बुलंदशहर में मारे गए SHO सुबोध सिंह का ड्राइवर चुप क्यों
"हम कुछ भी बोलने की स्थिति में नहीं हैं, सर".
राम आसरे ने शुक्रवार सुबह बीबीसी को बुलंदशहर से फ़ोन पर बताया.
हमारा अगला सवाल था, "इंस्पेक्टर सुबोध सिंह के आखिरी पलों में क्या हुआ था?."
जवाब मिला, "हम ये नहीं कह सकते सर क्योंकि आखिरी समय पर हम वहां मौजूद नहीं थे".
इसके बाद स्याना पुलिस थाने के एसएचओ सुबोध कुमार सिंह के आधिकारिक ड्राइवर राम आसरे ने इस बात की पुष्टि की कि, वे कानपुर के रहने वाले हैं और डेढ़ साल से स्याना कोतवाली में पोस्टेड रहे हैं.
"उत्तर प्रदेश पुलिस की नौकरी करते हुए 32 साल हो गए हैं", इतना कहते ही राम आसरे ने फ़ोन काट दिया.
राम आसरे ने इस बात का जवाब नहीं दिया कि वे ड्यूटी पर क्यों नहीं आ रहे या कहाँ पर मौजूद हैं.
https://www.youtube.com/watch?v=G4TmHng3ARc
कौन हैं राम आसरे?
बुलंदशहर में सोमवार को हुई भीड़ की हिंसा में पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध कुमार सिंह और सुमित नाम के एक स्थानीय युवक की मौत हो गई थी.
ये हिंसा तब भड़की जब स्थानीय हिंदू संगठनों से जुड़े लोगों ने इलाके में कथित गोहत्या के नाम पर प्रदर्शन कर रहे थे.
पुलिस के साथ उनकी झड़प हुई जिसमें पुलिस इंस्पेक्टर सुबोध सिंह की मौत हो गई प्रदर्शनकारी सुमित भी गोली लगने के बाद मारे गए थे.
हिंसा के कुछ घंटे बाद सुबोध कुमार सिंह के ड्राइवर राम आसरे ने आला पुलिस अफ़सरों की मौजूदगी में कुछ वीडियो बयान दिए थे.
- बुलंदशहर: 50 लाख रुपए, असाधारण पेंशन, नौकरी और पत्नी को पेंशन
- बुलंदशहर में कैसे हुई पुलिस अफ़सर की हत्या
- बुलंदशहर: क्यों इकट्ठा हुए थे लाखों मुसलमान
क्या कहा था राम आसरे ने?
"हम बचने के लिए सरकारी गाड़ी की ओर दौड़े. साहब को ईंट से चोट लगी थी और वह दीवार के पास पड़े थे. मैंने उन्हें गाड़ी की पिछली सीट पर बिठाया और जीप को खेतों की ओर घुमाया. भीड़ ने हमारा पीछा किया और पुलिस स्टेशन से लगभग 50 मीटर दूर खेतों में फिर से हमला कर दिया."
भीड़ ने दोबारा हमला किया
उन्होंने आगे बताया था कि, "खेत को हाल ही में जोता गया था ऐसे में गाड़ी के अगले पहिये फंस गए और हमारे पास गाड़ी से निकलकर भागने के अलावा और कोई रास्ता नहीं बचा था. भीड़ गाली दे रही थी और हमें जान से मारना चाहती थी".
उस दिन के बाद से राम आसरे ने अपनी ज़ुबान पर ताला लगा लिया है.
घटना के बाद से गायब हैं राम आसरे
घटना के दो दिनों तक उन्हें बुलंदशहर में कहीं नहीं देखा गया और यही हाल उनके साथी, इंस्पेक्टर सुबोध के गनर बीरेंद्र सिंह, का है जिनका किसी को कोई पता नहीं.
हक़ीक़त यही है कि इंस्पेक्टर सुबोध के मर्डर के दो प्रमुख चश्मदीदों में ये दोनों शामिल हैं और राम आसरे का बयान इसमें सबसे अहम रहेगा.
क्या उत्तर प्रदेश पुलिस ये सुनिश्चित कर रही है कि राम आसरे और बीरेंद्र मीडिया से दूर रहे?
बीबीसी के इस सवाल पर मेरठ ज़ोन के पुलिस आईजी राम कुमार ने इसे "दूसरों की राय कहते हुए खारिज किया".
उन्होंने कहा, "आप ड्राइवर से बात इसलिए नहीं कर सकते क्योंकि हम लोग अभी मामले की जांच कर रहे हैं और ज़ाहिर है कि राम आसरे से भी पूरी जानकारी ली जा रही है. राम आसरे को हम छुपा बिल्कुल भी नहीं रहे हैं.''
ड्राइवर राम आसरे के अलावा उस जीप में गनर बीरेंद्र सिंह भी थे जिसमें इंस्पेक्टर सुबोध को बचाने की नाक़ाम कोशिश हुई थी.
उस दिन के बाद से न तो उन्हें स्याना थाने पर ड्यूटी करते देखा गया है न ही कहीं तैनाती पर.
मामले में अब तक चार लोगों को गिरफ़्तार किया गया है और पुलिस को दो दर्ज़न से ज़्यादा लोगों की तलाश है.
-
Vrindavan: 'अब बोट वापस ले चलो', नाविक की एक गलती और छिन गईं 10 जिंदगियां, सामने आई हादसे की असली वजह -
Iran Vs America: शांति वार्ता में 'लात-घूंसे', तुर्किए मीडिया का दावा, क्यों भिड़े ईरानी मंत्री- ट्रंप के दूत -
MI vs RCB: विराट कोहली ने मुंबई में रच दिया इतिहास, दुनिया में पहली बार हुआ अनोखा कारनामा -
Asha Bhosle Last Post: 'मैं विलीन हो जाऊंगी', निधन से पहले ही आशा ताई ने लिख दिया था 'आखिरी सच' -
MI vs RCB: वानखेड़े में पसरा सन्नाटा, रोहित शर्मा लाइव मैच से बैटिंग छोड़ गए, आखिर क्या है कारण -
Asha Bhosle Net Worth: आशा भोसले कितनी छोड़ गईं प्रॉपर्टी? सिगिंग के अलावा कहां से करती थींं करोड़ों की कमाई -
Bihar Next CM: इन 5 नेताओं में से ही कोई एक बनेगा बिहार का नया मुख्यमंत्री! कौन हैं ये और क्या है इनकी जाति? -
Asha Bhosle Last Wish: अधूरी रह गई आशा भोसले की अंतिम इच्छा, पॉडकास्ट में बताया था क्या थी स्पेशल ख्वाहिश -
'मैं आखिरी जिंदा मुगल हूं', मंगेशकर परिवार में जन्मीं आशा भोसले ने कब और क्यों कही थी ये बात? -
Asha Bhosle का 92 साल की उम्र में हुआ निधन, मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में दिग्गज सिंगर ने ली आखिरी सांस -
Asha Bhosle: 'बेइंतहा खूबसूरत', कौन हैं जनाई भोसले? क्रिकेटर सिराज से उड़ी थीं अफेयर की खबरें -
SRH vs PBKS: पंजाब किंग्स टीम ने हैदराबाद के खिलाफ मैच में क्यों पहनी काली पट्टी? दुखद घटना कर देगी भावुक












Click it and Unblock the Notifications