MP Assembly Election 2023: क्या कहते हैं पेटलावद विधानसभा के चुनावी समीकरण, कौन पड़ेगा किस पर भारी, जानिए?
मध्य प्रदेश में विधानसभा चुनाव की हलचल तेज हो चली है। इस बीच आदिवासी बाहुल्य पेटलावद विधानसभा में भी चुनावी हलचल देखने मिल रही है। बीजेपी की ओर से यहां निर्मला भुरिया को प्रत्याशी बनाया गया है, तो वहीं कांग्रेस की ओर से किसी चुनाव मैदान में उतारा जाएगा, इसका फिलहाल इंतजार है। वर्तमान में इस विधानसभा से कांग्रेस के वालसिंह मेड़ा विधायक हैं।
पेटलावद विधानसभा आदिवासी और किसान बाहुल्य विधानसभा मानी जाती है। यही कारण है कि, पेटलावद विधानसभा सीट अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित है। पेटलावद विधानसभा निमाड़ अंचल की बेहद चर्चित विधानसभाओं में एक है।

कुछ ऐसा है विधानसभा का हाल
पेटलावद विधानसभा सीट मध्य प्रदेश के झाबुआ जिले की एक सीट है। ये झाबुआ लोकसभा सीट का हिस्सा है, जो निमाड़ इलाके में पड़ता है। पेटलावद विधानसभा में कुल मतदाताओं की संख्या 2 लाख 81 हजार 589 है। जिसमें पुरुष मतदाताओं की संख्या 1 लाख 40 हजार 187, महिला मतदाताओं की संख्या 1 लाख 41 हजार 392 और थर्ड जेंडर की संख्या 10 है। लगभग सवा दो लाख वोटर वाली इस यह सीट अनुसूचित जनजाति के लिए सुरक्षित सीट है. इलाके में शिक्षा, स्वास्थ्य के अलावा पानी की कमी और किसानों को उपज का सही दाम दिलाने जैसे मुद्दों पर चुनाव लड़ा जाना है।
साल 2018 में कुछ ऐसे थे आंकड़े
पेटलावद विधानसभा के साल 2018 में हुए चुनाव के आंकड़ों पर नजर डालें तो 2018 के विधानसभा चुनाव में यहां से कांग्रेस के वालसिंह मेड़ा ने जीत हासिल की थी, जब बीजेपी प्रत्याशी को यहां से हार का सामना करना पड़ा था। वहीं 2013 के विधानसभा चुनाव में इस सीट पर निर्मला दिलीपसिंह भुरिया (बीजेपी) ने 80384 वोट हासिल कर जीत दर्ज की थी। उन्होंने अपने प्रतिद्वंदी को 17016 मतों के अंतर से हराया था। दूसरा स्थान (63368) वोटों के साथ व वालसिंह मेडा (कांग्रेस) को मिला था। वहीं अब देखना होगा की साल 2023 के विधानसभा चुनाव में यहां से कौन बाजी मारता है.
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