Captain Ajay Pant Arrest UK: कैप्टन अजय पंत कौन, ब्रिटेन ने क्यों किया गिरफ्तार? परिवार ने सरकार से लगाई गुहार
Captain Ajay Pant Arrest UK: रूस से भारत आ रहे एक तेल टैंकर के भारतीय कैप्टन अजय पंत की ब्रिटेन में गिरफ्तारी ने उनके परिवार की चिंता बढ़ा दी है। उत्तराखंड के रहने वाले पंत पर ब्रिटेन ने रूस से जुड़े प्रतिबंधों के उल्लंघन का आरोप लगाया है। हालांकि परिवार का कहना है कि वह सिर्फ अपनी कंपनी के आदेशों का पालन कर रहे थे और उनका इस मामले से कोई लेना-देना नहीं है।
15 साल के बेदाग करियर वाले अजय पंत की रिहाई के लिए अब परिवार ने भारत सरकार से मदद मांगी है। मामला अंतरराष्ट्रीय नियमों और रूस पर लगे प्रतिबंधों से जुड़ा हुआ है।

रूस से आ रहे टैंकर पर ब्रिटिश एक्शन
अजय पंत जिस MV Smyrtos जहाज के कप्तान थे, उसे ब्रिटिश एजेंसियों ने इंग्लिश चैनल में रोक लिया। आरोप है कि जहाज रूस से तेल लेकर भारत आ रहा था और उस पर ब्रिटेन तथा यूरोपीय संघ के प्रतिबंध लागू थे। रॉयल मरीन और नेशनल क्राइम एजेंसी ने संयुक्त ऑपरेशन चलाकर जहाज पर छापा मारा। जांच के दौरान कप्तान अजय पंत को हिरासत में ले लिया गया और बाद में कोर्ट में पेश किया गया। इस कार्रवाई ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ध्यान खींचा है।
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कोर्ट में क्या बोले कप्तान के वकील?
साउथैम्प्टन मजिस्ट्रेट कोर्ट में पेशी के दौरान अजय पंत के वकील जेम्स डायमंड ने उनका बचाव किया। उन्होंने कहा कि पंत केवल एक कर्मचारी हैं और जहाज कहां जाएगा या उसमें क्या माल होगा, इसका फैसला कंपनी करती है। वकील ने दलील दी कि कप्तान ने सिर्फ अपने अधिकारियों के निर्देशों का पालन किया। ऐसे में उन्हें व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार ठहराना उचित नहीं है। अब यह मामला अगले महीने बोर्नमाउथ क्राउन कोर्ट में सुना जाएगा।
परिवार बोला- हमारे साथ कोई संपर्क नहीं किया गया
अजय पंत की पत्नी रितु पंत ने बताया कि उन्हें अपने पति की गिरफ्तारी की जानकारी सोशल मीडिया और ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट्स से मिली। उनका कहना है कि ब्रिटेन या भारतीय अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक सूचना नहीं दी गई। रितु ने कहा कि उनके पति का 15 साल से ज्यादा का समुद्री करियर पूरी तरह साफ रहा है। परिवार का मानना है कि वह सिर्फ अपनी ड्यूटी निभा रहे थे और इस पूरे मामले में उनकी कोई व्यक्तिगत गलती नहीं है।
उत्तराखंड सरकार और MEA भी हुए एक्टिव
मामले के सामने आने के बाद उत्तराखंड सरकार ने केंद्र सरकार से संपर्क किया है। राज्य के गृह सचिव शैलेश बगौली ने बताया कि विदेश मंत्रालय को पत्र भेजकर अजय पंत की रिहाई और सुरक्षित वापसी के लिए मदद मांगी गई है। ब्रिटेन स्थित भारतीय उच्चायोग को भी पंत से मिलने की कांसुलर अनुमति मिल चुकी है। दिल्ली में मौजूद राज्य सरकार के अधिकारी लगातार विदेश मंत्रालय के संपर्क में हैं ताकि जल्द से जल्द कोई समाधान निकाला जा सके।
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क्यों विवादों में है MV Smyrtos जहाज?
रिपोर्ट्स के मुताबिक MV Smyrtos रूस के उस्त-लुगा टर्मिनल से एक लाख टन से ज्यादा कच्चा तेल लेकर गुजरात के सिक्का पोर्ट की ओर जा रहा था। यह जहाज पहले कैमरून के झंडे के तहत चल रहा था, लेकिन हाल ही में उसकी रजिस्ट्रेशन रद्द कर दी गई थी। इसके बाद यह बिना किसी वैध राष्ट्रीय झंडे के समुद्र में सफर कर रहा था। ब्रिटेन का दावा है कि यह जहाज रूस के उस नेटवर्क का हिस्सा है जो प्रतिबंधों के बावजूद तेल व्यापार जारी रखने में मदद करता है।












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