फिलीपींस में भारतीय रक्षा अधिकारियों की हो सकती है तैनाती, डिफेंस अताशे भेजने की संभावना, जानें मायने
भारत और फिलीपींस के बीच रक्षा समझौते काफी मजबूत हुए हैं और फिलीपींस भारत का पहला डिफेंस ग्राहक है। फिलीपींस ने भारत से ब्रह्मोस मिसाइल खरीदे हैं।

India-Philippines Tie: दक्षिण चीन सागर में चीन की बढ़ती आक्रामकता के बीच अब अमेरिका और भारत ने मिलकर ड्रैगन को घेरना शुरू कर दिया है और इसमें सबसे बड़ी भूमिका निभा रहा है, फिलीपींस। फिलीपिंस ने इसी साल अमेरिका को अपनी जमीन पर सैन्य निर्माण करने की इजाजत दे दी है और अब भारत, अपने रक्षा अधिकारियों की तैनाती फिलीपींस में कर सकता है, जिसको लेकर दोनों देशों के बीच समझौते की संभावना बन गई है।
मनीला में रक्षा अताशे की तैनाती
रिपोर्ट के मुताबिक, फिलीपींस और भारत के बीच एक नया समझौता होने की संभावना है, जिसके तहत भारतीय रक्षा अताशे की तैनाती की मनीला में की जाएगी और दोनों देशों ने इस संभावना का स्वागत किया है। इसका मतलब ये हुआ, कि जल्द ही आधिकारिक भारतीय दूतों की तैनाती फिलीपींस में हो सकती है, जो फिलीपींस में रक्षा व्यवस्था और सुरक्षा विकास का काम देखेगा। ये अधिकारी रक्षा मंत्रालय के उच्चाधिकारियों में से एक होगा।

फिलीपींस-भारत संयुक्त रक्षा सहयोग समिति
रणनीतिक आंकलन और अंतर्राष्ट्रीय मामलों के रक्षा सहायक सचिव पाब्लो लोरेंजो ने 31 मार्च को आयोजित चौथी फिलीपींस-भारत संयुक्त रक्षा सहयोग समिति (JDCC) में फिलीपींस के राष्ट्रीय रक्षा-सशस्त्र बलों के विभाग के अधिकारियों के प्रतिनिधिमंडल का नेतृत्व किया है। JDCC से पहले, प्रतिनिधियों ने 29 मार्च को अपनी दूसरी सर्विस-टू-सर्विस बैठक की थी। जिसमें दोनों देशों के बीच समुद्री सुरक्षा सहयोग बढ़ाने, साइबर सुरक्षा को मजबूत करने, सैन्य चिकित्सा, ज्वाइंट ट्रेनिंग, मानवीय सहायता और आपदा के दौरान सहयोग करने पर भी सहमति बनी है। इसके अलावा दोनों देशों के बीच आंतरिक सुरक्षा परियोजना पर भी काम करने को लेकर सहमति बनी है, जिसका मतलब ये हुआ, कि चीन के खिलाफ फिलीपींस अपनी सुरक्षा नीति को कैसे बनाए, इसमें भारत उसकी मदद करेगा।
एक्ट ईस्ट नीति पर भी चर्चा
इसके साथ ही, फिलीपींस के अधिकारियों के साथ भारत ने अपनी एक्ट ईस्ट नीति पर भी चर्चा की है, जबकि फिलीपींस ने अपने भारतीय समकक्षों को क्षेत्र में सुरक्षा वातावरण पर अपडेट किया है। दोनों देशों के अधिकारियों ने इस बात पर भी चर्चा की है, कि 2023 से 2025 के लिए फिलीपींस-भारत रक्षा इंगेजमेंट प्लान में क्या शामिल होगा? आपको बता दें, कि फिलीपींस पहले ही भारत से ब्रह्मोस मिसाइल खरीद रहा है और माना जा रहा है, फिलीपींस जल्द ही ब्रह्मोस मिसाइस का दूसरा ऑर्डर भी देने वाला है।
Recommended Video

भारत-फिलीपींस रक्षा संबंध
आपको बता दें, कि भारत और फिलीपींस ने रक्षा सहयोग को लेकर 2006 में अपनी प्रतिबद्धता की पुष्टि की थी, जिस पर भारत के पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम की फिलीपींस यात्रा के दौरान हस्ताक्षर किए गए थे। फिलीपीन डीएनडी ने एक बयान में कहा है, कि "फिलीपीन और भारतीय प्रतिनिधिमंडलों ने अपने संबंधित रक्षा स्वदेशीकरण या आत्मनिर्भर रक्षा आसन कार्यक्रम, खरीद और अधिग्रहण पर बातचीत की है।" आपको बता दें, कि फिलीपींस ने जनवरी 2022 में भारत से एक एंटी-शिप मिसाइल सिस्टम पर सहमति व्यक्त की है। फिलीपीन नौसेना के एंटी-शिप मिसाइल सिस्टम के लिए ब्रह्मोस एयरोस्पेस को लगभग 375 मिलियन डॉलर का कॉन्ट्रैक्ट दिया गया है।












Click it and Unblock the Notifications