गाजीपुर हिंसा पर पीयूष गोयल बोले- इस तरह की स्थिति पहली बार देखी गई
नई दिल्ली। रेल मंत्री पीयूष गोयल ने उत्तर प्रदेश के गाजीपुर में भीड़ द्वारा मारे गए पुलिस के एक जवान को लेकर बयान देते हुए कहा है कि कुछ शरारती तत्व इस प्रकार की हरकतों को अंजाम दे रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की रैली के बाद ड्यूटी से लौट रहे शनिवार को वाहनों पर हुए पथराव में एक पुलिसकर्मी की मौत हो गई थी। वहीं, दो पुलिसकर्मी इसमें जख्मी हुए थे। पिछले एक महीने में यह दूसरी घटना है, जब भीड़ ने पुलिसकर्मी की जान ली है। इस घटना के बाद सूबे के सीएम योगी आदित्यनाथ ने तुरंत मुआवजे की घोषणा कर दी।

उत्तर प्रदेश में बिगड़ते लॉ एंड ऑर्डर पर मीडिया से बात करते हुए केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने कहा कि लोगों ने मुझे बताया कि कुछ शरारती तत्व मिलकर इस प्रकार की घटना को अंजाम दे रहे हैं। उन्होंने कहा, 'इस तरह की स्थिति पहली बार देखी गई है। यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि बुलंदशहर और गाजीपुर की घटनाएं हुईं, कुछ लोग माहौल को बिगाड़ने की कोशिश कर रहे हैं।' बता दें कि भीड़ ने जिस हेडकांस्टेबल को मारा है उनका नाम सुरेश वत्स है।
इस घटना के बाद अब तक कुल 9 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है जिनसे पूछताछ की जा रही है। साथ ही नोनहारा पुलिस स्टेशन में 32 लोगों के खिलाफ पथराव के बाद एफआईआर दर्ज की गई है।
पुलिस का कहना है कि प्रदर्शनकारी निषाद पार्टी के थे और उन्होंने अपनी पार्टी के चार कार्यकर्ताओं को रिहा किए जाने की मांग के चलते सड़क जाम कर दिया था। जब पुलिस की टीम वहां लोगों को हटाने पहुंची तो प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पत्थर फेंकना शुरू कर दिया जिसमे पांच लोग घायल हो गए। घायलों में हेड कॉस्टेबल सुरेश वत्स भी शामिल थे जिनकी अस्पताल में मौत हो गई। वत्स के परिवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 40 लाख रुपए का मुआवजा देने का ऐलान किया है।
ये भी पढ़ें: Ghazipur: हेड कॉस्टेबल की मौत के बाद 9 गिरफ्तार, 32 के खिलाफ FIR दर्ज












Click it and Unblock the Notifications