जापान ने समंदर में फेंकना शुरू किया फुकुशिमा प्लांट का करोड़ों लीटर जहरीना पानी, चीन ने लगाए प्रतिबंध
जापान ने प्रशांत महासागर में फुकुशिमा न्यूक्लियर प्लांट का रेडियोएक्टिव पानी छोड़ना शुरू कर दिया है। इस पानी का इस्तेमाल जापान अपने न्यूक्लीयर पावर प्लांट में रिएक्टर्स को ठंडा रखने के लिए करता था। जापान सरकार को समंदर में पानी छोड़ने के लिए IAEA की अनुमति मिली थी।
स्थानीय समय के मुताबिक दोपहर 1:03 बजे ये प्रक्रिया शुरू की गई। पहले दिन करीब 2 लाख लीटर पानी छोड़ा जाएगा। इसके बाद इसे बढ़ाकर 4.60 लाख लीटर कर दिया जाएगा।

हालांकि जापान के पड़ोसी चीन और दक्षिण कोरिया में इस फैसले का विरोध शुरू हो गया है। चीन ने जापान के सभी जलीय उत्पादों पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा कर दी है।
रिलीज़ शुरू होने के कुछ ही समय बाद, चीन ने इसकी औपचारिक शिकायत दर्ज की है, और जापान पर 'बेहद स्वार्थी' होने का आरोप लगाया है।
चीन ने फुकुशिमा से मछली और खाद्य उत्पादों के आयात पर प्रतिबंध लगा दिया है और कहा है कि यह उपाय तब तक जारी रहेगा जब तक कि जनता की चिंता कम नहीं हो जाती।
वहीं, दक्षिण कोरिया में मुख्य विपक्षी पार्टी ने पानी निकासी के खिलाफ मोमबत्ती जलाकर जुलूस निकाला है। विरोध के दौरान सियोल में जापानी दूतावास में प्रवेश की कोशिश की गई। जिसके बाद कम से कम 14 लोगों को गिरफ्तार किया गया है।
न्यूक्लियर प्लांट को मेंटेन करने वाली कंपनी TEPCO के एक अधिकारी ने एक वीडियो लिंक के माध्यम से अलजजीरा को बताया कि सबसे पहले सैंपल के तौर पर शुरुआती टैंक से थोड़ा पानी छोड़ा गया है। सभी कुछ ठीक नजर आया है।
अधिकारी ने कहा कि प्लांट से पानी को रिलीज करने वाला पंप 24 घंटे एक्टिव रहेगा। पूरी डिस्चार्ज प्रक्रिया में 40 साल तक का समय लगने की उम्मीद है।
कंपनी मार्च 2024 तक चार बार फिल्टर किया पानी छोड़ेगी, जिसमें हर बार 7,800 क्यूबिक मीटर पानी छोड़ा जाएगा। अभी जो डिस्चार्ज शुरू हुआ है उसमें लगभग 17 दिन लगने की उम्मीद है।
जापान में साल 2011 में भीषण सुनामी आई थी। जिसमें फुकुशिमा न्यूक्लियर प्लांट के तीन रिएक्टर बंद हो गए थे। सुनामी ने रिएक्टर्स के कूलिंग सिस्टम को खासा नुकसान पहुंचाया था। इसके बाद न्यूक्लियर पावर प्लांट में रिएक्टर्स को ठंडा रखने के लिए पानी का इस्तेमाल किया जाने लगा।
अब तक इस काम के लिए दस लाख टन से भी अधिक पानी का इस्तेमाल हो चुका है। ये पानी न्यूक्लियर पावर प्लांट की साइट पर बने टैंक्स में स्टोर में है। पानी को स्टोर करने की जगह की कमी के कारण जापान ने इसे समुद्र में छोड़ने का फैसला किया गया।
साल 2019 में जापान के पर्यावरण मंत्री ने घोषणा की थी कि उनके पास इस पानी को समुद्र में छोड़ने के अलावा और कोई विकल्प नहीं है। पानी जरूरत से ज्यादा इकठ्ठा हो चुका है और भूकंप या फिर सुनामी की स्थिति में ये खतरनाक साबित हो सकता है।
चीन का कहना है कि जापान के इस फैसले से समुद्री पर्यावरण और दुनिया भर के लोगों के स्वास्थ्य के लिए खतरा पैदा हो गया है। कचरे के रेडियोधर्मी होने की वजह से समुद्री जीवों के मृत हो जाने का खतरा है।
हालांकि जापान की सरकार का कहना है कि समुद्र में छोड़ा जा रहे पानी को साफ कर फेंका जा रहा है। इसलिए इस पानी से समंदर पर कोई असर नहीं पड़ेगा। हालांकि जानकारों के मुताबिक पानी में फिर भी ट्राइटियम के कण मौजूद रहेंगे।
ट्राइटियम एक रेडियो एक्टिव मैटिरियल होता है। यह हाइड्रोजन का आइसोटोप है, जिसे पानी से अलग नहीं किया जा सकता है। ऐसा करने के लिए फिलहाल कोई तकनीक उपलब्ध नहीं है। इसके संपर्क में आने पर कैंसर जैसी बीमारियां हो सकती हैं।
-
Gold Rate Today: सोना खरीदारों की मौज! हफ्ते के पहले ही दिन धड़ाम से गिरे दाम, चेक करें अपने शहर का नया रेट -
Tamil Nadu: धमकी से मुस्लिम महिला की सुरक्षा तक—हजीना सैयद के आरोपों से हिली कांग्रेस, चुनाव से पहले फोड़ा बम -
फोन इस्तेमाल करने पर राजस्थान रॉयल्स का अजीब जवाब, BCCI के नोटिस के बाद कहा- मैनेजर के फेफड़े खराब -
कौन हैं 24 साल के प्रफुल हिंगे? IPL डेब्यू मैच के पहले ओवर में झटके 3 विकेट, तोड़ दी राजस्थान रॉयल्स की कमर -
युवराज सिंह के शिष्य की दुखद मौत, 3 दिन के बाद मिली लाश, IPL में आने से पहले ही चली गई जान -
Hajj 2026: ईरान जंग के बीच सऊदी ने मक्का में बैन की एंट्री! हज से पहले सख्त हुए नियम, उमरा वीजा सस्पेंड -
IPL 2026: जयपुर में नहीं खेलेंगे रोहित-कोहली और धोनी, BCCI ने राजस्थान के फैंस को बनाया बेवकूफ -
MP CM Kisan Kalyan Yojana: 82 लाख किसानों को बड़ा तोहफा! 14-15 अप्रैल को खाते में आ सकती है किस्त -
VIDEO: सुरों की 'देवी' को विदा करने पहुंचे क्रिकेट के भगवान! आशा भोंसले को देख फूट-फूटकर रो पड़े सचिन -
Trump Vs China: अमेरिका पर भड़का चीन, ट्रंप को दी चेतावनी, कहा- 'कोई हमारे मामलों में दखल न दे' -
'Kanika Sharma की वजह से लड़कियां 32 टुकड़ों में कट रहीं', मुस्लिम से शादी पर हिंदू शेरनी रिद्धिमा बरसीं -
Kal Ka Match Kon Jeeta 12 April: कल का मैच कौन जीता- मुंबई इंडियंस vs आरसीबी












Click it and Unblock the Notifications