी बात है क्योंकि उत्तर कोरिया ने 2018 में परमाणु कूटनीति में प्रवेश किया था, क्योंकि अमेरिकी-उत्तर कोरियाई गतिरोध के कारण कई युद्ध हुए थे। यह अंतर-कोरियाई संबंध को बहाल करने के लिए उदार दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति मून जे-इन के प्रयासों को एक गंभीर झटका देगा।












Click it and Unblock the Notifications