'दाढ़ी वाले के पास अकेली जवान औरत को भेज दिया’, हिना रब्बानी के काबुल दौरे से भड़के पाकिस्तानी मौलाना
पाकिस्तान की विदेश राज्य मंत्री हिना रब्बानी खार बीते महीने 29 नवंबर को तालिबान के अधिकारियों से बात करने के लिए अफगानिस्तान की राजधानी काबुल गई थीं। यह यात्रा काफी चर्चा में रही थी।

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पिछले कई हफ्तों से पाकिस्तान और अफगानिस्तान के बीच की डूरंड रेखा पर तनाव देखने को मिल रहा है। पाकिस्तान ने इसे लेकर अफगान राजनयिक को तलब किया है। इस बीच पाकिस्तान के एक मौलाना अल्लामा इब्तिसाम इलाही जहीर ने इन हमलों के लिए पाकिस्तान की विदेश राज्य मंत्री हिना रब्बानी खार को जिम्मेदार ठहराया है। जहीर ने कहा कि पाकिस्तान को तालिबान से बातचीत करने के लिए किसी महिला को नहीं भेजना चाहिए था।

बीते महीने तालिबान गयी थीं हिना रब्बानी खार
बता दें कि पाकिस्तान की विदेश राज्य मंत्री हिना रब्बानी खार बीते महीने 29 नवंबर को तालिबान के अधिकारियों से बात करने के लिए अफगानिस्तान की राजधानी काबुल गई थीं। हिना रब्बानी खार की यह यात्रा सुरक्षा, आवागमन और व्यापार जैसे मुद्दों से जुड़ी थी। मौलाना ने कहा कि, "अफगान तालिबान के बारे में हर कोई जानता है कि वह दाढ़ी रखने वाले और पगड़ी पहनने वाले हैं। उनके शासन में औरत पर्दे में रहती है। बॉर्डर पर इस समय जो तनाव मौजूद है उसे खत्म करने के लिए एक मर्द को भेजने की जगह वहां पर एक औरत को भेज दिया गया। वह भी अकेले ही भेज दिया गया"

'दाढ़ी रखने वाले के पास अकेली औरत को भेज दिया'
मौलाना ने सवालिया लहजे में पूछा कि क्या सरकार को अफगान लोगों की तहजीब नहीं पता है? क्या कभी ऐसा हुआ है कि दाढ़ी रखने वाले के पास, एक पगड़ी पहनने वाले के पास एक अकेली जवान और को भेज कर बातचीत कराई जाए? बिलावल को भेजने की जगह हिना रब्बानी खार को भेज दिया गया। यह तो आपके कॉमन सेंस के भी खिलाफ बात है।' यही वजह है कि रोज सीमा पर इतना खून-खराबा हो रहा है। इसके साथ ही मौलाना ने यह भी दावा किया कि दोनों देशों के बीच सीमा पर चल रहा ये तनाव तुरंत खत्म हो जाएगा अगर पाकिस्तान विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी को बातचीत के लिए भेजता है।

चित्राली ने भी उठाए थे सवाल
हालांकि हिना रब्बानी खार पर सवाल उठाने वाले लोगों में से सिर्फ एक मौलाना ही नहीं हैं। पाकिस्तान में इससे पहले जमात-ए-इस्लामी के एमएनए अब्दुल अकबर चित्राली ने भी हिना रब्बानी खार की यात्रा पर सवाल उठाए थे। चित्राली ने दावा किया कि विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो की जगह, राज्य मंत्री हिना रब्बानी को पड़ोसी देश भेजा गया था, लेकिन इसका कोई अनुकूल प्रभाव नहीं पड़ा। चित्राली ने कहा कि खार के दौरे के बाद अफगानिस्तान में पाकिस्तान के वाणिज्य दूतावास पर आतंकवादियों ने हमला किया था। चित्राली के बयान को स्त्री विरोधी टिप्पणी से जोड़ा गया और इस पर पूरे पाकिस्तान में हंगामा मच गया जिसके बाद उन्हें अपने बयान के लिए माफी भी मांगनी पड़ी।

खुले बालों में काबुल पहुंची थी हिना रब्बानी
आपको बता दें कि हिना रब्बानी खार जब काबुल पहुंची थी तो उन्हें रिसीव करने कुछ तालिबानी अधिकारी एयरपोर्ट पर पहुंचे थे। इस दौरान हिना रब्बानी खान बिना सिर ढके खुले बालों में ही नजर आईं। हिना रब्बानी खार ने अफगानिस्तान के कार्यवाहक विदेश मंत्री आमिर खान मुत्तकी से मुलाकात की। हालांकि ऐसा कहा गया कि हिना रब्बानी के इस अंदाज से तालिबान खुश नहीं हुआ। अफगानिस्तान के मंत्री मुल्ला याकूब ने, पाकिस्तानी मंत्री से मुलाकात तक करने से इनकार कर दिया।
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