2016 में भारत से गायब हुईं 1.74 लाख लड़कियां: NCRB Report
नई दिल्ली। राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) के अपराध को लेकर जारी किए गए आंकड़ों के मुताबिक, 2016 में देश में महिलाएं और लड़कियां लड़कों के मुकाबले ज्यादा गायब हुई हैं। नाबालिग लड़कियां, नाबालिग लड़कों के मुकाबले ज्यादा गायब होती हैं। एनसीआरबी रिपोर्ट कहती है, गायब हुए कुल लोगों में 60 फीसदी महिलाएं हैं और इनमें से 24 फीसदी 18 साल से कम उम्र की हैं। गायब होने वाली 74 फीसदी महिलाओं की उम्र 18 से 60 साल के बीच है।

एनसीआरबी ने पहली बार दिया है गायब लोगों का डाटा
ये पहली बार है जब राष्ट्रीय अपराध रिकॉर्ड ब्यूरो (एनसीआरबी) ने देश में देशभर से गायब होने वाले लोगों का भी डाटा इकट्ठा किया है। डाटा के मुताबिक, 2016 में देश में 2.90 लाख लोगों के गायब होने के मामले सामने आए। इसमें से 1.74 लाख महिलाएं हैं। देश से 2016 में 18 साल से कम उम्र के 22,340 के लड़के गायब हुए, वहीं 18 साल से कम उम्र की लड़कियां इस वक्त में तकरीबन दोगुनी 41,067 गायब हुईं।

18-60 साल की उम्र की महिलाएं भी ज्यादा गायब हुईं
नाबालिग बच्चे ही नहीं 18-60 साल की उम्र का जो डाटा है, उसमें भी महिलाओं के ही गायब होने की बात सामने आई है। 18 साल से 60 साल की उम्र के 84,852 मर्द जबकि 1,28,944 औरतें गायब हुईं। डाटा कहता है कि गायब लड़कों में 19 फीसदी नाबालिग हैं। जबकि 60 फीसदी 18 से 60 की उम्र के। वहीं डाटा कहता है कि सीनियर सिटिजन के मामले में मर्द ज्यादा गायब होते हैं। 2016 में सीनियर सिटिजन में 9,266 मर्द गायब हुए जबकि 4,010 महिलाएं।

वेश्यावृति में धेकेले जाने के 7561 मामले
मानव तस्करी के 5,087 मामले जबकि 7,561 वेश्यावृति के मामले 2016 में दर्द हुए। एनसीआरबी के आंकड़ों के मुताबिक हत्या और महिलाओं के खिलाफ अपराध जैसे सर्वाधिक मामले 2016 में उत्तर प्रदेश में दर्ज हुए हैं। एनसीआरबी के आंकड़ों से देश में महिलाओं के साथ बलात्कार के मामले 12.4 फीसदी बढ़े हैं। 2015 में बलात्कार के 34,651 मामले दर्ज हुए थे, जिसकी तुलना में 2016 में 38,947 मामले दर्ज हुए।












Click it and Unblock the Notifications