Loksabha Election: आचार संहिता में सावधानी से करें सोशल मीडिया का इस्तेमाल, वरना हो सकते हैं परेशान
इंदौर जिले में लोकसभा निर्वाचन को देखते हुए मानव जीवन की सुरक्षा, लोक शांति एवं कानून व्यवस्था बनाये रखने हेतु कलेक्टर एवं जिला दण्डाधिकारी आशीष सिंह ने धारा 144 (1) के तहत प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किये हैं। जारी आदेश के अनुसार बगैर अनुमति के धरना, प्रदर्शन, रैली, जुलूस आदि आयोजित नहीं की जा सकेंगी। साथ ही ध्वनि विस्तार यत्रों के उपयोग की अनुमति भी लेना होगी।
आदेश में कहा गया है कि, विभिन्न मुद्दों को लेकर विभिन्न संगठनों के प्रदर्शन, धरना, रैली, जुलूस आदि सक्षम अधिकारी से पूर्वानुमति बिना आयोजित नहीं किया जाये। बिना अनुमति पांडाल आदि निर्माण, इलेक्ट्रॉनिक संसाधन जैसे मोबाइल, कंप्यूटर, पोस्टर एवं अन्य सोशल मीडिया आदि पर विधि विरुद्ध संदेश के प्रसारण अग्रेषण, साम्प्रदायिक टिप्पणी, 5 या 5 से अधिक व्यक्तियों को एक स्थान पर एक समय में एकत्रित होने पर प्रतिबन्ध रहेगा।

सोशल मीडिया पर रखें सावधानी
सोशल मीडिया पर आपत्तिजनक मैसेज, चित्र, कमेंट, बैनर, पोस्टर आदि अपलोड नहीं किये जा सकेंगे।कोई भी व्यक्ति, समूह, संस्था या ग्रुप एडमिन या अन्य सोशल मीडिया, इलेक्ट्रानिक संसाधन जैसे मोबाईल, कम्प्यूटर, फेसबुक, ई-मेल, व्हाट्सएप एवं अन्य प्रकार के संचार साधनों पर किसी दल, धर्म, जाति, सम्प्रदाय, संस्था व्यक्ति विरोधी एवं आम लोगों की भावना भड़काने व कानून व्यवस्था के विपरित स्थिति निर्मित करने वाले आपत्तिजनक मैसेज, चित्र, कमेंट, बैनर, पोस्टर आदि अपलोड नहीं करेगा।
किरायदारों की सूचना देना जरूरी
आदेश के अनुसार मतदान के दिन मतदान केन्द्र में तथा मतगणना के दिन मतगणना स्थल पर एवं इन स्थानों की निर्धारित परिधि में सेल्युलर फोन का उपयोग नहीं किया जा सकेगा, और न ही कोई व्यक्ति सेल्युलर फोन रख सकेगा। कोई भी व्यक्ति किरायेदार रखेगा उसकी सूचना तत्काल संबंधित थाना प्रभारी को देना होगी। समस्त होटल, लॉज एवं धर्मशाला के संचालक इनमें ठहरने वाले व्यक्तियों की जानकारी से संबंधित थाना प्रभारी को प्रतिदिन अवगत करायेंगे।
प्रतिबंधों का उल्लंघन करने पर होगी कार्रवाई
उक्त निर्देश, प्रतिबंधों में कानून व्यवस्था बनाए रखने के उपाय सुनिश्चित करने की दृष्टि से शासकीय कर्तव्य पर उपस्थित एवं निर्वाचन कार्य में ड्यूटीरत पुलिसकर्मियों एवं पुलिस अधिकारियों तथा अन्य प्रशासनिक अधिकारियों के लिए लागू नहीं होगे। सिख धर्म के अनुयायियों व विवाह समारोह के दुल्हा-दुल्हन को कटार धारण करने की छूट रहेगी। किसी भी कार्यक्रम सभा, आमसभा आदि की अनुमति जारी करने के लिए अपर जिला दण्डाधिकारी को सक्षम प्राधिकारी बनाया गया है।
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