Hariyali Teej 2021: 'घेवर' बिना अधूरा है हरियाली तीज का त्योहार, जानिए इस पर्व के स्पेशल फूड
नई दिल्ली, 11 अगस्त। पति की सलामती के लिए रखे जाना व्रत 'हरियाली तीज ' आज धूम-धूम से मनाया जा रहा है, आज के दिन सुबह से महिलाएं बिना पानी के व्रत हैं और वो शाम को 16 श्रृंगार करके शिव-पार्वती की पूजा करके और चांद को अर्घ्य देने के बाद ही अपना उपवास खोलेंगी। तीज की बात हो और घेवर की बात ना हो तो ऐसा कैसे हो सकता है।

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आपको बता दें कि ये पर्व मुख्य तौर पर राजस्थान में बड़े जोर-शोर से मनाया जाता है और इस राज्य में कोई भी पर्व 'घेवर' के बिना पूरा नहीं होता है इसलिए तीज पर खास तौर पर 'घेवर' बनाया जाता है। मालूम हो कि घेवर के अलावा इस दिन खीर, पूरी, हलवा, दाल बाटी, चूरमा, काजू बर्फी, जैसे मिष्ठान बनाएं जाते हैं। जहां राजस्थान में ये पकवान बनते हैं वहीं एमपी और यूपी में आज के दिन चावल के लड्डू, केले के पुए और रवे का हलवा बनाने का रिवाज है तो कहीं-कहीं आज के दिन पर लोग गुझिया भी बनाते हैं।
कुल मिलाकर ये पर्व प्रेम, आस्था और उल्लास का पर्व है, जो पति-पत्नी के रिश्ते को और मजबूत करता है। कहते हैं आज के दिन पूजा करने से महिला को अखंड सौभाग्यवती होने का वरदान प्राप्त होता है।
हरियाली तीज का शुभ मुहूर्त
10 अगस्त 2021 को शाम 6 बजकर 3 मिनट से शुरू होकर 11 अगस्त 2021 को शाम 5 बजकर 1 मिनट पर समाप्त होगी।
पहला मुहूर्त सुबह 4 बजकर 24 मिनट से 5 बजकर 17 मिनट तक
दूसरा मुहूर्त दोपहर 2 बजकर 30 मिनट से 3 बजकर 7 मिनट तक रहेगा।
शिव-पार्वती को प्रसन्न करने के मंत्र
- 'ऊँ साम्ब शिवाय नमः'
- ''ऊँ पार्वत्यै नमः
- 'ऊँ उमामहेश्वराभ्यां नमः''
- 'ऊँ गौरये नमः
- मुनि अनुशासन गनपति हि पूजेहु शंभु भवानि।
- कोउ सुनि संशय करै जनि सुर अनादि जिय जानि'।
- ऊँ ह्लीं वाग्वादिनी भगवती मम कार्य सिद्धि कुरु कुरु फट् स्वाहा।












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