जेट के 'चुनावी विमानों' को पार्किंग की दिक्कत, उड़ानें प्रभावित

कई चार्टर विमान परिचालकों ने कहा कि हालांकि चुनाव के कारण यह उनके लिए अच्छा दौर है, लेकिन पार्किंग के लिए कम होती जगह चिंता का एक प्रमुख विषय है। औद्योगिक आंकड़ों के मुताबिक देश भर में गैर-अधिसूचित विमानन सेवा के तहत फिलहाल करीब 520 विमान और हेलीकॉप्टर उड़ान भर रहे हैं और चुनावी मौसम में कारोबार का कुल आकार 350-400 करोड़ रुपए के बीच रह सकता है।
यह भी पढ़ें - बयानों का गलत 'चुनाव'
दिल्ली और मुंबई हवाईअड्डे जैसी जगहों पर समस्या अपेक्षाकृत अधिक है, क्योंकि इन विमानों के परिचालकों ने पिछले कुछ साल में गैर-अधिसूचित विमानन कंपनियों के लिए पार्किंग की जगह नहीं बढ़ाई।
गैर अधिसूचित परिचालकों के संगठन बिजनेस विमान परिचालक संघ (बीएओए) के सचिव आर के बाली ने कहा कि सरकारी नीतिगत ढांचा न होने के कारण क्षेत्र की वृद्धि बाधित हो रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि दिल्ली हवाईअड्डे पर पार्किंग की समस्या है।
उन्होंने कहा फिलहाल गैर-अधिसूचित परिचालक दिल्ली हवाईअड्डे पर सिर्फ 28-30 विमान पार्क कर सकते हैं जिसे कारोबार के आकार को ध्यान में रखते हुए तुरंत 50 विमान किया जा सकता है। यह समस्या वीआइपी नेताओं के लिए गंभीर साबित हो सकती है, ऐसे में उन्हें अपना कंफर्ट रोड-रेल मार्ग पर ही तलाशना पड़ सकता है।












Click it and Unblock the Notifications