इंटरनेट ना होने की वजह से डीलर ने नहीं दिया राशन, चार दिन तक भूख से तड़पकर बुजुर्ग की मौत
झारखंड: चार दिन से घर में नहीं था राशन, भूख से तड़पकर बुजुर्ग की मौत
नई दिल्ली। झारखंड के लातेहर में 65 साल के बुजुर्ग रामचरण मुंडा ने कथित तौर पर भूख से तड़पकर दम तोड़ दिया। मुंडा की बेटी का कहना है कि बीते तीन महीने उनको राशन नहीं मिला था। राशन लेने जाने पर डीलर का कहता था कि इंटरनेट ना होने की वजह से बायोमैट्रिक मशीन नहीं चल रही है। ऐसे में घर में अनाज नहीं था और बीते चार दिन से रामचरण ने कुछ नहीं खाया था। गुरुवार को उन्होंने भूख से दम तोड़ दिया। रामचरण लातेहार जिले के महुआडांड़ के दुरुप पंचायत के रहने वाले थे।

एसडीएम सुधीर कुमार का कहना है कि बुजुर्ग की मौत भूख से ही हुई है, ये अभी पता नहीं चल सका है। रामचरण को आयुष्मान भारत योजना, राशन कार्ड और पेंशन का लाभ मिल रहा था। कुमार ने बताया कि यहां इंटरनेट का कोई कनेक्शन नहीं है इसलिए अब हम लोग राशन के बिना इंटरनेट के ही बांटने पर काम कर रहे हैं।
रामचरण मुंडा की पत्नी चमरी देवी का कहना है कितीन दिन से घर पर खाने का एक दाना भी नहीं होने की वजह से पति की भूख से मौत हो गई। पड़ोस के लोगों ने सूचना मनरेगा के सहायता केंद्र में दी। सहायता केंद्र से के कर्मचारी ने रामचरण मुंडा के घर के हालात की जानकारी अनुमंडल पदाधिकारी को दी तो मृतक के परिजनों को 50 किलो अनाज और दाह संस्कार के लिए दो हजार रुपए फौरी मदद के तौर पर दिए गए।
सहायता केंद्र से के कर्मचारी ने इस बात की तस्दीक की कि जब वो रामचरण मुंडा के घर पहुंचे तो सभी लोग भूख से बेहाल थे और उनके यहां कई दिनों से चूल्हा नहीं जला था। गांव के लोगों ने बताया कि स्थानीय डीलर ने इंटरनेट ना होने और मशीन ना चलने की बात कहकर तीन महीने से राशन नहीं बांटा है।












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