जूते पहनकर, हथियार लेकर साथ जगन्नाथ मंदिर में ना जाएं पुलिसकर्मी: सुप्रीम कोर्ट
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने आदेश दिया है कि जगन्नाथ मंदिर में कोई भी पुलिसकर्मी हथियार लेकर और जूते पहनकर अंदर ना जाए। बुधवार को सुनवाई करते हुए शीर्ष अदालत ने ये आदेश दिया। पुरी के जगन्नाथ मंदिर में श्रद्धालुओं के लिए कतार के विरोध में तीन 3 अक्टूबर को हुई हिंसा पर सुप्रीम कोर्ट ने ये अहम आदेश दिया है।

जगन्नाथ मंदिर में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए लाइन लगाकर दर्शन शुरू करने के खिलाफ एक सामाजिक-सांस्कृतिक संगठन ने तीन अक्टूबर को बंद रखा था। 12 घंटे के बंद के दौरान बीते बुधवार को यहां भड़की हिंसा में 10 पुलिसकर्मियों सहित करीब 30 लोग घायल हुए थे।
मामले में हस्तक्षेप की मांग करने वाले संगठन की ओर से पेश हुए वकील ने पीठ के समक्ष दावा किया कि हिंसा के दौरान पुलिसकर्मी हथियारों के साथ जूते पहनकर मंदिर में घुसे थे। इस पर अदालत ने पुलिस को जूते पहनकर मंदिर में ना जाने का आदेश दिया।
ओडिशा सरकार ने न्यायमूर्ति मदन बी. लोकुर और न्यायमूर्ति दीपक गुप्ता की पीठ को बताया कि पुरी के जगन्नाथ मंदिर में हुई हिंसा के सिलसिले में 47 लोगों को गिरफ्तार किया गया है और वहां हालात काबू में है। राज्य सरकार ने पीठ को बताया कि हिंसा जगन्नाथ मंदिर परिसर में नहीं बल्कि मंदिर प्रशासन के कार्यालय पर हमला कर उसमें तोड़फोड़ की गई थी, जोकि मुख्य मंदिर से करीब 500 मीटर की दूरी पर स्थित है।












Click it and Unblock the Notifications