Get Updates
Get notified of breaking news, exclusive insights, and must-see stories!

Monkeypox Prevention : मंकीपॉक्स का बढ़ा खतरा, जानिए इस वायरस से कैसे खुद को बचा सकते हैं?

मंकीपॉक्स के केस रिपोर्ट होने के बाद मंकीपॉक्स से बचाव को लेकर टिप्स जानने जरूरी हैं। जानिए मंकीपॉक्स वायरस से कैसे बचें। money pox prevention tips know ways to stay safe from Monkeypox virus

नई दिल्ली, 27 जुलाई : Monkeypox वायरस की रिपोर्ट आने के बाद मंकीपॉक्स से कैसे बचा जाए, इस बारे में गूगल सर्च किया जा रहा है। हालांकि, दूसरी बीमारियों की तरह मंकीपॉक्स से बचाव (monkeypox prevention) का पहला स्टेप है, पैनिक नहीं होना। इसके अलावा डॉक्टरों ने मंकीपॉक्स से बचने का क्या उपाय बताया है, जानिए Monkeypox पर वनइंडिया हिंदी की इस रिपोर्ट में।

मंकीपॉक्स तेजी से फैलने का आशंका

मंकीपॉक्स तेजी से फैलने का आशंका

जैसे-जैसे देश में मंकीपॉक्स के मामले बढ़ रहे हैं, इस वायरल जूनोटिक संक्रमण (Monkeypox viral zoonotic infection) से खुद को कैसे सुरक्षित रखा जाए, इसे लेकर चिंता बढ़ती जा रही है। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने पिछले सप्ताह मंकीपॉक्स को वैश्विक स्वास्थ्य आपातकाल घोषित किया था। दिल्ली, केरल और तेलंगाना में मंकीपॉक्स के मामले रिपोर्ट होने के बाद एक राज्य से दूसरे राज्य में मंकीपॉक्स मामले फैलने के भय की लहर देखी जा सकती है। हालांकि, सावधानियां बरत कर मंकीपॉक्स से प्रभावी तरीके से बचा जा सकता है।

Recommended Video

    Monkeypox in Delhi: दिल्ली में मिला Monkeypox का संदिग्ध केस | वनइंडिया हिंदी | *News
    WHO ने बताए मंकीपॉक्स से बचाव के उपाय

    WHO ने बताए मंकीपॉक्स से बचाव के उपाय

    संयुक्त राष्ट्र ने मंकीपॉक्स वायरस से खुद को बचाने के लिए कुछ तरीके बताए हैं। इसमें सबसे जरूरी सलाह ये है कि मंकीपॉक्स या पॉक्स जैसे किसी भी तरह के लक्षण या रैशेज दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। बिंदुवार संक्षेप में पढ़ें-

    • ऐसे लोगों से संपर्क सीमित करें, जो मंकीपॉक्स संक्रमित हैं या जिनकी ट्रैवल हिस्ट्री ऐसे देशों की है, जहां मंकीपॉक्स के कई मामलों की पुष्टि हो चुकी है।
    • जो लोग संक्रमित लोगों के साथ रहते हैं, उन्हें उन्हें खुद को क्वारंटीन या सेल्फ आइसोलेट होने के लिए प्रोत्साहित करें।
    • यदि संभव हो तो, त्वचा में किसी भी तरह की टूट या दरार (skin break or rashes) को कवर करें। (उदाहरण के लिए, दाने के ऊपर कपड़े पहनकर)।
    • संक्रमित व्यक्ति के करीब होने पर फेस मास्क पहनना जरूरी है।
    • अगर मंकीपॉक्स संक्रमित के पास हों और संक्रमित को खांसी आ रही हो या मुंह में छाले जैसी परेशानी हो तो मास्क जरूर पहनें।
    • संक्रमित व्यक्ति के कपड़े या बिस्तर को छूते समय डिस्पोजेबल दस्ताने पहनें। त्वचा से त्वचा का संपर्क न होने दें।
    Monkeypox में हैंडवॉश जरूरी

    Monkeypox में हैंडवॉश जरूरी

    • अपने हाथों को बार-बार साबुन और पानी से धोएं। अल्कोहल-आधारित हैंड सैनिटाइज़र का उपयोग भी कर सकते हैं।
    • संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने के बाद हैंड वॉश जरूर करें। ऐसा न करने पर संक्रमण तेजी से फैलने की आशंका होगी।
    • मंकॉपॉक्स संक्रमित व्यक्ति या मंकीपॉक्स के लक्षणों वाले व्यक्ति से जुड़े कपड़ों (चादरों और तौलियों सहित), या अन्य वस्तुओं या सतहों (जैसे बर्तन या बर्तन) को छूने से बचें। संपर्क में आने के बाद हैंडवॉश जरूरी।
    • दूषित सतहों को साफ और कीटाणुरहित करें। दूषित कचरे (जैसे मरीज की ड्रेसिंग के बाद का मेडिकल वेस्ट) सुरक्षित तरीके से नष्ट करें।
    • संक्रमित व्यक्ति के कपड़े, तौलिये, चादरें और खाने के बर्तनों को गर्म पानी और डिटर्जेंट से धोएं।
    इन तरीकों से मंकीपॉक्स संक्रमण का खतरा

    इन तरीकों से मंकीपॉक्स संक्रमण का खतरा

    मंकीपॉक्स एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति के संपर्क में और जानवर से दूसरे व्यक्ति के संपर्क में आने पर भी फैल सकता है। मनुष्यों के मामले में, आमने-सामने, त्वचा से त्वचा, मुँह से मुँह या मुँह से त्वचा के संपर्क में आने से मंकीपॉक्स संक्रमण का खतरा है। किसी मंकीपॉक्स संक्रमित व्यक्ति के संपर्क में आने से भी मंकीपॉक्स हो सकता है।

    Monkeypox Infection रोकने पर भारत सरकार

    Monkeypox Infection रोकने पर भारत सरकार

    भारत सरकार ने भी मंकीपॉक्स संक्रमण को लेकर दिशा-निर्देश जारी किए हैं। दिशा-निर्देश में निगरानी और नए मामलों की तेजी से पहचान पर जोर दिया गया है। मंकीपॉक्स संक्रमण रोकथाम और नियंत्रण (Monkeypox Infection Prevention and Control) में बताया गया है कि घर पर संक्रमित को अलग रखें। एम्बुलेंस से अस्पताल भेजने के तरीके भी बताए गए हैं। अतिरिक्त सावधानियां भी बताई गई हैं, जिनका ध्यान रखने की जरूरत है। आइसोलेशन का टाइम पीरियड भी बताया गया है।

    मंकीपॉक्स से बचाव में PPE किट

    मंकीपॉक्स से बचाव में PPE किट

    भारत सरकार के मुताबिक मंकीपॉक्स संक्रामक अवधि के दौरान किसी रोगी या उनकी दूषित सामग्री के साथ संपर्क में आने के बाद 21 दिनों की अवधि तक प्रतिदिन मंकीपॉक्स के लक्षणों की निगरानी की जानी चाहिए। सरकारी दिशा-निर्देश में मंकीपॉक्स वायरस से बचाव के उपायों के बारे में जागरूकता बढ़ाने और लोगों को शिक्षित करने की अपील भी की गई है। प्रमुख बिंदु हैं-

    • मंकीपॉक्स संक्रमित व्यक्ति की किसी भी सामग्री के संपर्क से बचना
    • संक्रमित रोगी को दूसरों से अलग यानी आइसोलेट करना। संक्रमित से भेदभाव न हो इसका ध्यान रखना जरूरी है।
    • हाथ की स्वच्छता का अभ्यास करना।
    • उचित व्यक्तिगत सुरक्षा उपकरण का उपयोग करना।
    • मरीजों की देखभाल करते समय पीपीई किट का इस्तेमाल करना।

    More From
    Prev
    Next
    Notifications
    Settings
    Clear Notifications
    Notifications
    Use the toggle to switch on notifications
    • Block for 8 hours
    • Block for 12 hours
    • Block for 24 hours
    • Don't block
    Gender
    Select your Gender
    • Male
    • Female
    • Others
    Age
    Select your Age Range
    • Under 18
    • 18 to 25
    • 26 to 35
    • 36 to 45
    • 45 to 55
    • 55+