उत्तरकाशी-हर्षिल आपदा पर सरकार का त्वरित एक्शन: मुख्यमंत्री धामी ने संभाली कमान, राहत कार्यों में तेजी
5 अगस्त 2025 को उत्तराखंड में आई भीषण आपदा के बाद, राज्य सरकार ने व्यापक राहत कार्यों की शुरुआत की है। 400 से अधिक लोगों को बचाया गया है, केंद्र सरकार और सेना का महत्वपूर्ण सहयोग मिल रहा है।
📅 देहरादून/उत्तरकाशी, 07 अगस्त 2025 — उत्तराखंड के धराली, उत्तरकाशी और हर्षिल क्षेत्र में 05 अगस्त को आई भीषण आपदा के बाद राज्य सरकार ने युद्धस्तर पर राहत और बचाव कार्य शुरू कर दिए हैं। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आंध्र प्रदेश के तिरुपति से ही अधिकारियों को तत्काल निर्देश जारी किए और प्रधानमंत्री कार्यालय व गृह मंत्रालय को स्थिति से अवगत कराया।

मुख्यमंत्री ने आंध्र प्रदेश का दौरा स्थगित कर 05 अगस्त की शाम राज्य आपातकालीन परिचालन केंद्र, देहरादून पहुंचकर राहत कार्यों की समीक्षा की। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने फोन पर मुख्यमंत्री से बात कर हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया।
05 अगस्त की शाम तक 130 से अधिक लोगों को सुरक्षित रेस्क्यू किया गया। मुख्यमंत्री ने प्रभावितों के लिए भोजन, आश्रय और चिकित्सा की व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। हर्षिल क्षेत्र में झील बनने की सूचना पर सेना को सतर्क किया गया और वायुसेना के MI-17 हेलीकॉप्टरों की मदद लेने के आदेश दिए गए।
👥 वरिष्ठ अधिकारियों को दी गई जिम्मेदारी
सरकार ने आयुक्त गढ़वाल विनय शंकर पांडेय को नोडल अधिकारी नियुक्त किया। उत्तरकाशी के पूर्व डीएम रहे अधिकारी मेहरबान सिंह बिष्ट, अभिषेक रोहिल्ला और गौरव कुमार को अहम जिम्मेदारियाँ दी गईं। अपर सचिव विनीत कुमार को उत्तरकाशी में कैंप करने के निर्देश दिए गए।
🚓 300 से अधिक पुलिसकर्मी राहत कार्य में जुटे
देहरादून से दो IG, तीन SP, एक कमांडेंट और 11 DSP सहित 300 पुलिसकर्मी उत्तरकाशी भेजे गए। PAC और IRB की कंपनियाँ भी राहत कार्यों में शामिल हुईं। अन्य जिलों से भी पुलिस बल को उत्तरकाशी रवाना किया गया।
💰 20 करोड़ की आपदा राहत राशि जारी
राज्य आपदा मोचन निधि से 20 करोड़ रुपये की राशि राहत कार्यों के लिए जारी की गई। विभिन्न विभागों के सचिवों की टीम को 06 अगस्त को धराली-हर्षिल पहुंचने के निर्देश दिए गए।
🇮🇳 प्रधानमंत्री मोदी ने दी सहायता का भरोसा
06 अगस्त को सुबह प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने मुख्यमंत्री से बात कर हरसंभव सहायता का आश्वासन दिया। प्रतिकूल मौसम के बावजूद मुख्यमंत्री धराली पहुंचे और प्रभावित परिवारों से मुलाकात की।
🚁 केंद्र से चिनूक और MI-17 हेलीकॉप्टर उपलब्ध
राज्य सरकार की मांग पर केंद्र ने चंडीगढ़, सरसावा और आगरा से चिनूक और MI-17 हेलीकॉप्टर उपलब्ध कराए। स्वास्थ्य विभाग ने दून मेडिकल कॉलेज, कोरोनेशन अस्पताल और एम्स ऋषिकेश में बेड आरक्षित किए और विशेषज्ञ डॉक्टरों को उत्तरकाशी भेजा।
🏕 राहत शिविर और संचार बहाली
जिला प्रशासन ने इंटर कॉलेज हर्षिल, GMVN और झाला में राहत शिविर शुरू किए। बिजली और संचार नेटवर्क बहाल करने का कार्य शुरू हुआ। NIM और SDRF ने लिम्चागाड में अस्थायी पुल निर्माण शुरू किया।
👨✈️ सेना के जवानों का रेस्क्यू
मुख्यमंत्री ने 06 अगस्त को उत्तरकाशी के प्रभावित क्षेत्रों का स्थलीय निरीक्षण किया। सेना के लेफ्टिनेंट कर्नल समेत 10 जवानों को धराली से रेस्क्यू किया गया। दो घायल जवानों को हेलीकॉप्टर से उच्च चिकित्सा केंद्र भेजा गया।
🌃 मुख्यमंत्री ने उत्तरकाशी में किया रात्रि विश्राम
मुख्यमंत्री ने उत्तरकाशी में रात्रि विश्राम कर जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र में राहत कार्यों की समीक्षा की। मार्ग अवरुद्ध होने की स्थिति में भारी उपकरणों को एयरलिफ्ट करने के निर्देश दिए गए।
🚁 शटल सेवा शुरू, 274 लोगों का सफल रेस्क्यू
07 अगस्त को मातली से हर्षिल के बीच शटल सेवा शुरू की गई। UCADA के आठ हेलीकॉप्टरों ने रेस्क्यू अभियान में भाग लिया। दोपहर तक 274 लोगों को सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया गया, जिनमें गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, राजस्थान, असम, कर्नाटक, तेलंगाना और पंजाब के नागरिक शामिल थे।
🧭 मुख्यमंत्री का पौड़ी दौरा और राहत राशि वितरण
07 अगस्त को मुख्यमंत्री धामी उत्तरकाशी से पौड़ी के सैंजी क्षेत्र पहुंचे और प्रभावितों से मुलाकात की। राहत राशि वितरित की गई। थलीसैंण तहसील के बांकुड़ा सहित अन्य क्षेत्रों का हवाई सर्वे भी किया गया।












Click it and Unblock the Notifications