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RSS की मुस्लिम विंग ने कहा, बकरीद पर कुर्बानी नाजायज

By Vikashraj Tiwari
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नई दिल्ली। बकरीद पर दी जाने वाली जानवरों की कुर्बानी का विरोध अब मुस्लिम समाज ही करने लगा है। मंगलवार को मुस्लिम राष्ट्रीय मंच के सदस्यों ने बकरीद के मौके पर जानवरों की कुर्बानी का कड़ा विरोध जताया और कहा कि इस तरह की कुर्बानी इस्लाम के खिलाफ है।

RSS के मुस्लिम विंग ने कहा, बकरीद पर कुर्बानी नाजायज
    Muslim National Forum ने बकरीद पर कुर्बानी का किया विरोध | वनइंडिया हिंदी

    लखनऊ स्थित विश्व संवाद केंद्र में मंगलवार को आयोजित प्रेसवार्ता में मुस्लिम राष्ट्रीय मंच यूपी के सह-संयोजक अधिवक्ता खुर्शीद आगा ने कहा, 'बकरीद में कुर्बानी को लेकर समाज में अंधविश्वास फैला है, मुसलमान अपने आपको ईमान वाला तो कहता है, लेकिन वास्तव में अल्लाह की राह पर चलने से भ्रमित हो गया है।'उन्होंने कुर्बानी का विरोध करते हुए सवाल उठाया कि कुर्बानी जायज नहीं है तो फिर जानवरों की कुर्बानी क्यों दी जा रही है?

    उन्होंने आयोध्या के विवादित ढांचे का जिक्र करते हुए कहा कि कुरान के अनुसार, जहां फसाद हो वहां नमाज अदा नहीं की जा सकती है तो फिर विवादित ढांचे की जगह मस्जिद कैसे बनाई जा सकती है।वहीं पूर्वी यूपी के मंच संयोजक ठाकुर राजा रईस ने कहा, 'जब हजरत इब्राहिम द्वारा किसी जानवर की कुर्बानी नहीं दी गई तो फिर मुस्लिम समाज में बकरीद के मौके पर जानवरों की कुर्बानी क्यों दी जा रही है। बकरीद में जानवरों की कुर्बानी के नाम पर जानवरों का कत्ल हो रहा है, यह कुर्बानी नहीं है।'

    उन्होंने कहा, 'रसूल ने फरमाया है, 'पेड़-पौधे, पशु-पक्षी अल्लाह की रहमत है, उन पर तुम रहम करोगे। अल्लाह की तुम पर रहमत बरसेगी,तीन तलाक' की तरह ही बकरीद के मौके पर जानवरों की कुर्बानी एक कुरीति है।'

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    English summary
    RSS Muslim wing for ban on qurbani
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