लोकसभा चुनाव 2019: रायबरेली लोकसभा सीट के बारे में जानिए


नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश की रायबरेली लोकसभा सीट से मौजूदा सांसद कांग्रेस की सोनिया गांधी हैं। सोनिया गांधी वर्तमान में यूपीए की चेयरपर्सन हैं। 2014 के लोकसभा चुनाव में सोनिया गांधी 3,52,000 वोटों से चुनाव जीती थीं।

profile of Raebareli lok sabha constituency

रायबरेली लोकसभा सीट में 5 विधानसभा सीटें

यूपी की रायबरेली लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत 5 विधान सभा क्षेत्र आते हैं, जिनके नाम बछरावां, हरचंदपुर, रायबरेली, सरेनी और ऊंचाहार हैं। 1957 में हुए पहले चुनाव से लेकर अब तक जितने भी चुनाव यहां हुए हैं उनमें से केवल 3 बार कांग्रेस के अलावा कोई और पार्टी ने जीत हासिल की है। यहां से पहली बार 1957 में पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी के पति फ़िरोज़ गांधी ने जीत हासिल कर के अपनी पार्टी का खाता खोला था जो आज तक बंद ही नहीं हुआ है। 1962 की लोकसभा चुनाव में रायबरेली सीट दलित वर्ग के लिए आरक्षित कर दी गई तब यहां पर कांग्रेस के बैजनाथ कुरील सांसद चुने गए थे। वहीं 1967 के आम चुनाव में रायबरेली लोकसभा सीट फिर से सामान्य कर दी गई। लेकिन रायबरेली सुर्खियों में तब आया जब प्रथम प्रधानमंत्री जवाहर लाल नेहरु की पुत्री और देश की पहली महिला प्रधान मंत्री इंदिरा गांधी ने इसे अपना निर्वाचन क्षेत्र घोषित किया, वो यहां से 3 बार सांसद रहीं ।

साल 1977 में कांग्रेस पार्टी पहली बार इस क्षेत्र में हारी और भारतीय लोक दल के नेता राज नारायण यहां के सांसद बने लेकिन 1980 में फिर से यहां की सत्ता कांग्रेस के हाथ में आ गई।इसके बाद जवाहर लाल नेहरु के भतीजे अरुण कुमार नेहरु लगातार 2 बार यहां के सांसद रहे। साल 1989 और 1991 में कांग्रेस की शीला कौल ने यह पद संभाला। 1996 में दूसरी बार कांग्रेस यहां भारतीय जनता पार्टी के अशोक सिंह से हारी। अशोक सिंह लगातार 2 बार रायबरेली के सांसद रहे।

1999 में कांग्रेस फिर से यहां जीती और इस बार कैप्टन सतीश शर्मा यहां के सांसद की कुर्सी पर बैठे। 2004 में इंदिरा गांधी की बहु सोनिया गांधी ने भी इसी सीट से चुनाव लड़ने का फैसला किया और वो यहां भारी मतों से विजयी हुईं लेकिन साल 2006 में 'लाभ के पद' के विवाद के बाद रायबरेली की सांसद रहीं सोनिया गांधी ने लोकसभा की सदस्यता से इस्तीफ़ा दे दिया क्योंकि सोनिया संसद की सदस्य होने के साथ राष्ट्रीय सलाहकार परिषद की अध्यक्ष भी थीं, जिससे यहां 2006 में उपचुनाव हुआ जिसमें सोनिया गांधी ने दोबारा से इस सीट पर बड़ी जीत अर्जित की और तब से लेकर अब तक वो ही रायबरेली की सांसद हैं।

2009 और 2014 में समाजवादी पार्टी ने सोनिया गांधी के खिलाफ प्रत्याशी नहीं उतारा था। 2009 में सोनिया 3,72,000 से ज्यादा वोटों से चुनाव जीतीं थीं तो वहीं 2014 में सोनिया गांधी मोदी लहर के बाद भी 3,52,000 वोटों से चुनाव जीती थीं। अब तक हुए यहां 16 लोकसभा चुनावों और 3 उपचुनावों में कांग्रेस ने 16 बार जीत दर्ज की है। 1977 में भारतीय लोकदल और 1996, 1998 में बीजेपी ने इस सीट पर जीत दर्ज की, बीएसपी इस सीट पर अभी तक खाता नहीं खोल सकी है और एसपी लगातार 2 चुनावों से इस सीट पर प्रत्याशी नहीं उतार रही है।

सोनिया गांधी

सोनिया गांधी 2004 से इस सीट पर जीतती आ रही हैं। साल 2014 में जिस वक्त सोनिया गांधी यहां से जीती थीं तब वो अपनी पार्टी की अध्यक्ष थीं, लेकिन दिसम्बर 2017 में सोनिया गांधी की जगह राहुल गांधी कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष बनाए गए।

लखनऊ लोकसभा सीट परिचय- प्रमुख बातें

लखनऊ से केवल 82 किलोमीटर की दूरी पर स्थित रायबरेली शहर बहुत ही घना बसा हुआ है
मिनाक्षी दीक्षित, महावीर प्रसाद द्विवेदी, मालिक मोहम्मद जायसी और स्वप्निल सिंह जैसी हस्तियों का रायबरेली से ताल्लुक
राय बरेली 4,609 वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है और शहर की जनसंख्या 191,065 है
2014 के लोकसभा चुनाव में रायबरेली लोकसभा सीट में कुल 15,94,954 वोटर थे
8,25,142 लोगों ने वोट किया,जिसमें 4,37,762 पुरुष और 3,87,368 महिला मतदाता थीं।

2019 के लोकसभा चुनाव में देखना होगा कि जनता किसे चुनती है।

Notifications
Settings
Clear Notifications
Notifications
Use the toggle to switch on notifications
  • Block for 8 hours
  • Block for 12 hours
  • Block for 24 hours
  • Don't block
Gender
Select your Gender
  • Male
  • Female
  • Others
Age
Select your Age Range
  • Under 18
  • 18 to 25
  • 26 to 35
  • 36 to 45
  • 45 to 55
  • 55+