अमेरिकी संसद में मंत्र पाठ के साथ हुआ पहला हिन्दू-अमेरिकी सम्मेलन, सांसद बोले, राष्ट्रपति चुनने की है ताकत
Hindu-American Summit: भारत के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अमेरिका यात्रा से पहले यूएस संसद में पहला हिन्दू-अमेरिका शिखर सम्मेलन का आयोजन किया गया, जिसका उद्घाटन वैदिक मंत्रोच्चार के साथ किया गया। अमेरिका में रहने वाले हिन्दुओं के इस सम्मेलन को 'अमेरिकन्स फॉर हिंदूज' नाम दिया गया था।
इस सम्मेलन के दौरान भारतीय-अमेरिकी सांसद श्री थानेदार ने अमेरिकी संसद में एक 'हिन्दू कॉकस' बनाने की घोषणा की है, जिसका मकसद समान विचारधारा वाले सांसदों को एक साथ लाना है। इसका मिशन ये होगा, कि अमेरिका में हिन्दुओं के खिलाफ किसी तरह का नरफती माहौल या फिर किसी तरह की कट्टरता ना फैले।

Americans4Hindus के नाम से आयोजित इस सम्मेन को 20 से ज्यादा संगठनों का साथ मिला था और देश भर से हिंदू समुदाय के नेता यूएस संसद में एकत्र हुए थे।
अमेरिकी संसद में हिन्दू सम्मेलन
American4Hindus के संस्थापक और अध्यक्ष डॉ. रोमेश जापरा ने कहा, कि यह राजनीतिक भागीदारी के लिए आयोजित पहला शिखर सम्मेलन था। उन्होंने आगे दावा किया, कि अमेरिका में हिंदू अमेरिकियों के साथ भेदभाव किया जा रहा है, यही वजह है कि प्रवासी समूह ने सभी संगठनों को एक साथ लाने के बारे में सोच बनाई है।
उन्होंने आगे कहा, कि "इस कॉकस का उद्देश्य केवल यह सुनिश्चित करना नहीं है, कि हिंदू धर्म के खिलाफ कोई नफरत नहीं है, बल्कि यह सुनिश्चित करने के लिए है, कि हिंदू धर्म और हिंदू धर्म का पालन करने वालों के प्रति कोई कट्टरता और कोई भेदभाव नहीं है।"
श्री थानेदार ने कहा, को धर्म चुनने की आजादी लोगों का मौलिक अधिकार और मौलिक स्वतंत्रता है।
वहीं, जॉर्जिया के छठे जिले का प्रतिनिधित्व करने वाले रिपब्लिकन पार्टी के सांसद रिच मैककॉर्मिक ने भी इस सम्मेलन में हिस्सा लिया और इस बात की घोषणा की, कि इस साल अगस्त में द्विदलीय कांग्रेस प्रतिनिधिमंडल भारत की यात्रा करेगा।
हिन्दुस्तान टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, इस सम्मेलन की शुरूआत वैदिक मंत्रोच्चार के साथ किया गया और करीब 20 हिन्दू संस्थाओं ने इस सम्मेलन का समर्थन किया।
राष्ट्रपति का चुनाव करने की शक्ति
अमेरिकी संसद कैपिटल हिल पर आयोजित इस हिन्दू-अमेरिकी सम्मेलन में फ्लोरिडा, न्यूयॉर्क, बोस्टन, टेक्सास, शिकागो, कैलिफोर्निया जैसे अलग अलग अमेरिकी शहरों से करीब 130 भारतीय अमेरिकी नेता शामिल हुए थे।
हिन्दुस्तान टाइम्स के मुताबिक, सांसद मैककॉर्मिक ने कहा, कि "हिन्दु प्रवासियों के लिए मेरे मन में बहुत सम्मान है, क्योंकि इसने अमेरिका के लिए काफी कुछ किया है।" उन्होंने बार बार इस बात पर जोर दिया, कि हिन्दू समुदाय काफी जागरूक समुदाय है और महसूस करता है, कि उनके पास वास्तव में अमेरिका के राष्ट्रपति का चुनाव करने की ताकत है।
उन्होंने कहा, कि "मैं ऐसा सिर्फ कहने के लिए नहीं कह रहा हूं, बल्कि वास्तव में आपके पास वो शक्ति मौजूद है, कि आप अमेरिका में राष्ट्रपति का चुनाव कर सकते हैं।" उनके ऐसा कहने पर पूरा हॉल तालियों की आवाज से गूंज उठा।
उन्होंने आगे कहा, कि "अगर आपने सही नेताओं के साथ तालमेल बना लिया, तो आपको अपनी ताकत का अंदाजा होगा। आप इस देश में कानून का निर्माण कर सकते हैं, जो हमारे देश को कई दशकों तक तरक्की के रास्ते पर ले जाएगा।












Click it and Unblock the Notifications