असम में बाढ़ ने मचाया हाहाकार, अभी तक 6 लोगों की मौत, राहत कार्य के लिए बुलाई गई सेना
नई दिल्ली। असम में बाढ़ से हालात बदतर हो गए हैं। शुक्रवार को यहां मरने वालों का आंकड़ा 6 पहुंच गया। इसके अलावा राज्य के 21 जिलों में 8.7 लाख लोग इस बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। अधिकारियों ने बताया कि बक्सा जिले में लोगों को सुरक्षित निकालने में जुटी राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल और राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल की मदद से लिए सेना को बुलाया गया है। राज्य में गंभीर भुस्खलन जारी है। गुरुवार को इसके चलते कई मकान तबाह हो गए जबकि तीन लोगों की मौत हो गई। गोवाहाटी से गुजरने वाली ब्रह्मपुत्रा नदी के जल स्तर ने चेतावनी के निशान को पार कर लिया है। अंतर्देशीय जलमार्ग प्राधिकरण के अनुभाग अधिकारी वी गांधिया ने कहा कि ब्रह्मपुत्रा नदी के जल स्तर ने चेतावनी के निशान को पार कर लिया है हालांकि इसने खतरे के स्तर को पार नहीं किया है।

असम राज्य आपदा प्रबंधन अथोरिटी (ASDMA) के अधिकारियों ने बताया कि गोलाघाट और डीमा हसाओ जिले में बारिश और बाढ़ के ही चलते शुक्रवार को 3 और लोगों की मौत हो गई है। इससे पहले गोलाघाट के बोकाखत रेवेन्यू सर्किल में बाढ़ के चलते 2 लोगों की मौत हो गई थी जबकी डीमा हसाओ जिले के हाफलांग में भुस्खलन के चलते एक की मौत हो गई थी। खबर है कि धेमाजी, लखीमपुर, बिश्वनाथ, सोनितपुर, दरंग, बक्सा, बारपेटा, नलबाड़ी, चिरांग, बोंगईगांव, कोकराझार, गोलपारा, मोरीगांव, होजई, नागांव, गोलाघाट, माजुली, जोरहाट, शिवसागर, डिब्रूगढ़ और तिनसुकिया और तिनसुकिया जिले में लगभग 8.7 लाख लोग प्रभावित हुए हैं।
असम राज्य आपदा प्रबंधन अथोरिटी के अनुसार 3.5 लाख की आबादी के साथ बरपेटा इलाका बुरी तरह से बाढ़ से प्रभावित हुआ है। वहीं धेमाजी में 1.2 लाख लोगों को जनजीवन पर प्रभाव पड़ा है। इसके अलावा बोंगाईगांव में 62000 से अधिक लोग प्रभावित हुए हैं। चिरंग, बरपेटा और बक्सा में बाढ़ के चलते गंभीर रूप से मिट्टी का कटाव हुआ है।
यह भी पढ़ें- असम में अब CISF जवान को भेजा गया डी-वोटर नोटिस, लोगों ने सरकार को घेरा












Click it and Unblock the Notifications