जबरन आश्रम में रोके गये हैं संत रामपाल के समर्थक
हिसार। हिसार में बाबा रामपाल जो खुद को भगवान बताते हैं अब खुद को बचाने के लिए किसी भी हद तक जाने को तैयार हैं। विवादों से घिरे संत रामपाल के अनुयायियों ने मंगलवार को हरियाणा के हिसार जिले में स्थित उनका सतलोक आश्रम परिसर खाली करना शुरू कर दिया है। आश्रम खाली करने का आदेश जिला प्रशासन ने दिया है। हरियाणा पुलिस के जवानों सहित सुरक्षाबलों द्वारा सोमवार रात सतलोक आश्रम परिसर घेरने और अंदर दाखिल होने के लिए दीवार तोड़ने का प्रयास किए जाने के बाद से इलाके में तनाव बढ़ गया है।

पुलिस अधिकारियों ने कहा कि संत के चार-पांच अनुयायियों ने स्वयं पर पेट्रोल छिड़क कर आत्मदाह की कोशिश भी की। हालांकि, पुलिस ने उन्हें पहले ही दबोच लिया।
आश्रम से बाहर निकल रहे कुछ अनुयायियों ने मंगलवार को मीडिया को बताया कि आश्रम अधिकारियों ने उन्हें पिछले कुछ दिनों से जबरन अंदर रोक रखा था। ये अनुयायी हरियाणा, राजस्थान, उत्तर प्रदेश और मध्य प्रदेश के रहने वाले हैं।
राजस्थान निवासी एक अनुयायी ने कहा, "हमें आश्रम छोड़ने की इजाजत नहीं थी। हमने उनसे कहा कि हम बाहर जाना चाहते हैं, लेकिन किसी ने हमारी एक नहीं सुनी। उन्होंने हमें यह बोलकर अंदर रुकने के लिए मजबूर कर दिया कि अगर बाहर गए तो पुलिस गिरफ्तार कर लेगी।" हिसार जिला प्रशासन ने सोमवार को रामपाल के अनुयायियों को सतलोक आश्रम खाली करने का आदेश दिया था।
आश्रम के बाहर सैकड़ों महिलाओं और बच्चों समेत तकरीबन हजार से भी ज्यादा समर्थक पिछले 15 दिनों से भी ज्यादा समय से डेरा डाले हुए हैं। वे पुलिस को रामपाल को गिरफ्तार करने के लिए आश्रम के अंदर नहीं जाने दे रहे हैं। विवादित संत रामपाल पर हत्या, भीड़ को उकसाने एवं अदालत की अवमानना का आरोप है। यह तीसरा मौका है, जब रामपाल अदालत के सामने पेश नहीं हुए हैं।












Click it and Unblock the Notifications