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जम्मू-कश्मीर: पत्थरबाजों के लिए राहत भरी खबर, 3,685 युवाओं पर दर्ज मामले वापस होंगे

By VikashRaj Tiwari
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    नई दिल्ली। जम्मू-कश्मीर सरकार पत्थरबाजी में शामिल छात्रों और युवाओं को राहत देने का फैसला किया है। जम्मू कश्मीर की सरकार ने केंद्रीय गृह मंत्रालय की सलाह पर पहली बार पत्थरबाजी की घटना में शामिल रहे 3,685 युवाओं पर दर्ज मामलों को खत्म करने का फैसला किया है। केंद्रीय गृह मंत्री ने इस बात की जानकारी बुधवार को दी। खबर है कि जम्मू कश्मीर के लिए केंद्र के विशेष प्रतिनिधि दिनेश्वर शर्मा की सलाह पर पत्थरबाजों पर से केस वापस लेने का फैसला किया गया है। जम्मू-कश्मीर सरकार एम्नेस्टी स्कीम के तहत युवाओं को ये राहत दे रही है।

    बचे पत्थरबाजी के मामलों के रिव्यू के लिए हाई लेवल कमेटी

    बचे पत्थरबाजी के मामलों के रिव्यू के लिए हाई लेवल कमेटी

    वहीं केंद्रीय गृह मंत्रालय ने जम्मू-कश्मीर सरकार को बाकी बचे पत्थरबाजी के मामलों के रिव्यू के लिए डीजी और एडीजी लेवल के अफसरों की हाई लेवल कमेटी बनाने को कहा है। केंद्र सरकार उन लोगों के पुनर्वास पर भी विचार कर रही है जो आतंकी संगठनों में शामिल हुए, पर किसी जघन्य अपराध में शामिल नहीं रहे। केंद्र सरकार ने जम्मू-कश्मीर सरकार को सरेंडर और पुनर्वास के लिए नई नीति बनाने को कहा है ताकि भटके हुए युवाओं को मेन स्ट्रीम में लाया जा सके।

     4,500 से ज्यादा मामले युवाओं के खिलाफ दर्ज थे

    4,500 से ज्यादा मामले युवाओं के खिलाफ दर्ज थे

    गौरतलब है कि 4,500 से ज्यादा मामले युवाओं के खिलाफ दर्ज थे, जो पहली बार पत्थरबाजी की घटना में शामिल थे। केंद्र राज्य सरकार से सलाह कर पत्थरबाजों के खिलाफ बाकी बचे मुकदमों की समीक्षा करने की भी इच्छुक है। केंद्र सरकार जम्मू-कश्मीर में शांति बहाली के तमाम प्रयास कर रही है। भटके युवाओ को सही रास्ते पर लाना सरकार की पहली प्राथमिकता है।

    सीआरपीएफ ने जारी किया है हेल्पलाइन नंबर

    सीआरपीएफ ने जारी किया है हेल्पलाइन नंबर

    जम्मू-कश्मीर में सुरक्षा एजेंसियां खुले तौर पर आतंक का रास्ता छोड़ने वाले लोगों की मदद कर रही हैं। सीआरपीएफ ने एक हेल्पलाइन नंबर जारी किया है जिसके जरिए घाटी में आतंक का रास्ता चुन चुके युवा मेनस्ट्रीम में वापस लौट सकते हैं। सीआरपीएफ ने इसके लिए 14411 नंबर से एक टोल फ्री हेल्पलाइन जारी की है। आतंकी की राह से लौटने में मदद करने वाली इस हेल्पलाइन को 'मददगार' का नाम दिया गया है। यह उन भटके हुए युवाओं की मदद करेगी जो घाटी में आतंक की राह पर चल पड़े हैं और अब वापस मुख्यधारा में लौटना चाहते हैं।

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    English summary
    Rajnath Singh announces seven measures to restore normalcy in Jammu and kashmir,3,685 Youth have got relief

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