Maldives India News: मालदीव के अफसरों को LBSNAA व SVPNPA में ट्रेनिंग भी देता है भारत, अब क्या होगा?
maldives officer Training in India : मालदीव की अर्थव्यवस्था ही नहीं बल्कि ब्यूरोक्रेसी भी भारत के भरोसे है। मालदीव में हर साल लाखों की संख्या में पर्यटक भेजने वाला भारत उनके अफसरों को भी अपने यहां ट्रेनिंग देता है।
दरअसल, भारत में संघ लोक सेवा आयोग की सिविल सेवा परीक्षा पास करने वालों का उनकी सर्विस कैडर आईएएस, आईपीएस, आईएफएफ व आईआरएस के रूप में LBSNAA व SVPNPA समेत कई जगहों पर ट्रेनिंग दी जाती है।

यह भी पढ़ें- 3 देशों के 8 पुलिस अफसरों ने बचाई भारतीय कर्नल की फैमिली, मालदीव के मो. नाजिम ने लगाई जान की बाजी
भारतीय अफसरों की तर्ज पर मालदीव में भी अफसर बनते हैं, मगर अपनी प्रशासनिक, पुलिस, राजस्व व विदेश सेवा के अफसरों के लिए स्तरीय प्रशिक्षण की माकूल व्यवस्था मालदीव के पास नहीं है। ऐसे में मालदीव अपने अफसरों को ट्रेनिंग के भारत के ट्रेनिंग संस्थानों में भेजता है।
भारत बड़ा देश होने के नाते पड़ोसी धर्म निभाते हुए अपने पड़ोस के छोटे देशों के अफसरों को भी प्रशिक्षण देता है। इस सूची में सिर्फ मालदीव ही नहीं बल्कि मॉरीशस, नेपाल, भूटान के अफसर भी शामिल हैं।

एक पुलिस अफसर बताते हैं कि हर साल मालदीव के औसतन 10 अफसर ट्रेनिंग लेने भारत आते हैं। ये अफसर मालदीव में भारत की आईएएस, आईपीएस, राजस्व व आईएफएस जैसे सर्विस के समकक्ष सर्विस से होते हैं। इनकी सर्विस कैडर के हिसाब से मसूरी स्थित LBSNAA व हैदराबाद स्थित SVPNPA भारत के आईएएस व आईपीएस अफसरों के साथ ट्रेनिंग मिलती है।
दरअसल, मालदीव में बड़ों अफसरों की नियुक्ति के लिए यूपीएससी की सिविल सेवा की तर्ज पर एग्जाम नहीं होती। वहां प्रशासनिक, पुलिस, विदेश व राजस्व सेवा में कार्यरत कर्मचारी ही प्रमोट होकर वरिष्ठ अफसर बनते हैं।
मालदीव से आने वाले अफसरों को स्थानीय स्तर की ट्रेनिंग तो अपने देश में ही मिल जाती है, मगर आधुनिक ट्रेनिंग भारत से ही लेनी पड़ती है। भारत में अफसरों की ट्रेनिंग काफी बेहतर है।
बता दें कि साल 1998 से, भारत ने मालदीव के पुलिस अधिकारियों को भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएस) प्रशिक्षण कार्यक्रम से प्रशिक्षित होने का अवसर दिया है। यह कार्यक्रम पुलिस अधिकारियों को जासूसी कार्य, फोरेंसिक विज्ञान, अपराध विज्ञान और पुलिसिंग में शामिल कई विषयों सहित विभिन्न विषयों में प्रशिक्षित करता है।
यह भी पढ़ें- भारतीय पर्यटकों के बायकॉट से डरा मालदीव, राष्ट्रपति मुइज्जू ने चीन से की और टूरिस्ट भेजने की मांग
पिछले दिनों पीएम नरेंद्र मोदी ने लक्ष्यद्वीप का दौरा किया। उसके बाद से भारतीय पर्यटकों ने भी मालदीव की बजाय लक्ष्यद्वीप की ओर रुख कर लिया। पीएम मोदी का लक्ष्यद्वीप दौरा मालदीव के पर्यटन की कमर तोड़ने का काम कर रहा है। ऐसे में दोनों देशों के बीच आपसी रिश्तों में मिठास कम हो रही है।
हालिया विवाद के बाद मालदीव के अफसरों को भारत में ट्रेनिंग मिलेगी कि नहीं? इस बारे में अभी दोनों ही देशों की ओर से कोई बयान नहीं आया है। ऐसे में माना जा सकता है कि मालदीव के अफसरों की भारत में ट्रेनिंग पर इस विवाद का कोई खास असर नहीं पड़ने वाला है।












Click it and Unblock the Notifications